Kondagaon. कोण्डागांव। छत्तीसगढ़ के कोण्डागांव जिले के अनंतपुर थाना पुलिस ने नाबालिग पीड़िता के दैहिक शोषण और अपहरण के मामले में एक आरोपी को गिरफ्तार कर न्यायालय के समक्ष पेश किया, जहां से उसे न्यायिक रिमांड पर भेज दिया गया। यह कार्रवाई पुलिस की सतर्कता और तेज़ी से की गई जांच का परिणाम है।
घटना का विवरण
पुलिस के अनुसार, घटना का मामला 2 सितंबर 2025 का है। पीड़िता की मां ने अनंतपुर थाना में रिपोर्ट दर्ज कराई कि किसी अज्ञात व्यक्ति ने उनकी नाबालिग बेटी को बहला-फुसलाकर कहीं ले जाने की कोशिश की। मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस ने धारा 137(2) बीएनएस के तहत प्रकरण दर्ज कर तुरंत जांच शुरू की।
आरोपी की पहचान और गिरफ्तारी
जांच के दौरान पुलिस ने जानकारी जुटाई कि पीड़िता तेलंगाना राज्य के महबूबनगर जिले के जटचेरला क्षेत्र में मौजूद है। सघन तलाशी और स्थानीय पुलिस सहयोग के माध्यम से नाबालिग को सुरक्षित बरामद किया गया। बरामदगी के बाद आरोपी की पहचान जगमोहन नाग (19) निवासी पुजारीगुड़ा, थाना उमरकोट, जिला नवरंगपुर (ओडिशा) के रूप में की गई। आरोपी ने पीड़िता को बहला-फुसलाकर ले जाने और दैहिक शोषण की कोशिश करने की बात स्वीकार की।
पुलिस ने आरोपियों पर दर्ज की गई धाराएँ
धारा 137(2) बीएनएस: नाबालिग का अपहरण।
धारा 64(1) बीएनएस: अपराध से संबंधित अतिरिक्त प्रावधान।
धारा 87 बीएनएस: गंभीर दंडनीय अपराध।
पॉक्सो एक्ट, धारा 6: बच्चों के साथ यौन अपराध और संरक्षण।
पुलिस की कार्रवाई
पुलिस ने साक्ष्यों और गवाहों के बयान के आधार पर आरोपी को गिरफ्तार किया। आरोपी को न्यायालय के समक्ष पेश किया गया, जहां से उसे न्यायिक रिमांड पर जेल भेजा गया। अनंतपुर थाना पुलिस ने बताया कि यह कार्रवाई सख्त कानून प्रवर्तन और पीड़ितों की सुरक्षा के प्रति प्रतिबद्धता का उदाहरण है। जिले में ऐसे मामलों को रोकने और पीड़ितों को न्याय दिलाने के लिए पुलिस लगातार निगरानी कर रही है।
सुरक्षा और जागरूकता
इस घटना ने न केवल पुलिस की सक्रियता को उजागर किया, बल्कि सामाजिक जागरूकता की आवश्यकता पर भी ध्यान दिलाया। पुलिस ने कहा कि अभिभावकों और समाज के सदस्यों को बच्चों की सुरक्षा और सतर्कता के प्रति जागरूक रहना चाहिए।
नाबालिगों को अकेले बाहर भेजते समय सतर्कता।
अजनबियों के संपर्क से सावधानी।
कोण्डागांव पुलिस की यह कार्रवाई यह दर्शाती है कि सतर्कता, त्वरित जांच और न्यायालय सहयोग से ऐसे गंभीर अपराधों को जल्द सुलझाया जा सकता है। आरोपी की गिरफ्तारी और पीड़िता की सुरक्षित बरामदगी ने जिले में कानून और व्यवस्था की स्थिति को मजबूत किया है।