गुरु ही शिष्य के जीवन को ज्ञान, संस्कार और सही दिशा प्रदान करते हैं: Sandeep Baldi
भीलवाड़ा । भारत विकास परिषद की सुभाष शाखा द्वारा गुरु वंदन-छात्र अभिनंदन कार्यक्रम का भव्य आयोजन किया गया। शाखा की ओर से क्षेत्र के सात विद्यालयों में आयोजित इस संस्कारमय कार्यक्रम में भारतीय गुरु-शिष्य परंपरा का सम्मान करते हुए गुरुजनों एवं मेधावी विद्यार्थियों का अभिनंदन किया गया। शाखा अध्यक्ष पंकज लोहिया ने बताया कि सातों विद्यालयों में आयोजित कार्यक्रमों में कुल 3,330 विद्यार्थियों ने सहभागिता की। समारोह के दौरान शिक्षा के क्षेत्र में उल्लेखनीय योगदान देने वाले 159 शिक्षकों तथा विभिन्न क्षेत्रों में उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले 29 मेधावी विद्यार्थियों को सम्मानित किया गया। कार्यक्रम के मुख्य वक्ता एवं भारत विकास परिषद के क्षेत्रीय महामंत्री संदीप बाल्दी ने कहा कि गुरु ही शिष्य के जीवन को ज्ञान, संस्कार और सही दिशा प्रदान करते हैं। उन्होंने कहा कि भारतीय संस्कृति में गुरु का स्थान सर्वाेच्च माना गया है और वर्तमान समय में युवाओं को अपने नैतिक मूल्यों तथा सांस्कृतिक विरासत से जोड़कर रखना अत्यंत आवश्यक है। ऐसे आयोजन विद्यार्थियों में गुरुजनों के प्रति सम्मान और संस्कारों के प्रति आस्था विकसित करते हैं। इस अवसर पर भारत विकास परिषद के राष्ट्रीय पदाधिकारी मुकेश लाठी, प्रांतीय पदाधिकारी शारदा चेचानी एवं महावीर सोनी सहित सुभाष शाखा के दिनेश शारदा, मदन खटोड़, रामप्रकाश अग्रवाल, आशा दरगड़, गुणमाला अग्रवाल, मधु लढा, उषा सोमानी, रीता गोयल, आशा डाड, अध्यक्ष पंकज लोहिया, कोषाध्यक्ष सुरेश रावत तथा गुरु वंदन कार्यक्रम के प्रभारी कैलाश सोमानी, सुनीता शारदा, मनोज गोयल एवं हर्षवर्धन राव सहित शाखा के अनेक पदाधिकारी उपस्थित रहे। कार्यक्रम में शिक्षकगण, विद्यार्थियों एवं अभिभावकों की उत्साहपूर्ण भागीदारी रही। सभी ने इस आयोजन को भारतीय संस्कृति एवं गुरु-शिष्य परंपरा के संरक्षण की दिशा में महत्वपूर्ण पहल बताते हुए इसकी सराहना की।