प्रौद्योगिकी

BSNL पर 17 साल बाद मुनाफे में लौटी सरकारी टेलीकॉम कंपनी

Tara Tandi
15 Feb 2025 2:41 PM IST
BSNL पर 17 साल बाद मुनाफे में लौटी सरकारी टेलीकॉम कंपनी
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BSNL टेक न्यूज़: भारत की सरकारी टेलीकॉम कंपनी BSNL ने वित्त वर्ष 2024-25 की तीसरी तिमाही में 262 करोड़ रुपये का मुनाफा कमाया है। यह 17 साल बाद पहला मौका है जब BSNL ने किसी तिमाही में मुनाफा कमाया है। आखिरी बार 2007 में BSNL ने किसी तिमाही में मुनाफा दर्ज किया था। केंद्रीय मंत्री ज्योतिरादित्य सिंधिया ने 14 फरवरी को इसकी जानकारी दी।
BSNL के रेवेन्यू में वृद्धि
अक्टूबर-दिसंबर 2024 में BSNL के विभिन्न सर्विस सेक्टर में शानदार वृद्धि देखने को मिली
मोबिलिटी सर्विस से रेवेन्यू में 15% की बढ़ोतरी हुई।
फाइबर-टू-द-होम (FTTH) से रेवेन्यू में 18% का इजाफा हुआ।
लीज्ड लाइन सर्विस से रेवेन्यू में पिछले साल की तुलना में 14% की बढ़ोतरी हुई।
इसके साथ ही, BSNL का EBITDA (Earnings Before Interest, Tax, Depreciation, and Amortization) पिछले चार वर्षों में 1,100 करोड़ रुपये से बढ़कर अब लगभग 2,100 करोड़ रुपये हो गया है।
लागत में कटौती से घाटा कम हुआ
संचार मंत्री ज्योतिरादित्य सिंधिया ने बताया कि BSNL ने इस वित्तीय वर्ष में अपनी फाइनेंस कॉस्ट और कुल खर्च में कटौती की है, जिससे पिछले साल की तुलना में घाटे में 1,800 करोड़ रुपये से ज्यादा की कमी आई है। इसके परिणामस्वरूप, BSNL का कस्टमर बेस भी बढ़कर दिसंबर 2024 की तिमाही में 9 करोड़ हो गया। जून में यह संख्या 8.4 करोड़ थी।
4G नेटवर्क का विस्तार
BSNL अब देशभर में अपने सभी ग्राहकों को 4G सर्विस देने की दिशा में तेजी से काम कर रहा है। केंद्रीय मंत्री ने बताया कि BSNL ने अब तक 100,000 टावरों में से लगभग 75,000 टावरों का निर्माण कर लिया है, और इनमें से लगभग 60,000 टावरों को चालू भी कर दिया गया है। उन्हें उम्मीद है कि इस साल जून तक सभी 100,000 टावर चालू हो जाएंगे।
BSNL ने पेश की नई सेवाएं
BSNL ने अपने कस्टमर एक्सपीरियंस को बेहतर बनाने के लिए कई नई सेवाएं शुरू की हैं
नेशनल वाईफाई रोमिंग।
BiTV, जो सभी मोबाइल ग्राहकों के लिए फ्री एंटरटेनमेंट ऑफर करता है।
IFTv सभी FTTH ग्राहकों के लिए।
माइनिंग सेक्टर में पहली बार प्राइवेट 5G कनेक्टिविटी।
EBITDA का मतलब क्या है?
EBITDA का मतलब है Earnings Before Interest, Tax, Depreciation, and Amortization। यह किसी कंपनी की टोटल कमाई है, जिसमें ब्याज, टैक्स, एसेट्स या मशीनों की वैल्यू में गिरावट, और पुराने लोन का भुगतान शामिल नहीं होता है। इसे आमतौर पर कंपनियां अपनी ऑपरेशनल परफॉर्मेंस को देखने के लिए इस्तेमाल करती हैं।
BSNL का सुनहरा दौर और गिरावट
BSNL की शुरुआत 2002 में हुई थी, और उसने बहुत जल्दी भारत की नंबर वन मोबाइल सर्विस का दर्जा हासिल किया था। लेकिन धीरे-धीरे BSNL की स्थिति में गिरावट आई, और इसकी प्रमुख वजहें थीं
सरकारी सहमति की देरी: BSNL को समय पर सरकारी सहमति नहीं मिल पाई, जिससे वह प्राइवेट कंपनियों से पीछे रह गई।
नेटवर्क कंजेशन: लोगों ने BSNL की सेवाओं से निराश होकर प्राइवेट कंपनियों की ओर रुख किया।
स्पेक्ट्रम की कमी: BSNL को 3G और 4G स्पेक्ट्रम की नीलामी में देर से हिस्सा मिला, जिससे वह प्राइवेट कंपनियों से काफी पीछे रह गई।
लैंडलाइन ग्राहकों की गिरावट: मोबाइल क्रांति के कारण BSNL के लैंडलाइन ग्राहक लगातार घटते गए।
BSNL की वर्तमान स्थिति
आज BSNL अपने नेटवर्क को फिर से मजबूत करने की दिशा में कदम बढ़ा रहा है। कंपनी 4G नेटवर्क को देशभर में फैला रही है, और अब 5G जैसी नई सेवाओं को भी पेश कर रही है। इसके साथ ही, कंपनी ने अपने खर्चों को नियंत्रित करने और मुनाफा बढ़ाने की दिशा में भी सकारात्मक कदम उठाए हैं। BSNL के लिए यह एक महत्वपूर्ण मोड़ है, और उम्मीद की जा रही है कि वह आने वाले समय में अपने पुराने वैभव को फिर से हासिल कर सकता है।
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