Himachal Pradesh.हिमाचल प्रदेश: हिमाचल प्रदेश में मौसम ने अचानक करवट बदल दी है। राज्य के विभिन्न हिस्सों में बारिश और ओलों की गतिविधियाँ देखी गई हैं, जिससे किसानों और स्थानीय लोगों के बीच सतर्कता की लहर दौड़ गई है। मौसम विभाग ने आगामी 7 मई तक राज्य के अधिकांश जिलों में मौसम का अलर्ट जारी किया है। मौसम विज्ञान केंद्र शिमला के अनुसार, पहाड़ी क्षेत्रों में गरज-चमक के साथ तेज बारिश और ओले गिरने की संभावना है। विशेष रूप से मंडी, कांगड़ा, कुल्लू और चंबा जिलों में किसानों को सतर्क रहने की सलाह दी गई है, क्योंकि फसलों और बागवानी की फसलों को नुकसान पहुँच सकता है। मौसम विभाग ने कहा कि आगामी दिनों में हवा की गति और आर्द्रता के कारण बारिश स्थानीय स्तर पर अधिक तीव्र हो सकती है। उन्होंने लोगों से अपील की है कि वे खुले क्षेत्रों में अतिरिक्त सावधानी बरतें और खतरनाक जगहों पर वाहन चलाने से बचें।
स्थानीय प्रशासन ने भी सतर्कता बढ़ा दी है। विशेष रूप से उच्च क्षेत्रों में सड़क मार्ग और पर्यटन स्थलों पर नजर रखी जा रही है। अधिकारियों ने कहा कि यदि जरूरत पड़ी, तो आपातकालीन राहत टीमें सक्रिय की जाएंगी। कृषि विशेषज्ञों ने किसानों से अनुरोध किया है कि वे अपने फसलों की सुरक्षा के लिए आवश्यक उपाय करें। ओले और अचानक बारिश से फल, सब्जियां और मक्का जैसी फसलों पर असर पड़ सकता है। किसान अपने खेतों में तंबू, कवर या अन्य सुरक्षा उपाय अपनाकर नुकसान को कम कर सकते हैं। मौसम विभाग ने यह भी चेतावनी दी है कि अगले कुछ दिनों में पहाड़ी इलाकों में भूस्खलन और जलभराव की संभावना भी बनी हुई है। उन्होंने लोगों से सुरक्षित जगहों पर रहने और बारिश के दौरान नदी या नालों के पास जाने से बचने का आग्रह किया। राज्य में मौसम के इस बदलाव से पर्यटन और दैनिक जीवन प्रभावित हो सकता है। प्रशासन ने लोगों से सलाह दी है कि वे सड़क मार्गों और यातायात की स्थिति पर अपडेट लेते रहें और अनावश्यक यात्रा टालें।