भारत में ChatGPT पर शुरू हुए विज्ञापन फ्री यूजर्स को दिखेंगे स्पॉन्सर्ड कंटेंट
भारत में ChatGPT पर शुरू
New Delhi: आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस की दुनिया में बड़ा बदलाव करते हुए OpenAI ने भारत में ChatGPT के लिए विज्ञापन सेवा शुरू कर दी है। अब ChatGPT के फ्री और Go प्लान इस्तेमाल करने वाले यूजर्स को बातचीत के दौरान स्पॉन्सर्ड कंटेंट और विज्ञापन दिखाई दे सकते हैं। कंपनी के अनुसार, इस पहल के शुरुआती चरण में 50 से ज्यादा ब्रांड्स ChatGPT पर विज्ञापन चलाने की तैयारी में हैं।
OpenAI का कहना है कि विज्ञापन दिखाने का उद्देश्य फ्री और कम कीमत वाले AI एक्सेस को जारी रखने में मदद करना है। कंपनी ने यह भी स्पष्ट किया है कि विज्ञापन ChatGPT के जवाबों को प्रभावित नहीं करेंगे और यूजर्स की निजी बातचीत की जानकारी विज्ञापनदाताओं के साथ साझा नहीं की जाएगी।
किन यूजर्स को दिखेंगे विज्ञापन?
ChatGPT Ads मुख्य रूप से लॉग-इन किए हुए वयस्क यूजर्स के लिए उपलब्ध होंगे, जो Free और Go प्लान का इस्तेमाल कर रहे हैं। वहीं ChatGPT Plus, Pro, Business, Enterprise और Education प्लान वाले यूजर्स को विज्ञापन नहीं दिखाए जाएंगे।
50 से ज्यादा ब्रांड्स करेंगे विज्ञापन
भारत में ChatGPT Ads की शुरुआत के साथ ही 50 से अधिक ब्रांड्स अपने विज्ञापन दिखाने के लिए तैयार हैं। OpenAI ने विज्ञापन क्षेत्र में काम करने के लिए WPP और Omnicom जैसी एजेंसियों के साथ साझेदारी की है। कंपनियां अब ChatGPT के जरिए संभावित ग्राहकों तक पहुंच बनाने की कोशिश करेंगी।
क्या ChatGPT के जवाब बदल जाएंगे?
OpenAI ने भरोसा दिलाया है कि विज्ञापन और सामान्य AI जवाब अलग-अलग रहेंगे। यानी किसी कंपनी का विज्ञापन दिखने से ChatGPT किसी उत्पाद या सेवा के बारे में अपनी सामान्य जानकारी या सलाह को नहीं बदलेगा। विज्ञापन स्पष्ट रूप से अलग और स्पॉन्सर्ड के रूप में दिखाई देंगे।
कंपनियों के लिए नया डिजिटल प्लेटफॉर्म
ChatGPT पर विज्ञापन शुरू होने से ब्रांड्स को उन यूजर्स तक पहुंचने का नया तरीका मिलेगा, जो खरीदारी, तुलना या किसी सेवा की जानकारी के लिए AI चैटबॉट का इस्तेमाल करते हैं। OpenAI का मानना है कि AI प्लेटफॉर्म भविष्य में डिजिटल मार्केटिंग का बड़ा हिस्सा बन सकते हैं।
यूजर्स पर क्या असर पड़ेगा?
फ्री यूजर्स को अब ChatGPT इस्तेमाल करते समय कुछ जगहों पर विज्ञापन देखने पड़ सकते हैं। हालांकि, कंपनी ने कहा है कि विज्ञापन अनुभव को सीमित रखा जाएगा और यूजर प्राइवेसी को प्राथमिकता दी जाएगी। जो लोग बिना विज्ञापन अनुभव चाहते हैं, वे पेड सब्सक्रिप्शन प्लान का विकल्प चुन सकते हैं।
AI के तेजी से बढ़ते इस्तेमाल के बीच OpenAI का यह कदम टेक्नोलॉजी कंपनियों के बिजनेस मॉडल में बदलाव का संकेत माना जा रहा है। आने वाले समय में AI प्लेटफॉर्म पर विज्ञापन और ब्रांड इंटीग्रेशन का विस्तार देखने को मिल सकता है।