बीज एवं कृषि विकास निगम ने 256 कृषकों को किया 84.21 लाख रूपए का अंतिम भुगतान
छग
Durg. दुर्ग। छत्तीसगढ़ राज्य बीज एवं कृषि विकास निगम लिमिटेड, रुआबाँधा दुर्ग ने रबी 2024-25 के दौरान 256 बीज उत्पादक कृषकों से उपार्जित बीजों का अंतिम भुगतान आज उनके खातों में ट्रांसफर किया। बीज निगम ने बताया कि कृषकों से प्राप्त बीजों की कुल मानक पाई गई मात्रा 4410.75 क्विंटल थी, जिसमें गेंहूं, चना, तिवड़ा, सरसों, कुसुम और अलसी शामिल हैं। इस राशि का पहला अग्रिम भुगतान 1.84 करोड़ रुपए पहले ही किया जा चुका था। अब अंतिम किस्त के रूप में 84,21,542 रुपए कृषकों के खातों में ट्रांसफर किए गए हैं। बीज प्रबंधक एस.के. बेहरा ने बताया कि यह कदम किसानों के हित में किया गया है ताकि उनके आर्थिक सहयोग और कृषि उत्पादन में सुचारू प्रगति बनी रहे।
बीज निगम ने बताया कि अभी तक विभिन्न समितियों में कुल 1121.20 क्विंटल बीज भंडारित किया जा चुका है। इसमें प्रमुख बीजों की मात्रा इस प्रकार है: गेंहूं 352.40 क्विंटल, चना 661.20 क्विंटल, सरसों 16.40 क्विंटल और तिवड़ा 91.20 क्विंटल। ये बीज किसानों की मांग और कृषि उत्पादन को देखते हुए क्रमबद्ध रूप से भंडारण किए गए हैं। अभी भी निगम के पास 3268.78 क्विंटल बीज उपलब्ध हैं, जिन्हें मांग के अनुरूप भंडारित किया जा रहा है। इस वर्ष की कुल मांग 10,123 क्विंटल है, और बीज निगम ने इसे पूरा करने की प्रगति सुनिश्चित की है। निगम का लक्ष्य है कि सभी किसानों को समय पर गुणवत्तापूर्ण बीज उपलब्ध कराए जाएं, जिससे रबी सीजन की फसल उत्पादन में वृद्धि हो।
बीज प्रबंधक एस.के. बेहरा ने कहा कि बीज निगम लगातार किसानों की सुविधा और कृषि क्षेत्र में सुधार के लिए काम कर रहा है। उन्होंने यह भी कहा कि बीज की गुणवत्ता और समय पर वितरण को सुनिश्चित करने के लिए सभी समितियों में निगरानी रखी जा रही है। स्थानीय कृषि विशेषज्ञों का मानना है कि बीज निगम की यह पहल किसानों को आर्थिक और कृषि दृष्टि से मजबूत बनाएगी। किसानों का कहना है कि समय पर भुगतान और बीज की उपलब्धता से उन्हें उत्पादन और लाभ में संतुलन बनाने में मदद मिलेगी। इस प्रकार, दुर्ग में छत्तीसगढ़ राज्य बीज एवं कृषि विकास निगम की सक्रियता ने यह सुनिश्चित किया है कि रबी 2024-25 के दौरान किसानों की बीज आपूर्ति सुचारू रूप से हो और कृषि क्षेत्र में उत्पादकता में सुधार आए।