Jammu.जम्मू: केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री डॉ. जितेंद्र ने हाल ही में जीएमसी (गवर्नमेंट मेडिकल कॉलेज) उधमपुर का दौरा किया और हाल ही में हुई दुर्घटना के पीड़ितों को प्रदान किए गए मेडिकल इलाज का जायजा लिया। इस दौरे का उद्देश्य मरीजों की स्थिति का प्रत्यक्ष अवलोकन करना और अस्पताल प्रशासन से उपचार सुविधाओं और स्वास्थ्य सेवाओं की गुणवत्ता पर चर्चा करना था।
डॉ. जितेंद्र ने अस्पताल पहुंचकर सबसे पहले गंभीर रूप से घायल मरीजों का हालचाल जाना और डॉक्टरों से उनके उपचार की स्थिति के बारे में जानकारी ली। उन्होंने यह सुनिश्चित किया कि सभी पीड़ितों को समय पर और प्रभावी इलाज मिल रहा है।
इस अवसर पर केंद्रीय मंत्री ने अस्पताल प्रशासन से मरीजों के लिए उपलब्ध सुविधाओं, आपातकालीन सेवाओं और मेडिकल स्टाफ की पर्याप्त संख्या के बारे में विस्तृत जानकारी ली। उन्होंने कहा कि मरीजों के स्वास्थ्य और सुरक्षा को सर्वोच्च प्राथमिकता दी जानी चाहिए।
डॉ. जितेंद्र ने अस्पताल कर्मियों को निर्देश दिए कि दुर्घटना पीड़ितों को न केवल वर्तमान में प्रभावी उपचार मिले, बल्कि उनकी दीर्घकालिक स्वास्थ्य जरूरतों का भी ध्यान रखा जाए। उन्होंने कहा कि इस तरह की घटनाओं के बाद त्वरित और सक्षम इलाज जीवन बचाने में निर्णायक भूमिका निभाता है।
अस्पताल के अधिकारी और डॉक्टरों ने बताया कि सभी पीड़ितों को उचित चिकित्सा देखभाल मिल रही है और उपचार में किसी प्रकार की कमी नहीं है। उन्होंने केंद्रीय मंत्री को यह भी बताया कि अस्पताल में आवश्यक संसाधनों और उपकरणों की उपलब्धता सुनिश्चित की गई है।
डॉ. जितेंद्र ने कहा कि यह दौरा स्वास्थ्य सेवाओं की गुणवत्ता और मरीजों की भलाई को लेकर सरकार की प्रतिबद्धता को दर्शाता है। उन्होंने भविष्य में अस्पताल में स्वास्थ्य सेवाओं में सुधार और मरीज-केंद्रित उपायों को और मजबूत करने की दिशा में सुझाव दिए।
स्थानीय नागरिकों और मरीजों के परिजनों ने केंद्रीय मंत्री के दौरे का स्वागत किया। उनका कहना था कि इस दौरे से उन्हें विश्वास मिला कि उनकी देखभाल और उपचार को गंभीरता से लिया जा रहा है।
कुल मिलाकर, डॉ. जितेंद्र का जीएमसी उधमपुर दौरा न केवल दुर्घटना पीड़ितों के उपचार की समीक्षा का अवसर था, बल्कि यह स्वास्थ्य सेवाओं में गुणवत्ता, तत्परता और मरीजों की सुरक्षा को सुनिश्चित करने की दिशा में सरकार की गंभीरता को भी प्रदर्शित करता है।