Durg. दुर्ग। हथखोज क्षेत्र में वर्ष 2024 में हुए युवक नरेन्द्र नवरंगे हत्याकांड के मामले में करीब दो साल से फरार चल रहे आरोपी को पुरानी भिलाई पुलिस ने हरियाणा के पलवल से गिरफ्तार किया है। आरोपी सोनू उर्फ इंद्रपाल सिंह लगातार अपना ठिकाना बदलकर पुलिस से बच रहा था। स्थायी वारंट की तामिली और पतासाजी के दौरान पुलिस को उसके पलवल में छिपे होने की जानकारी मिली, जिसके बाद टीम ने कार्रवाई करते हुए 5 सितंबर 2026 को उसे गिरफ्तार कर लिया। पुलिस के मुताबिक, घटना 15 सितंबर 2024 को हथखोज स्थित बीईसी कंपनी के पीछे हुई थी। प्रार्थी निकेश यादव अपने दोस्त नरेन्द्र नवरंगे और आयुष गायकवाड के साथ नया मोबाइल किस्त में खरीदने के लिए मोटरसाइकिल से जा रहा था। इसी दौरान मोबाइल खरीदने के संबंध में उनकी बातचीत आरोपी जितेन्द्र वर्मा से हुई। जितेन्द्र ने छावनी आने और मोबाइल दिलाने की बात कही।
इसके बाद रास्ते में एसीसी चौक के पास जितेन्द्र वर्मा अपने साथियों सोनू और सुमीत जायसवाल के साथ मिला। सभी लोग हथखोज स्थित बीईसी कंपनी के पीछे पहुंचे। वहां शराब पीने की बात को लेकर नरेन्द्र नवरंगे और आरोपियों के बीच विवाद हो गया। विवाद बढ़ने पर आरोपियों ने नरेन्द्र के साथ हाथ-मुक्कों से मारपीट शुरू कर दी। पुलिस के अनुसार, बीच-बचाव करने पहुंचे प्रार्थी और गवाह को भी आरोपियों ने धमकाया। इसी दौरान आरोपी जितेन्द्र वर्मा ने नरेन्द्र पर बेल्ट से हमला किया। मारपीट के दौरान बेल्ट टूट गया। इसके बाद जितेन्द्र ने पास में पड़े एक वजनी पत्थर से नरेन्द्र के सिर पर प्राणघातक वार कर दिया। गंभीर चोट लगने से नरेन्द्र की मौके पर ही मौत हो गई।
घटना के बाद आरोपी मौके से फरार हो गए थे। प्रार्थी की रिपोर्ट पर थाना पुरानी भिलाई में अपराध दर्ज कर पुलिस ने जांच शुरू की। विवेचना के दौरान जितेन्द्र वर्मा, सोनू और सुमीत जायसवाल की घटना में संलिप्तता सामने आई। मामले में आवश्यक वैधानिक कार्रवाई की गई। आरोपी जितेन्द्र वर्मा के खिलाफ पर्याप्त साक्ष्य मिलने के बाद न्यायालय ने उसे आजीवन कारावास की सजा सुनाई है। वहीं सोनू उर्फ इंद्रपाल सिंह घटना के बाद लगातार फरार रहा। उसके खिलाफ न्यायालय से स्थायी वारंट जारी किया गया था। वारंट की तामिली के दौरान पुलिस टीम को जानकारी मिली कि आरोपी हरियाणा के पलवल में छिपकर रह रहा है। इसके बाद पुरानी भिलाई पुलिस ने टीम गठित कर पलवल में दबिश दी और आरोपी को गिरफ्तार कर लिया।
गिरफ्तार आरोपी की पहचान सोनू उर्फ इंद्रपाल सिंह, उम्र 27 वर्ष, निवासी ग्राम कोलहुवा, थाना बेन, जिला नालंदा, बिहार के रूप में हुई है। पुलिस ने उसे 5 सितंबर को पलवल से गिरफ्तार किया। इसके बाद न्यायालय से 7 सितंबर 2026 तक ट्रांजिट रिमांड प्राप्त किया गया है। आरोपी के खिलाफ आगे की वैधानिक कार्रवाई की जा रही है। पुलिस के अनुसार, इस हत्याकांड में आरोपियों ने मोबाइल खरीदने के बहाने मृतक को अपने साथ लिया और उसे सुनसान स्थान पर ले गए थे। वहां शराब पीने को लेकर विवाद हुआ, जिसके बाद मारपीट करते हुए पत्थर से सिर पर वार कर हत्या कर दी गई। पुलिस ने इसे मामले का अपराध करने का तरीका बताया है।
इस कार्रवाई में थाना पुरानी भिलाई के निरीक्षक विजय यादव, प्रधान आरक्षक सत्येन्द्र मढरिया, आरक्षक नरेन्द्र यादव, उप निरीक्षक एस.आर. नुरेटी, प्रधान आरक्षक जशपाल सिंह और एसीसीयू भिलाई के आरक्षक सनत भारती की महत्वपूर्ण भूमिका रही। दुर्ग पुलिस ने नागरिकों से अपील की है कि विवाद की स्थिति में कानून हाथ में न लें और किसी भी आपराधिक घटना की सूचना तत्काल पुलिस को दें। पुलिस ने फरार आरोपियों और कानून विरोधी गतिविधियों में शामिल लोगों की जानकारी उपलब्ध कराने की भी अपील की है।