जनता से रिश्ता बेवङेस्क | हर घर में बल्‍ब का फ्यूज़ होना एक आम बात है, लेकिन अगर बल्‍ब की लाइफ की बात की जाए तो आमतौर पर एक नॉर्मल फिलामेंट बल्‍ब  की उम्र लगभग 1000 घंटे बताई जाती है. अगर दिन भर में उसे 9 से 10 घंटे जलाया जाता है तो उसकी उम्र 4 से 5 महीने रहती है हालांकि सीएफएल बल्‍ब की उम्र इन बल्‍ब से कहीं ज्‍यादा बताई जाती है, लेकिन आपके घर में अगर कई बार इन बल्‍ब को बदलने की नौबत आ रही है तो फ्यूज़ होने की वजह बल्‍ब नहीं, कुछ और हो सकती है. आपको यहां कुछ टिप्‍स  बताते हैं जिन्‍हें अपनाकर आप बल्‍ब के जल्‍दी फ्यूज़ होने की समस्‍या से बच सकते हैं. वोल्टेज का रखें ध्यान अगर आपके यहां इलेक्ट्रिक सप्‍लाई वोल्‍टेज अधिक है तो आपके घर के बल्‍ब ज्‍यादा ब्राइट लगेंगे और जल्‍दी फ्यूज़ होंगे. आप बल्‍ब खरीदने से पहले वोल्‍टेज टेस्‍टर से घर में आने वाली बिजली का पता कर सकते हैं. आम तौर पर हमारे देश के सामान्य घरों में 125 वॉल्ट स्‍टैंडर्ड आउटलेट होते हैं. ऐसे में अगर हम इससे कम वोल्‍ट वाले बल्‍ब को यहां यूज़ करेंगे तो ये जल्‍दी फ्यूज हो सकते हैं.

अत्‍यधिक वाइब्रेशन भी वजह

उदाहरण के तौर पर यह देखा गया है कि सीलिंग फैन में लगे बल्‍ब या आपके गराज के दरवाजे के पास के बल्‍ब या फ्री हैंड टेबल लैंप जिन्‍हें बार बार यहां से वहां रखा जाता है, उनके बल्‍ब जल्‍दी खराब होते हैं. दरअसल जब इन पर लगातार वाइब्रेशन का असर रहता है तो इनके फिलामेंट कमजोर होने लगते हैं और हीट मिलने ही ये टूट जाते हैं. ऐसे में इन जगहों पर ऐसे बल्‍ब लगाएं जो वाइबरेशन फ्री हों.

सॉकेट के अनुसार बल्ब का ना होना

कई बार हम कोई भी बल्‍ब किसी भी सॉकेट के लिए प्रयोग कर लेते हैं. ऐसे में जब भी बल्‍ब खरीदें तो पहले यह जांच जरूर करें कि जिस सॉकेट में आप बल्‍ब लगाने की सोच रहे हैं उसमें कितने वॉल्‍ट के बल्‍ब लगने की परमिशन है. कई बार ऐसा होता है कि सॉकेट 125 वॉल्ट का है लेकिन बल्‍ब 100 वॉल्‍ट का लगाया गया. ऐसे में बल्ब जल्दी ही फ्यूज़ होंगे.

एलईडी बल्ब का करें प्रयोग

अगर आपके घर में वोल्‍टेज फ्लक्‍चुएट होने की संभावना रहती है तो आप सौ वॉल्ट बल्ब के नॉर्मल बल्‍ब के मुकाबले एलईडी का प्रयोग करें. ये तुलना में अधिक दिन चलते हैं. अमूमन यह देखने को मिलता है कि सौ वॉल्ट वाले बल्‍ब वोल्टेज के अप डाउन के बाद तुरंत ही फ्यूज़ हो जाते हैं.

एक सॉकेट में अधिक स्विच न रखें

जहां तक हो सके एक सौकेट में अधिक स्विच का प्रयोग ना करें. ऐसा करने से बल्‍ब खराब होने की संभावना अधिक हो जाती है. कई बार यह देखने को मिलता है कि लोग एक ही सोकेट्स में AC, कूलर, फैन और बल्ब का स्विच लगवा लेते हैं और एकदम से सभी चीजों को ऑन कर दिया जाता है. ऐसा करने से बल्ब तो खराब होंगे ही, कूलर, फैन और AC भी खराब हो सकते हैं. बेहतर होगा कि एसी, कूलर और बल्‍ब के स्विच को अलग अलग सोकेट्स में रखें.

Tags: