Surajpur. सूरजपुर। भटगांव विधानसभा क्षेत्र के ग्राम सिलफिली में प्रस्तावित उद्यानिकी महाविद्यालय के लिए गुरुवार को मदनपुर स्थित शासकीय भूमि का सीमांकन प्रशासन द्वारा पुलिस बल की कड़ी सुरक्षा के बीच कराया गया। संभावित विरोध को देखते हुए प्रशासन ने पहले से ही व्यापक सुरक्षा व्यवस्था की थी, हालांकि पूरी कार्रवाई शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न हुई और किसी प्रकार का विवाद सामने नहीं आया। जानकारी के अनुसार प्रस्तावित उद्यानिकी महाविद्यालय के लिए कुल 100 एकड़ भूमि की आवश्यकता है। शासन द्वारा अब तक मदनपुर में 37 एकड़ और ग्राम करवा में 45 एकड़ भूमि आवंटित की जा चुकी है, जिससे कुल 82 एकड़ भूमि उपलब्ध हो गई है। शेष 18 एकड़ भूमि की तलाश और चिन्हांकन की प्रक्रिया अभी जारी है।
मदनपुर क्षेत्र में आवंटित 37 एकड़ भूमि पर लंबे समय से कुछ ग्रामीण परिवार मकान बनाकर रह रहे हैं, जबकि कई लोग वहां कृषि कार्य भी कर रहे हैं। प्रशासन ने इन अतिक्रमणकारियों को जनवरी 2025 में ही भूमि खाली करने का नोटिस जारी कर दिया था, लेकिन स्थानीय विरोध के कारण पिछले लगभग डेढ़ वर्ष से सीमांकन की प्रक्रिया पूरी नहीं हो पा रही थी। गुरुवार को जब सीमांकन की कार्रवाई शुरू की गई तो पूर्व विधायक एवं पूर्व संसदीय सचिव पारसनाथ राजवाड़े, जिला पंचायत सदस्य नरेंद्र यादव और कांग्रेस की पूर्व जिलाध्यक्ष भगवती राजवाड़े मौके पर पहुंचे। उन्होंने बारिश के मौसम को देखते हुए कार्रवाई स्थगित करने की मांग की।
इस पर प्रशासनिक अधिकारियों ने स्पष्ट किया कि वर्तमान में केवल सीमांकन की प्रक्रिया की जा रही है, जबकि वास्तविक बेदखली की कार्रवाई बारिश समाप्त होने के बाद ही की जाएगी। अधिकारियों के इस आश्वासन के बाद जनप्रतिनिधियों और ग्रामीणों की मौजूदगी में सीमांकन कार्य और पोल-खंभे लगाने की प्रक्रिया पूरी कर ली गई। लटोरी तहसीलदार सुरेंद्र पैकरा ने बताया कि महाविद्यालय के लिए अब तक 82 एकड़ भूमि का आवंटन हो चुका है। शेष 18 एकड़ भूमि को चिन्हित करने की प्रक्रिया तेजी से चल रही है। उन्होंने यह भी बताया कि जिन लोगों ने शासकीय भूमि पर अतिक्रमण किया है, उन्हें पूर्व में नोटिस जारी किया जा चुका है।
प्रशासन के अनुसार बारिश के बाद अतिक्रमण हटाने की कार्रवाई की जाएगी और इसके बाद पूरी भूमि को औपचारिक रूप से महाविद्यालय के लिए हस्तांतरित किया जाएगा। इससे क्षेत्र में उच्च शिक्षा के नए अवसर उपलब्ध होंगे और उद्यानिकी शिक्षा को बढ़ावा मिलेगा। सीमांकन के दौरान सुरक्षा व्यवस्था को मजबूत बनाए रखने के लिए एसडीएम शिवानी जायसवाल, तहसीलदार सुरेंद्र पैकरा, एसडीओपी अभिषेक पैकरा सहित विभिन्न थाना और चौकियों के पुलिस बल के जवान तैनात रहे। पूरे दिन अधिकारी और सुरक्षा बल मौके पर मौजूद रहे ताकि किसी भी प्रकार की अप्रिय स्थिति उत्पन्न न हो। प्रशासन का कहना है कि परियोजना के पूरा होने से क्षेत्र में शिक्षा के क्षेत्र में बड़ा विकास होगा और युवाओं को कृषि एवं उद्यानिकी क्षेत्र में बेहतर अवसर प्राप्त होंगे।
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