Dhamtari. धमतरी। छत्तीसगढ़ के धमतरी जिले में मंगलवार को अग्रवाल समाज ने छत्तीसगढ़िया क्रांति सेना के अध्यक्ष अमित बघेल के खिलाफ एफआईआर दर्ज करने की मांग की है। समाज का आरोप है कि बघेल ने उनके आराध्य देव भगवान अग्रसेन महाराज के बारे में एक न्यूज चैनल पर आपत्तिजनक और अपमानजनक टिप्पणी की है। इस बयान से समाज में गहरा आक्रोश व्याप्त है। जानकारी के अनुसार, यह विवाद रायपुर में छत्तीसगढ़ महतारी की मूर्ति से छेड़छाड़ के बाद उत्पन्न हुआ। मूर्ति की पुनर्स्थापना के बाद छत्तीसगढ़िया क्रांति सेना के अध्यक्ष अमित बघेल ने मीडिया से बातचीत के दौरान एक बयान दिया था, जिसमें उन्होंने कथित रूप से भगवान अग्रसेन महाराज, पंडित दीनदयाल उपाध्याय और श्यामा प्रसाद मुखर्जी के बारे में अनुचित भाषा का प्रयोग किया।
अग्रवाल समाज के लोगों का कहना है कि वायरल वीडियो में बघेल द्वारा कही गई बातें न केवल भगवान अग्रसेन महाराज का अपमान हैं, बल्कि इससे संपूर्ण हिंदू समाज की भावनाएं आहत हुई हैं। समाज के प्रतिनिधियों ने कहा कि भगवान अग्रसेन महाराज को हिंदू समाज में व्यापारी वर्ग का आराध्य माना जाता है और उनके बारे में अपमानजनक टिप्पणी करना सामाजिक सौहार्द के लिए घातक है। धमतरी में बुधवार को अग्रवाल समाज के सैकड़ों लोग सीएसपी कार्यालय पहुंचे और अमित बघेल के खिलाफ एफआईआर दर्ज करने की मांग की। उन्होंने पुलिस प्रशासन को ज्ञापन सौंपते हुए कहा कि यदि जल्द कार्रवाई नहीं की गई तो समाजजन राज्यव्यापी आंदोलन करने को विवश होंगे। समाज के पदाधिकारियों ने कहा, “हम भगवान अग्रसेन महाराज के अपमान को बर्दाश्त नहीं करेंगे। यह टिप्पणी धार्मिक अराजकता फैलाने और समाज में वैमनस्य पैदा करने की साजिश है। प्रशासन को तत्काल कड़ी कार्रवाई करनी चाहिए।”
इस दौरान समाजजनों ने नारेबाजी करते हुए अमित बघेल के खिलाफ कठोर कार्रवाई की मांग की। समाज के कई वरिष्ठ सदस्यों ने कहा कि छत्तीसगढ़ महतारी की मूर्ति से जुड़ा विवाद पहले ही संवेदनशील था, ऐसे में इस प्रकार के बयानों से सामाजिक तनाव और बढ़ सकता है। उन्होंने पुलिस प्रशासन से आग्रह किया कि इस मामले में धार्मिक भावनाओं को भड़काने और शांति भंग करने के आरोप में मुकदमा दर्ज किया जाए। पुलिस अधिकारियों ने ज्ञापन प्राप्त करने के बाद कहा कि मामले की वीडियो सामग्री की जांच कराई जाएगी और यदि उसमें आपत्तिजनक बयान की पुष्टि होती है तो कानूनी कार्रवाई की जाएगी। इस बीच, जिलेभर में अग्रवाल समाज के लोगों ने सोशल मीडिया के माध्यम से भी अपनी नाराजगी व्यक्त की है। कई स्थानों पर समाज के सदस्य बैठक कर आगे की रणनीति तय कर रहे हैं। वहीं, स्थानीय बुद्धिजीवियों और अन्य सामाजिक संगठनों ने भी अपील की है कि किसी भी प्रकार की धार्मिक टिप्पणी से बचा जाए और समाज में शांति और आपसी भाईचारा बनाए रखा जाए। अग्रवाल समाज ने चेतावनी दी है कि यदि सरकार और पुलिस प्रशासन द्वारा समय रहते कार्रवाई नहीं की गई, तो वे राज्यभर में प्रदर्शन करेंगे और दोषियों के खिलाफ कठोर दंड की मांग करेंगे।