ऑपरेशन आघात के तहत बड़ी कार्रवाई, 15 लीटर महुआ शराब के साथ महिला गिरफ्तार
छग
Raigarh. रायगढ़। छत्तीसगढ़ के रायगढ़ जिले में अवैध शराब के खिलाफ चलाए जा रहे “ऑपरेशन आघात” के तहत पुलिस ने एक बड़ी कार्रवाई की है। चौकी जोबी पुलिस ने ग्राम जोबी में दबिश देकर अवैध महुआ शराब के साथ एक महिला को गिरफ्तार किया है। आरोपी महिला के कब्जे से कुल 15 लीटर महुआ शराब जब्त की गई है। यह कार्रवाई वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक शशि मोहन सिंह के दिशा-निर्देशन में की गई, जिसके तहत जिले में अवैध शराब के निर्माण, बिक्री और परिवहन के खिलाफ लगातार अभियान चलाया जा रहा है। पुलिस की टीम गांव-गांव जाकर न केवल कार्रवाई कर रही है, बल्कि लोगों को अवैध शराब के दुष्परिणामों को लेकर जागरूक भी कर रही है। जानकारी के अनुसार चौकी प्रभारी जोबी सहायक उप निरीक्षक लक्ष्मी राठौर अपनी टीम के साथ क्षेत्र में नियमित गश्त और अभियान चला रही थीं। इसी दौरान पुलिस को सूचना मिली कि ग्राम जोबी के जवाहर मोहल्ला में रहने वाली नोनी बाई डनसेना (52 वर्ष), अपने घर पर अवैध रूप से महुआ शराब बनाकर उसकी बिक्री कर रही है। सूचना मिलते ही पुलिस टीम ने तत्काल मौके पर पहुंचकर दबिश दी। जैसे ही पुलिस मौके पर पहुंची। वहां मौजूद कुछ शराब पीने वाले लोग भाग निकले।
जबकि आरोपी महिला अपने घर में शराब बेचते हुए पकड़ी गई। पूछताछ के दौरान महिला ने अवैध रूप से महुआ शराब बनाने और बेचने की बात स्वीकार की। पुलिस ने मौके से 20 लीटर क्षमता वाले डिब्बे में भरा 10 लीटर और एक जरीकेन में रखा 5 लीटर महुआ शराब बरामद किया, जिससे कुल 15 लीटर शराब जब्त की गई। जब्त शराब की अनुमानित कीमत लगभग 3,000 रुपये बताई गई है। पुलिस ने जब्त शराब को गवाहों की मौजूदगी में सील किया और आरोपी महिला के खिलाफ कानूनी कार्रवाई शुरू की। उसके खिलाफ चौकी जोबी, थाना खरसिया में धारा 34(2), 59(क) छत्तीसगढ़ आबकारी अधिनियम के तहत मामला दर्ज किया गया। इसके बाद आरोपी महिला को विधिवत गिरफ्तार कर न्यायिक रिमांड पर भेज दिया गया है। पुलिस का कहना है कि इस तरह की अवैध गतिविधियों पर सख्त निगरानी रखी जा रही है और किसी भी हालत में अवैध शराब कारोबार को बढ़ावा नहीं दिया जाएगा। पुलिस अधिकारियों के अनुसार “ऑपरेशन आघात” का उद्देश्य जिले में अवैध शराब के नेटवर्क को पूरी तरह खत्म करना है। इसके तहत लगातार छापेमारी की जा रही है और ग्रामीण इलाकों में जागरूकता अभियान भी चलाया जा रहा है, ताकि लोग अवैध शराब से होने वाले सामाजिक और स्वास्थ्य नुकसान को समझ सकें। स्थानीय स्तर पर पुलिस की इस कार्रवाई की सराहना भी की जा रही है। ग्रामीणों का कहना है कि इस तरह की कार्रवाई से गांवों में अवैध शराब की बिक्री पर रोक लगेगी और माहौल में सुधार आएगा। पुलिस ने साफ किया है कि अभियान आगे भी जारी रहेगा और अवैध शराब बनाने या बेचने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।