लाइफस्टाइल। दिवाली के त्योहार पर घरों को सजाने के लिए मिट्टी के दीयों का इस्तेमाल किया जाता है। पूजा से लेकर घर के आंगन, बालकनी और दरवाजों तक मिट्टी के दीये रोशनी बिखेरते हैं। लेकिन त्योहार खत्म होने के बाद अधिकतर लोग इन पुराने दीयों को बेकार समझकर फेंक देते हैं। अगर आपके घर में भी दिवाली के इस्तेमाल किए हुए मिट्टी के दीये रखे हैं, तो उन्हें दोबारा उपयोग में लाने का एक घरेलू तरीका सोशल मीडिया पर चर्चा में है। वायरल हैक में दावा किया जा रहा है कि पुराने मिट्टी के दीयों की बारीक मिट्टी, नमक और डिटर्जेंट को मिलाकर ऐसा सफाई पाउडर बनाया जा सकता है, जिससे तांबे के बर्तनों पर जमी गंदगी साफ करने में मदद मिल सकती है।
हालांकि, इस घरेलू नुस्खे को आजमाने से पहले कुछ जरूरी सावधानियां बरतना आवश्यक है। मिट्टी के बारीक कण तांबे की सतह पर खरोंच पैदा कर सकते हैं। इसलिए इस तरीके को पूरी तरह सुरक्षित या हर तरह के तांबे के बर्तन के लिए उपयुक्त नहीं माना जा सकता।
पुराने मिट्टी के दीयों का दोबारा इस्तेमाल
दिवाली के बाद घरों में बड़ी संख्या में मिट्टी के दीये बच जाते हैं। कई दीयों पर तेल और कालिख जम जाती है, जबकि कुछ दीये इस्तेमाल के बाद भी अच्छी स्थिति में रहते हैं। ऐसे दीयों को दोबारा सजावट के लिए इस्तेमाल किया जा सकता है।इसी बीच सोशल मीडिया पर एक घरेलू सफाई का तरीका वायरल हो रहा है। इसमें पुराने दीयों को पीसकर तैयार की गई मिट्टी का इस्तेमाल तांबे के बर्तनों की सफाई के लिए करने का सुझाव दिया गया है।इस हैक के अनुसार, दीयों की मिट्टी को बहुत बारीक करके उसमें नमक और थोड़ा डिटर्जेंट मिलाया जाता है। तैयार मिश्रण को सफाई पाउडर की तरह इस्तेमाल करने की बात कही गई है।हालांकि, वायरल होने का मतलब यह नहीं है कि कोई घरेलू नुस्खा वैज्ञानिक रूप से प्रमाणित या पूरी तरह सुरक्षित है।
सफाई पाउडर बनाने के लिए क्या चाहिए?
मिश्रण में थोड़ी मात्रा में डिटर्जेंट मिलाने का सुझाव दिया गया है, लेकिन बर्तनों के लिए अनुपयुक्त डिटर्जेंट के अवशेष नुकसानदेह हो सकते हैं।कैसे तैयार किया जाता है यह घरेलू पाउडर?वायरल तरीके के अनुसार, सबसे पहले पुराने मिट्टी के दीयों को इकट्ठा किया जाता है। इसके बाद उन्हें छोटे टुकड़ों में तोड़कर बारीक पीसने की बात कही जाती है। तैयार मिट्टी को छानकर उसमें नमक और डिटर्जेंट मिलाने का सुझाव दिया गया है।
इस तरह एक घरेलू सफाई मिश्रण तैयार होता है। दावा किया जाता है कि इसे तांबे की सतह पर लगाने से जमी हुई गंदगी हटाने में मदद मिल सकती है।लेकिन इस तरीके में एक महत्वपूर्ण जोखिम है। मिट्टी को बारीक पीसने के बावजूद उसमें कठोर कण मौजूद रह सकते हैं। ये कण तांबे जैसे अपेक्षाकृत मुलायम धातु की सतह को खरोंच सकते हैं। दीयों को तोड़ने और पीसने से धूल भी उड़ सकती है, जिसे सांस के जरिए अंदर लेने से बचना चाहिए।इसलिए किसी कीमती, पॉलिश किए हुए या पूजा में इस्तेमाल होने वाले तांबे के बर्तन पर सीधे यह प्रयोग करना उचित नहीं है।
तांबे के बर्तनों पर क्यों जमती है काली परत?
तांबे के बर्तन समय के साथ अपनी चमक खोने लगते हैं। हवा, नमी और आसपास मौजूद विभिन्न पदार्थों के संपर्क में आने से उनकी सतह पर रासायनिक परिवर्तन होते हैं। इसके कारण बर्तन का रंग गहरा या मटमैला दिखाई दे सकता है।रसोई में इस्तेमाल होने वाले बर्तनों पर तेल, चिकनाई और अन्य पदार्थों के अवशेष भी जमा हो सकते हैं। सामान्य डिशवॉशिंग लिक्विड से चिकनाई हटाई जा सकती है, लेकिन तांबे पर बनी ऑक्साइड या अन्य रासायनिक परत को हटाने के लिए अलग तरीके की जरूरत पड़ सकती है।मिट्टी और नमक जैसे खुरदरे पदार्थ रगड़ने से कुछ जमाव हटा सकते हैं, लेकिन साथ ही बर्तन की सतह को नुकसान भी पहुंचा सकते हैं।
इस्तेमाल से पहले इन सावधानियों का रखें ध्यान
घरेलू सफाई के किसी भी वायरल नुस्खे को आजमाने से पहले बर्तन की बनावट और उसकी सतह को समझना जरूरी है।
- पॉलिश, वार्निश या सुरक्षात्मक कोटिंग वाले तांबे के बर्तनों पर खुरदरे पाउडर का इस्तेमाल न करें।
- तांबे की परत चढ़े बर्तनों पर मिट्टी और नमक रगड़ने से परत खराब हो सकती है।
- खाना पकाने या पीने के पानी के लिए इस्तेमाल होने वाले बर्तनों में डिटर्जेंट और मिट्टी के अवशेष नहीं रहने चाहिए।
- हरी या नीली परत जमे बर्तनों को बिना उचित सफाई और जांच के भोजन या पेय पदार्थों के लिए इस्तेमाल न करें।
- दीयों को पीसते समय उड़ने वाली धूल से बचें और बच्चों को इस प्रक्रिया से दूर रखें।
तांबे के बर्तन साफ करने का सुरक्षित विकल्प
तांबे के बर्तनों की सामान्य सफाई के लिए मुलायम स्पंज, गुनगुने पानी और बर्तनों के लिए बने हल्के डिशवॉशिंग लिक्विड का उपयोग बेहतर विकल्प हो सकता है। सफाई के बाद बर्तन को अच्छी तरह धोकर तुरंत मुलायम कपड़े से सुखाना चाहिए।यदि तांबे पर गहरे दाग हैं, तो उसकी सतह के अनुरूप बनाए गए कॉपर क्लीनर का इस्तेमाल उत्पाद के निर्देशों के अनुसार किया जा सकता है।कुल मिलाकर, दिवाली के पुराने मिट्टी के दीयों से सफाई पाउडर बनाने का वायरल हैक सुनने में दिलचस्प जरूर है, लेकिन इसकी प्रभावशीलता और सुरक्षा प्रमाणित नहीं है। पुराने दीयों को दोबारा सजावट या पौधों के छोटे सजावटी उपयोग में लाना अधिक सुरक्षित विकल्प हो सकता है।