European Parliament की समिति ने डिजिटल यूरो से जुड़े कानून को दी मंज़ूरी

Brussels : यूरोपीय संसद की आर्थिक और मौद्रिक मामलों की समिति ने डिजिटल यूरो को लॉन्च करने से जुड़े कानून पर अपनी बातचीत की स्थिति (ड्राफ्ट) को मंज़ूरी दे दी है। यह यूरोपीय संघ की मौद्रिक प्रणाली के भविष्य से जुड़े कानूनी पैकेज के तहत, एकल यूरोपीय मुद्रा का डिजिटल वर्शन बनाने की दिशा में एक नया कदम है। डिजिटल यूरो पर बने इस ड्राफ्ट कानून को 43 सदस्यों का समर्थन मिला, जबकि 14 सदस्यों ने इसके खिलाफ़ वोट किया और एक सदस्य ने वोटिंग में हिस्सा नहीं लिया। यह कानून तीन कानूनी प्रस्तावों वाले एक पैकेज का हिस्सा है।
इस प्रस्ताव का मकसद यूरो क्षेत्र के सभी निवासियों के लिए एक सार्वजनिक डिजिटल भुगतान का तरीका उपलब्ध कराना है, ताकि अंतरराष्ट्रीय पेमेंट कार्ड नेटवर्क पर निर्भरता कम हो सके। ऑनलाइन भुगतान एक अकाउंट-बेस्ड सिस्टम के ज़रिए किए जाएंगे, जबकि ऑफ़लाइन भुगतान लोकल स्टोरेज डिवाइस के ज़रिए किए जाएंगे। इस प्रस्ताव के तहत, बैंक और फाइनेंशियल टेक्नोलॉजी कंपनियाँ डिजिटल यूरो को वितरित करेंगी, जो यूरो क्षेत्र के सभी देशों में इलेक्ट्रॉनिक और सीधे भुगतान के लिए उपलब्ध होगा।
इस प्रस्ताव में बैंकों से डिजिटल मुद्रा में जमा राशि के ट्रांसफर को सीमित करने के उपाय भी शामिल हैं। यूरोपीय आयोग, यूरोपीय सेंट्रल बैंक की सिफारिश के आधार पर, किसी व्यक्ति द्वारा रखे जा सकने वाले डिजिटल यूरो की अधिकतम सीमा तय करेगा। इस सीमा की समीक्षा कम से कम हर दो साल में की जाएगी। प्रस्ताव में यह भी कहा गया है कि कंपनियों को 24 घंटे से ज़्यादा समय तक डिजिटल यूरो बैलेंस रखने की अनुमति नहीं होगी, और यह डिजिटल मुद्रा यूज़र्स के लिए बिना ब्याज वाली और मुफ़्त होगी। अगर यूरोपीय संसद के पूर्ण सत्र (प्लेनरी सेशन) में कोई आपत्ति नहीं आती है, तो अगले महीने संसद, यूरोपीय संघ की परिषद और यूरोपीय आयोग के बीच बातचीत शुरू होने की उम्मीद है। यूरोपीय संस्थाओं का लक्ष्य साल के अंत से पहले अंतिम कानून को अपनाना है।





