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फेफड़ों के कैंसर की सर्जरी के बाद पोप लियो XIV को अस्पताल से छुट्टी

Ratna Netam
17 Oct 2026 7:32 PM IST
फेफड़ों के कैंसर की सर्जरी के बाद पोप लियो XIV को अस्पताल से छुट्टी
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वैटिकन सिटी। कैथोलिक चर्च के सर्वोच्च धर्मगुरु पोप लियो XIV के स्वास्थ्य को लेकर राहत भरी खबर सामने आई है। फेफड़ों के कैंसर की सर्जरी के बाद अस्पताल में स्वास्थ्य लाभ कर रहे 71 वर्षीय पोप को डॉक्टरों ने छुट्टी देने की मंजूरी दे दी है। वैटिकन की ओर से शनिवार, 17 अक्टूबर को जारी जानकारी के अनुसार, पोप दोपहर में रोम के जेमेली अस्पताल से वैटिकन लौटेंगे। डॉक्टरों ने सुबह उनकी स्वास्थ्य स्थिति की जांच करने के साथ ब्लड टेस्ट और छाती का एक्स-रे किया। सभी रिपोर्ट की समीक्षा के बाद उन्हें अस्पताल से छुट्टी के लिए चिकित्सकीय रूप से स्वस्थ घोषित किया गया।
चार दिन पहले हुई थी फेफड़ों की सर्जरी
पोप लियो XIV को मंगलवार, 13 अक्टूबर को रोम के जेमेली अस्पताल में भर्ती कराया गया था। नियमित स्वास्थ्य जांच के दौरान डॉक्टरों को उनके दाहिने फेफड़े में एक छोटी गांठ का पता चला था।जांच में कैंसर की आशंका सामने आने के बाद डॉक्टरों ने सर्जरी करने का निर्णय लिया। ऑपरेशन के दौरान दाहिने फेफड़े के निचले हिस्से को निकाल दिया गया।चिकित्सकों ने बताया कि सर्जरी सफल रही और इस दौरान कोई बड़ी जटिलता सामने नहीं आई। ऑपरेशन के दौरान ऊतकों की जांच से फेफड़ों के एडेनोकार्सिनोमा कैंसर की पुष्टि हुई। यह फेफड़ों के कैंसर का एक सामान्य प्रकार है।
डॉक्टरों ने जांच के बाद दी छुट्टी की अनुमति
वैटिकन की प्रेस कार्यालय की ओर से जारी आधिकारिक मेडिकल बुलेटिन में पोप के निजी चिकित्सक डॉ. लुइजी कार्बोने और सर्जन प्रोफेसर स्टेफानो मार्गारिटोरा ने उनके स्वास्थ्य में सुधार की पुष्टि की।शनिवार सुबह पोप की स्वास्थ्य स्थिति का व्यापक मूल्यांकन किया गया। ब्लड टेस्ट और छाती के एक्स-रे की रिपोर्ट संतोषजनक मिलने के बाद डॉक्टरों ने उन्हें अस्पताल से छुट्टी देने का निर्णय लिया।वैटिकन के अनुसार, पोप की स्वास्थ्य स्थिति में लगातार सुधार हुआ है। पहले उनके लगभग एक सप्ताह तक अस्पताल में रहने की संभावना जताई गई थी, लेकिन बेहतर रिकवरी के कारण चार दिन बाद ही छुट्टी की अनुमति मिल गई।
रविवार को श्रद्धालुओं को देंगे आशीर्वाद
अस्पताल से लौटने के बाद पोप लियो XIV रविवार, 18 अक्टूबर को अपनी पहली सार्वजनिक उपस्थिति दर्ज कराएंगे।वैटिकन ने बताया कि पोप सेंट पीटर्स स्क्वायर की ओर खुलने वाली अपने आधिकारिक आवास की खिड़की से पारंपरिक एंजेलस प्रार्थना का नेतृत्व करेंगे और श्रद्धालुओं को आशीर्वाद देंगे।सर्जरी के बाद यह उनका पहला सार्वजनिक कार्यक्रम होगा। कैथोलिक समुदाय के लिए यह महत्वपूर्ण अवसर माना जा रहा है, क्योंकि पोप के स्वास्थ्य को लेकर पिछले कई दिनों से चिंता बनी हुई थी।
अस्पताल से भी जारी रखा आधिकारिक कामकाज
स्वास्थ्य लाभ के दौरान भी पोप लियो XIV ने अपनी कुछ धार्मिक और प्रशासनिक जिम्मेदारियां निभाना जारी रखा।अस्पताल में भर्ती रहने के दौरान उन्होंने वरिष्ठ सहयोगियों के साथ चर्चाओं में हिस्सा लिया और महत्वपूर्ण अंतरराष्ट्रीय मुद्दों पर बातचीत की।इस दौरान पोप ने रूस के राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन के साथ टेलीफोन पर बातचीत भी की। दोनों नेताओं के बीच यूक्रेन की मानवीय स्थिति और प्रभावित नागरिकों तक सहायता पहुंचाने के मुद्दे पर चर्चा हुई।इसके अलावा पोप ने अस्पताल के चैपल में धार्मिक प्रार्थना सभा आयोजित की और चिकित्सा कर्मचारियों के प्रति आभार व्यक्त किया।
कैंसर के आगे के इलाज को लेकर जांच जारी
हालांकि पोप को अस्पताल से छुट्टी देने की अनुमति मिल गई है, लेकिन कैंसर से संबंधित कुछ महत्वपूर्ण जांच रिपोर्ट अभी सार्वजनिक नहीं की गई हैं।डॉक्टरों ने अभी स्पष्ट नहीं किया है कि कैंसर आसपास की लसीका ग्रंथियों तक फैला था या नहीं। इन जांचों के निष्कर्षों से यह तय करने में मदद मिलेगी कि भविष्य में अतिरिक्त उपचार की आवश्यकता होगी या नहीं।चिकित्सकों के अनुसार, फेफड़ों के कैंसर की प्रारंभिक अवस्था में सर्जरी एक महत्वपूर्ण उपचार विकल्प हो सकती है। हालांकि, प्रत्येक मरीज की आगे की चिकित्सा योजना उसकी स्वास्थ्य स्थिति और जांच रिपोर्ट पर निर्भर करती है।
नवंबर में दक्षिण अमेरिका यात्रा का कार्यक्रम
पोप लियो XIV की नवंबर में दक्षिण अमेरिका यात्रा भी प्रस्तावित है। कार्यक्रम के अनुसार, उन्हें 6 से 17 नवंबर के बीच उरुग्वे, अर्जेंटीना और पेरू की यात्रा करनी है।वैटिकन ने फिलहाल इस यात्रा की तैयारियां जारी रखी हैं, लेकिन पोप के स्वास्थ्य और डॉक्टरों की सलाह के आधार पर कार्यक्रम में बदलाव संभव है।फिलहाल पोप का अस्पताल से वैटिकन लौटना उनके स्वास्थ्य में सुधार का महत्वपूर्ण संकेत माना जा रहा है। दुनियाभर के कैथोलिक श्रद्धालुओं की नजर अब रविवार को होने वाली उनकी पहली सार्वजनिक उपस्थिति पर रहेगी।
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