श्रीनगर। जम्मू-कश्मीर के कुलगाम जिले में हुए आतंकी हमले में दो मजदूरों की मौत के बाद मुख्यमंत्री उमर अब्दुल्ला ने गहरा दुख और आक्रोश व्यक्त किया है। मुख्यमंत्री ने बेकसूर लोगों की हत्या की कड़े शब्दों में निंदा करते हुए पीड़ित परिवारों के प्रति संवेदना जताई है। उन्होंने शोक संतप्त परिवारों को सहायता उपलब्ध कराने के लिए आर्थिक पैकेज की घोषणा की है।
मुख्यमंत्री कार्यालय की ओर से सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर जानकारी साझा करते हुए बताया गया कि उमर अब्दुल्ला ने इस घटना को बेहद दुखद और अमानवीय बताया है। उन्होंने कहा कि निर्दोष नागरिकों को निशाना बनाकर की गई हिंसा किसी भी स्थिति में स्वीकार नहीं की जा सकती।
कुलगाम जिले में हुए इस हमले में दो मजदूरों की मौत हो गई थी। घटना के बाद पूरे इलाके में सुरक्षा व्यवस्था कड़ी कर दी गई है। सुरक्षाबलों ने हमले में शामिल आतंकियों की तलाश के लिए अभियान शुरू कर दिया है।
मुख्यमंत्री उमर अब्दुल्ला ने कहा कि इस कठिन समय में सरकार पीड़ित परिवारों के साथ खड़ी है। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए हैं कि प्रभावित परिवारों को हर संभव सहायता उपलब्ध कराई जाए और उन्हें किसी तरह की परेशानी का सामना न करना पड़े।
सीएम कार्यालय की ओर से जारी जानकारी के अनुसार, पीड़ित परिवारों के लिए बड़े वित्तीय पैकेज की घोषणा की गई है। हालांकि, पैकेज की विस्तृत जानकारी और राशि का आधिकारिक विवरण अलग से जारी किया जाना है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि आतंक और हिंसा का सबसे ज्यादा असर आम लोगों पर पड़ता है। उन्होंने निर्दोष लोगों की हत्या को कायरतापूर्ण कृत्य बताते हुए कहा कि ऐसी घटनाओं से समाज में भय और असुरक्षा का माहौल पैदा होता है।
घटना के बाद जम्मू-कश्मीर प्रशासन और सुरक्षा एजेंसियां सक्रिय हो गई हैं। संवेदनशील इलाकों में सुरक्षा बढ़ा दी गई है और संदिग्ध गतिविधियों पर नजर रखी जा रही है। अधिकारियों का कहना है कि हमले के दोषियों को पकड़ने के लिए हर संभव प्रयास किए जा रहे हैं।
कुलगाम और आसपास के क्षेत्रों में रहने वाले लोगों ने भी इस घटना पर दुख और नाराजगी जताई है। स्थानीय लोगों का कहना है कि मेहनत-मजदूरी करने वाले लोगों को निशाना बनाना बेहद दुर्भाग्यपूर्ण है।
मुख्यमंत्री ने पीड़ित परिवारों को भरोसा दिलाया है कि सरकार उनके साथ खड़ी है और उन्हें हर जरूरी मदद दी जाएगी। उन्होंने प्रशासन को राहत और पुनर्वास से जुड़े कदम तेजी से उठाने के निर्देश दिए हैं।
जम्मू-कश्मीर में बाहरी राज्यों से आए मजदूर और कामगार विभिन्न क्षेत्रों में काम करते हैं। समय-समय पर आतंकी संगठनों द्वारा आम नागरिकों को निशाना बनाए जाने की घटनाएं सामने आती रही हैं, जिन्हें लेकर प्रशासन सुरक्षा उपायों को मजबूत करता रहा है।
उमर अब्दुल्ला ने अपने संदेश में शांति और भाईचारे बनाए रखने की अपील भी की है। उन्होंने कहा कि हिंसा से किसी समस्या का समाधान नहीं हो सकता और निर्दोष लोगों की जान लेना मानवता के खिलाफ अपराध है।
इस घटना के बाद राजनीतिक और सामाजिक स्तर पर भी प्रतिक्रियाएं सामने आ रही हैं। विभिन्न नेताओं ने मजदूरों की हत्या की निंदा करते हुए दोषियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की मांग की है।
फिलहाल सुरक्षा बल इलाके में अभियान चला रहे हैं और प्रशासन पीड़ित परिवारों तक सहायता पहुंचाने की प्रक्रिया में जुटा है। मुख्यमंत्री की ओर से घोषित आर्थिक मदद का उद्देश्य पीड़ित परिवारों को इस मुश्किल समय में आर्थिक सहारा देना है।
कुलगाम की इस घटना ने एक बार फिर जम्मू-कश्मीर में आम नागरिकों की सुरक्षा को लेकर चिंता बढ़ा दी है। प्रशासन का कहना है कि निर्दोष लोगों की सुरक्षा सर्वोच्च प्राथमिकता है और हिंसा फैलाने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।