Mahasamund. महासमुंद। जिले में लगातार हो रही बारिश के कारण नदी-नालों का जलस्तर तेजी से बढ़ रहा है। कई स्थानों पर नदियां उफान पर हैं और लोगों को सतर्क रहने की सलाह दी जा रही है। इसी बीच पिथौरा थाना क्षेत्र से एक दुखद घटना सामने आई है, जहां बाघ नदी में एक 17 वर्षीय नाबालिग डूब गया। घटना के बाद से एनडीआरएफ की टीम लगातार रेस्क्यू अभियान चला रही है, लेकिन 24 घंटे से अधिक समय बीत जाने के बावजूद किशोर का कोई पता नहीं चल पाया है। पुलिस और प्रशासन की टीम भी मौके पर मौजूद है और तलाश अभियान पर लगातार नजर बनाए हुए है।
जानकारी के अनुसार, पिथौरा थाना क्षेत्र के ग्राम कौड़िया निवासी 17 वर्षीय हरिशंकर ठाकुर बाघ नदी के पास गया हुआ था। इसी दौरान वह नदी के तेज बहाव की चपेट में आ गया और देखते ही देखते पानी में डूब गया। आसपास मौजूद लोगों ने उसे बचाने का प्रयास किया, लेकिन नदी का बहाव इतना तेज था कि वह पानी में लापता हो गया। घटना की सूचना मिलते ही स्थानीय लोगों ने प्रशासन और पुलिस को जानकारी दी। सूचना मिलने के बाद पिथौरा पुलिस तत्काल मौके पर पहुंची और स्थिति का जायजा लिया। इसके साथ ही एनडीआरएफ की टीम को भी रेस्क्यू ऑपरेशन के लिए बुलाया गया। टीम ने मौके पर पहुंचकर नदी में सर्च ऑपरेशन शुरू कर दिया।
एनडीआरएफ के जवान लगातार नदी के अलग-अलग हिस्सों में खोजबीन कर रहे हैं। तेज बहाव और बढ़े हुए जलस्तर के कारण रेस्क्यू अभियान में काफी कठिनाइयों का सामना करना पड़ रहा है। इसके बावजूद टीम पूरी मुस्तैदी के साथ किशोर की तलाश में जुटी हुई है। नदी के किनारों, गहरे हिस्सों और बहाव वाले क्षेत्रों में विशेष रूप से खोज की जा रही है। पिछले 24 घंटे से अधिक समय से चल रहे इस अभियान के बावजूद हरिशंकर ठाकुर का कोई सुराग नहीं मिल पाया है। इससे परिजनों की चिंता और बढ़ गई है। घटना के बाद परिवार का रो-रोकर बुरा हाल है। गांव में भी शोक और चिंता का माहौल बना हुआ है। स्थानीय लोग लगातार नदी किनारे पहुंचकर रेस्क्यू अभियान की जानकारी लेते नजर आ रहे हैं।
पुलिस अधिकारियों ने बताया कि एनडीआरएफ की टीम के साथ समन्वय बनाकर तलाश अभियान चलाया जा रहा है। प्रशासन की ओर से भी पूरे मामले की निगरानी की जा रही है। नदी का जलस्तर अधिक होने के कारण खोज अभियान को सावधानीपूर्वक संचालित किया जा रहा है। बारिश के मौसम में नदियों और नालों का जलस्तर अचानक बढ़ जाता है, जिससे हादसों की आशंका भी बढ़ जाती है। प्रशासन लगातार लोगों से अपील कर रहा है कि वे उफनती नदियों और जलभराव वाले क्षेत्रों के पास जाने से बचें। विशेष रूप से बच्चों और युवाओं को नदी के तेज बहाव वाले क्षेत्रों से दूर रहने की सलाह दी जा रही है।