लाइफ स्टाइल : खाने का स्वाद बढ़ाने में नमक की सबसे अहम भूमिका होती है। चाहे घर का बना देसी खाना हो या फिर किसी विदेशी डिश का स्वाद, नमक के बिना खाने की कल्पना अधूरी मानी जाती है। यही वजह है कि नमक को भोजन की जान कहा जाता है। लेकिन बदलते समय के साथ खाने-पीने की चीजों में मिलावट की समस्या भी बढ़ती जा रही है। अब नमक भी इससे अछूता नहीं रहा है।
कई जगहों पर नमक में चॉक पाउडर, केमिकल और अन्य मिलावटी पदार्थ मिलाकर उसे ज्यादा सफेद और आकर्षक बना दिया जाता है। देखने में यह नमक बिल्कुल सामान्य लगता है, लेकिन इसके सेवन से सेहत पर बुरा असर पड़ सकता है। समय-समय पर मिलावटी नमक को लेकर शिकायतें भी सामने आती रही हैं। ऐसे में बाजार से नमक खरीदते समय सावधानी बरतना बेहद जरूरी है।
विशेषज्ञों के अनुसार, नमक शरीर के लिए जरूरी खनिजों में से एक है, लेकिन अगर इसमें मिलावट हो तो यह स्वास्थ्य के लिए नुकसानदायक साबित हो सकता है। इसलिए घर में इस्तेमाल होने वाले नमक की शुद्धता जांचना जरूरी है।
नकली नमक में मिलाए जाते हैं ये पदार्थ
मिलावटी नमक बनाने वाले लोग इसे असली जैसा दिखाने के लिए कई तरह के पदार्थ मिला सकते हैं। इनमें चॉक पाउडर, जिप्सम, औद्योगिक ग्रेड के केमिकल, यूरिया और डिटर्जेंट जैसे पदार्थ शामिल हो सकते हैं। ये चीजें शरीर के लिए सुरक्षित नहीं मानी जाती हैं।
ऐसे मिलावटी नमक के लंबे समय तक सेवन से शरीर के महत्वपूर्ण अंगों पर बुरा प्रभाव पड़ सकता है। विशेषज्ञों के अनुसार, खराब गुणवत्ता वाले नमक का इस्तेमाल स्वास्थ्य संबंधी समस्याओं का कारण बन सकता है। इसलिए नमक खरीदते समय उसकी गुणवत्ता और पैकेट पर दी गई जानकारी जरूर देखनी चाहिए।
पानी से करें नमक की जांच
नमक असली है या नकली, इसकी पहचान करने के लिए घर पर एक आसान तरीका अपनाया जा सकता है। इसके लिए एक गिलास साफ पानी लें और उसमें एक चम्मच नमक डाल दें। अब इसे कुछ समय के लिए ऐसे ही छोड़ दें।
अगर पानी का रंग सामान्य रहता है और नमक धीरे-धीरे घुल जाता है तो नमक की गुणवत्ता ठीक हो सकती है। वहीं, अगर पानी का रंग बदलकर सफेद या धुंधला दिखाई देने लगे तो इसमें मिलावट होने की संभावना हो सकती है।
हालांकि यह घरेलू जांच का एक तरीका है, पूरी तरह पुष्टि के लिए लैब टेस्ट सबसे भरोसेमंद माना जाता है।
आलू की मदद से करें पहचान
नमक की शुद्धता जांचने के लिए आलू का इस्तेमाल भी किया जा सकता है। इसके लिए एक आलू को बीच से काट लें और कटे हुए हिस्से पर थोड़ा नमक डाल दें। कुछ मिनट बाद उस पर नींबू का रस डालें और थोड़ी देर इंतजार करें।
अगर इसके बाद आलू के रंग में बदलाव दिखाई देता है, खासतौर पर नीला रंग नजर आता है, तो नमक में मिलावट होने की आशंका हो सकती है। वहीं, अगर आलू के रंग में कोई बदलाव नहीं आता तो नमक सही हो सकता है।
लैब में भी करा सकते हैं जांच
अगर घरेलू तरीकों से नमक की जांच को लेकर कोई संदेह हो तो इसे किसी प्रमाणित लैब में जांच के लिए भेजा जा सकता है। वहां नमक में मौजूद तत्वों की सही जानकारी मिल सकती है।
इसके अलावा बाजार से नमक खरीदते समय पैकेट पर लिखी जानकारी जरूर पढ़नी चाहिए। हमेशा भरोसेमंद ब्रांड और अच्छी पैकिंग वाले नमक का इस्तेमाल करना बेहतर होता है।
साबुत नमक खरीदकर भी बच सकते हैं मिलावट से
कुछ लोग मिलावटी नमक से बचने के लिए साबुत नमक खरीदना पसंद करते हैं। इसे घर पर या अपने सामने मसाले वाली चक्की से पिसवाया जा सकता है। बाजार में सफेद और काला दोनों तरह का साबुत नमक उपलब्ध होता है।
इससे नमक की गुणवत्ता पर ज्यादा नियंत्रण रहता है और मिलावट की संभावना कम हो सकती है। हालांकि किसी भी खाद्य पदार्थ की तरह नमक खरीदते समय भी सावधानी जरूरी है।
नमक भले ही रोजमर्रा की जिंदगी की छोटी चीज लगती हो, लेकिन इसका सीधा संबंध हमारी सेहत से है। इसलिए खाने में इस्तेमाल होने वाले नमक की शुद्धता को नजरअंदाज नहीं करना चाहिए। थोड़ी सी सावधानी अपनाकर आप मिलावटी नमक से बच सकते हैं और अपने परिवार की सेहत का बेहतर ध्यान रख सकते हैं।