CM के मीडिया सलाहकार के बेटे के अपहरण की साज़िश का मास्टरमाइंड गिरफ़्तार
Himachal Pradesh.हिमाचल प्रदेश: शिमला पुलिस ने मंगलवार को मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू के मीडिया सलाहकार नरेश चौहान के बेटे को अगवा करने और लूटने की कोशिश के मास्टरमाइंड को गिरफ्तार कर लिया। पुलिस ने उसके पास से करीब 10 कारतूस भी बरामद किए हैं। आरोपी की पहचान मनीष वर्मा उर्फ मनु (46) के रूप में हुई है, जो शिमला जिले की ठियोग उप-मंडल के जघेरी गांव का रहने वाला है। वह फिलहाल शिमला के भट्टाकुफर में रह रहा था और प्रॉपर्टी डीलर व ठेकेदार के तौर पर काम कर रहा था।
पुलिस ने बताया कि 20 मार्च को नरेश चौहान के बेटे आर्यन चौहान ने शिकायत दर्ज कराई थी कि कुछ अज्ञात लोग, जो एक कार में सवार थे, जब वह शिमला जा रहा था, तो तारापुर गांव के पास उसे लूटने और अगवा करने के इरादे से बंदूक और एक लोहे की रॉड लेकर उसके पास आए। हालांकि, आर्यन के अपनी गाड़ी से कूदकर भाग जाने के बाद आरोपी फरार हो गए।
पुलिस ने मामला दर्ज किया और बाद में उस लावारिस कार को जब्त कर लिया, जिसमें आरोपी सवार थे। जैसे-जैसे जांच आगे बढ़ी, पुलिस ने अपराध में शामिल दो लोगों की पहचान की, जिनके नाम नारकंडा निवासी ताशी नेगी और संजौली निवासी चरणजीत सिंह हैं, और उन्हें 23 मार्च को गिरफ्तार कर लिया। जांच के दौरान पुलिस को पता चला कि मनु ही इस अपराध की कोशिश का मास्टरमाइंड था। वह आर्यन की गतिविधियों और उसकी दिनचर्या पर नज़र रख रहा था और बाद में अपने दो साथियों की मदद से उसे अगवा करने की योजना बनाई।
मनु एक हिस्ट्री-शीटर है और उसके खिलाफ कई मामले दर्ज हैं, जिनमें NPDS एक्ट के तहत दर्ज एक मामला भी शामिल है। 3 जनवरी, 2006 को मनु को ढल्ली से 830 ग्राम चरस के साथ गिरफ्तार किया गया था। 20 अप्रैल, 2009 को ठियोग में उसके खिलाफ एक और मामला दर्ज किया गया था, जिसमें उसने एक चौकीदार को बांधकर लकड़ी चुराई थी। 14 दिसंबर, 2021 को शिमला जिले के देहा क्षेत्र में उसके खिलाफ अपहरण और मारपीट का मामला दर्ज किया गया था। पुलिस ने बताया कि जांच जारी है और आरोपी से पूछताछ की जा रही है।