Raipur. रायपुर। खाद्य सुरक्षा टीम ने भाटापारा और दामाखेड़ा क्षेत्र में औचक निरीक्षण कर खाद्य पदार्थों की गुणवत्ता और साफ-सफाई की जांच की। इस दौरान कई अनियमितताएं सामने आने पर संबंधित दुकानदारों और संस्थानों के खिलाफ कार्रवाई की गई। दामाखेड़ा में स्थित साहू होटल एवं स्वीट्स में निरीक्षण के दौरान खाद्य पदार्थों को ढंककर न रखने और फ्रिज में गंदगी पाए जाने पर खाद्य सुरक्षा मानक अधिनियम की धारा 55 के तहत नोटिस जारी किया गया। अधिकारियों ने मौके पर साफ-सफाई व्यवस्था सुधारने के निर्देश दिए।
वहीं भाटापारा शहर में आयुष डेयरी और पटेल डेयरी दतरेंगी का भी औचक निरीक्षण किया गया। निरीक्षण के दौरान पटेल डेयरी से मलाई क्रीम का नमूना लिया गया, जिसे जांच के लिए राज्य खाद्य परीक्षण प्रयोगशाला भेजा गया है। विभागीय अधिकारियों के अनुसार जांच रिपोर्ट आने के बाद आगे की कार्रवाई की जाएगी। इसके अलावा खाद्य सुरक्षा विभाग ने पूर्व महीनों में लिए गए नमूनों की भी समीक्षा की। इस दौरान भाटापारा स्थित अविनाश पोहा इंडस्ट्रीज के पैक्ड पोहा और शीतल इंडस्ट्रीज के पैक्ड बेसन को लेकर महत्वपूर्ण जानकारी सामने आई है। जांच में पाया गया कि इन उत्पादों में पोषण संबंधी जानकारी पूर्ण रूप से उपलब्ध नहीं थी, जिसके चलते इन्हें मिथ्याछाप घोषित किया गया है।
अधिकारियों ने बताया कि खाद्य सुरक्षा मानक अधिनियम के लेबलिंग और डिस्प्ले रेगुलेशन 2020 के तहत सभी पैक्ड खाद्य उत्पादों पर पोषण संबंधी पूर्ण और स्पष्ट जानकारी देना अनिवार्य है। नियमों का पालन न करने पर उत्पादों को गलत या भ्रामक श्रेणी में माना जाता है। खाद्य सुरक्षा विभाग ने स्पष्ट किया है कि इस तरह की जांच आगे भी जारी रहेगी और नियमों का उल्लंघन करने वाले व्यापारियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी। विभाग का उद्देश्य आम जनता को सुरक्षित और मानक गुणवत्ता वाला खाद्य पदार्थ उपलब्ध कराना है।
स्थानीय स्तर पर इस कार्रवाई के बाद खाद्य व्यापारियों में हड़कंप की स्थिति देखी गई है। कई दुकानदारों ने तुरंत अपनी दुकानों में साफ-सफाई और लेबलिंग व्यवस्था को सुधारने की प्रक्रिया शुरू कर दी है। विभागीय अधिकारियों का कहना है कि नियमित निरीक्षण से खाद्य सुरक्षा सुनिश्चित की जाएगी और किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। उपभोक्ताओं से भी अपील की गई है कि वे पैक्ड खाद्य पदार्थ खरीदते समय लेबल और गुणवत्ता की जानकारी जरूर जांचें। इस कार्रवाई के बाद क्षेत्र में खाद्य सुरक्षा को लेकर जागरूकता बढ़ी है और लोग अब अधिक सतर्क नजर आ रहे हैं।