बेंगलुरु: विधान परिषद में बेंगलुरु टीचर्स निर्वाचन क्षेत्र से NDA उम्मीदवार के तौर पर JDS नेता AP रंगनाथ मैदान में हैं। विपक्ष के नेता R अशोक ने शुक्रवार को उनके लिए समर्थन जुटाने के मकसद से कैंपेन शुरू किया और शिक्षकों व स्कूल मैनेजमेंट कमिटी के सदस्यों से मुलाकात की।
अशोक ने व्यक्तिगत रूप से पद्मनाभनगर विधानसभा क्षेत्र के कई स्कूलों का दौरा किया। उन्होंने शिक्षकों और कमिटी सदस्यों से हाथ मिलाया, नमस्ते करके उनका अभिवादन किया और रंगनाथ के लिए वोट मांगे। उन्होंने रंगनाथ को एक ऐसे उम्मीदवार के तौर पर पेश किया जो शिक्षकों के हितों का प्रतिनिधित्व करेंगे और परिषद में उनकी आवाज़ बनेंगे।
इस तरह के संपर्क अभियान से पता चलता है कि BJP इस सीट को कितनी अहमियत दे रही है, जबकि इस सीट पर पार्टी खुद नहीं, बल्कि उसका सहयोगी दल चुनाव लड़ रहा है।
BJP के राष्ट्रीय महासचिव हरीश D और राज्य प्रभारी भी कर्नाटक पहुँच चुके हैं। पार्टी के अंदरूनी सूत्रों का कहना है कि मुख्य सवाल यह है कि क्या BJP समर्थक वोटर असल में JDS उम्मीदवार का 100% समर्थन करेंगे या नहीं।
ग्रेजुएट्स और टीचर्स निर्वाचन क्षेत्रों में वोटर्स की संख्या कम होती है और उनकी अपनी राय होती है। यहाँ उम्मीदवारों के पर्सनल नेटवर्क, शिक्षक संघों और मैनेजमेंट लॉबी का असर अक्सर पार्टी के प्रति वफ़ादारी से ज़्यादा होता है। राजनीतिक विश्लेषक बीएस मूर्ति ने कहा, "सहयोगी दलों के बीच वोट ट्रांसफर कभी भी अपने-आप नहीं होता, और इन निर्वाचन क्षेत्रों में यह देखना होगा कि यह कितना असरदार है। इन चुनावों में बीजेपी से जेडीएस में वोट ट्रांसफर का कोई पक्का 'स्ट्राइक रेट' किसी के पास नहीं है।