गर्मियों में सावधान! ये खानपान की आदतें बढ़ा सकती हैं डिहाइड्रेशन का खतरा
Lifestyle लाइफ स्टाइल : गर्मियों का मौसम अपने साथ तेज धूप, बढ़ता तापमान और पसीने की समस्या लेकर आता है। ऐसे मौसम में शरीर को स्वस्थ और ऊर्जावान बनाए रखने के लिए पर्याप्त मात्रा में पानी पीना बेहद जरूरी माना जाता है। हालांकि स्वास्थ्य विशेषज्ञों का कहना है कि सिर्फ पानी पीना ही काफी नहीं होता, बल्कि यह भी उतना ही महत्वपूर्ण है कि आप क्या खा रहे हैं और आपकी खानपान की आदतें कैसी हैं।
कई लोग दिनभर पर्याप्त पानी पीते हैं, लेकिन फिर भी उन्हें कमजोरी, चक्कर आना, थकान और शरीर में पानी की कमी जैसी समस्याओं का सामना करना पड़ता है। इसका एक बड़ा कारण कुछ ऐसी खाद्य और पेय पदार्थों का अधिक सेवन हो सकता है, जो शरीर में डिहाइड्रेशन का खतरा बढ़ा देते हैं।
विशेषज्ञों के अनुसार गर्मियों में अत्यधिक कैफीन वाले पेय पदार्थों का सेवन सीमित मात्रा में करना चाहिए। चाय, कॉफी और कुछ एनर्जी ड्रिंक्स में मौजूद कैफीन शरीर से अधिक मात्रा में पानी बाहर निकाल सकता है। यदि इनका सेवन जरूरत से ज्यादा किया जाए, तो शरीर में पानी की कमी होने लगती है।
इसी तरह बहुत अधिक नमक वाले खाद्य पदार्थ भी डिहाइड्रेशन का कारण बन सकते हैं। चिप्स, नमकीन, प्रोसेस्ड फूड और पैकेटबंद स्नैक्स में सोडियम की मात्रा अधिक होती है। अधिक नमक शरीर में पानी के संतुलन को प्रभावित कर सकता है और प्यास की समस्या बढ़ा सकता है।
स्वास्थ्य विशेषज्ञ यह भी बताते हैं कि अधिक मसालेदार भोजन खाने से शरीर का तापमान बढ़ सकता है और पसीना ज्यादा निकल सकता है। इससे शरीर में पानी की कमी होने की आशंका बढ़ जाती है। इसलिए गर्मियों में हल्का और संतुलित भोजन करने की सलाह दी जाती है।
मीठे और कार्बोनेटेड पेय पदार्थों को भी डिहाइड्रेशन से जोड़ा जाता है। कई लोग गर्मी से राहत पाने के लिए कोल्ड ड्रिंक्स और अधिक चीनी वाले पेय का सेवन करते हैं, लेकिन ये शरीर को लंबे समय तक हाइड्रेट रखने में मदद नहीं करते। इसके बजाय ये शरीर के प्राकृतिक जल संतुलन को प्रभावित कर सकते हैं।
डॉक्टरों का कहना है कि गर्मियों में मौसमी फल और पानी से भरपूर खाद्य पदार्थों का सेवन बढ़ाना चाहिए। तरबूज, खरबूजा, खीरा, ककड़ी, नारियल पानी और ताजे फलों का सेवन शरीर को हाइड्रेट रखने में मदद करता है। इसके अलावा छाछ, नींबू पानी और घर में बने प्राकृतिक पेय भी लाभदायक माने जाते हैं।
विशेषज्ञों के अनुसार डिहाइड्रेशन के शुरुआती लक्षणों में अत्यधिक प्यास लगना, मुंह सूखना, चक्कर आना, सिरदर्द और कमजोरी शामिल हो सकते हैं। ऐसे लक्षण दिखने पर तुरंत पानी और इलेक्ट्रोलाइट्स का सेवन करना चाहिए।
कुल मिलाकर, गर्मियों में सिर्फ पानी पीना ही पर्याप्त नहीं है। सही खानपान और संतुलित जीवनशैली भी उतनी ही जरूरी है। यदि लोग अपनी दैनिक खाने-पीने की आदतों पर ध्यान दें और शरीर को हाइड्रेट रखने वाले खाद्य पदार्थों को प्राथमिकता दें, तो डिहाइड्रेशन के खतरे से काफी हद तक बचा जा सकता है।