
Sports स्पोर्ट्स : ऑस्ट्रेलिया के तेज गेंदबाज मिचेल स्टार्क ने एक बार फिर टेस्ट क्रिकेट में अपनी तेज गेंदबाजी का जलवा दिखाते हुए इतिहास रच दिया है। बांग्लादेश के खिलाफ मैकाय में खेले जा रहे दूसरे टेस्ट के पहले ही ओवर में स्टार्क ने शादमन इस्लाम को आउट कर नया रिकॉर्ड अपने नाम कर लिया। इस विकेट के साथ वह टेस्ट क्रिकेट में पारी के पहले ओवर में सबसे ज्यादा विकेट लेने वाले गेंदबाज बन गए हैं। उन्होंने इंग्लैंड के दिग्गज तेज गेंदबाज जेम्स एंडरसन को पीछे छोड़ दिया।
पहली गेंद पर ही बांग्लादेश को झटका
ऑस्ट्रेलिया ने टॉस जीतकर पहले गेंदबाजी करने का फैसला किया। कप्तान पैट कमिंस के फैसले को मिचेल स्टार्क ने मैच की पहली ही गेंद पर सही साबित कर दिया। स्टार्क ने बांग्लादेश के सलामी बल्लेबाज शादमन इस्लाम को बिना खाता खोले आउट कर दिया। गेंद ने बल्लेबाज को चकमा दिया और शादमन कैच आउट हो गए।
यह स्टार्क का टेस्ट मैच की पहली गेंद पर विकेट लेने का चौथा मौका था। इससे पहले वह श्रीलंका के खिलाफ 2016, इंग्लैंड के खिलाफ 2021-22 और भारत के खिलाफ 2024 में टेस्ट मैच की पहली गेंद पर विकेट ले चुके हैं।
जेम्स एंडरसन का रिकॉर्ड टूटा
शादमन इस्लाम का विकेट लेते ही स्टार्क के टेस्ट करियर में पारी के पहले ओवर में विकेटों की संख्या 25 हो गई। इसके साथ उन्होंने जेम्स एंडरसन के 24 विकेट के रिकॉर्ड को पीछे छोड़ दिया। स्टार्क पहले से ही नई गेंद के सबसे खतरनाक गेंदबाजों में शामिल हैं और पिछले कुछ वर्षों में उन्होंने लगातार शुरुआती ओवरों में विकेट हासिल किए हैं।
स्टार्क की खासियत यह है कि वह नई गेंद से तेज गति के साथ स्विंग हासिल करते हैं। बाएं हाथ से गेंदबाजी करने के कारण उनका एंगल दाएं हाथ के बल्लेबाजों के लिए भी चुनौती पैदा करता है। यही वजह है कि टेस्ट क्रिकेट में वह कई बार विपक्षी टीम को शुरुआती ओवरों में ही बड़ा झटका देने में सफल रहे हैं।
पहले ओवर में तीन विकेट लेने का कारनामा भी कर चुके हैं
स्टार्क के नाम पहले ओवर से जुड़ा एक और शानदार रिकॉर्ड है। जुलाई 2025 में वेस्टइंडीज के खिलाफ किंग्स्टन टेस्ट में उन्होंने पारी के पहले ओवर में तीन विकेट चटकाए थे। उन्होंने जॉन कैंपबेल, केव्लॉन एंडरसन और ब्रैंडन किंग को आउट किया था। उस प्रदर्शन के साथ स्टार्क टेस्ट इतिहास में एक ओवर में तीन विकेट लेने वाले केवल दूसरे गेंदबाज बने थे। उनसे पहले यह कारनामा भारत के इरफान पठान ने 2006 में पाकिस्तान के खिलाफ किया था।
बांग्लादेश की पूरी टीम 64 रन पर ढेर
मैकाय टेस्ट में स्टार्क की गेंदबाजी का असर सिर्फ शुरुआती विकेट तक सीमित नहीं रहा। उन्होंने बांग्लादेश के बल्लेबाजी क्रम को पूरी तरह तहस-नहस कर दिया। बांग्लादेश की टीम पहली पारी में महज 64 रन पर ऑलआउट हो गई। स्टार्क ने इस पारी में कुल 6 विकेट हासिल किए।
स्टार्क ने शुरुआती चार ओवरों में ही पांच विकेट हासिल कर लिए थे। उनकी घातक गेंदबाजी के सामने बांग्लादेश के बल्लेबाज रन बनाने के लिए संघर्ष करते नजर आए। रॉयटर्स के अनुसार, स्टार्क ने पांच विकेट केवल 22 गेंदों के भीतर हासिल किए, जिससे बांग्लादेश की पारी बुरी तरह लड़खड़ा गई।
ऑस्ट्रेलिया के लिए शानदार वापसी का मौका
इस टेस्ट से पहले ऑस्ट्रेलिया को बांग्लादेश ने पहले टेस्ट में नौ विकेट से हराकर बड़ा उलटफेर किया था। ऐसे में दूसरे टेस्ट में ऑस्ट्रेलियाई टीम पर वापसी का दबाव था। स्टार्क ने गेंद से जिस तरह शुरुआत की, उसने ऑस्ट्रेलिया को मजबूत स्थिति में पहुंचा दिया।
मैकाय में खेले जा रहे इस टेस्ट को इस मैदान पर पहला टेस्ट मैच भी बताया जा रहा है। पिच पर अतिरिक्त उछाल और शुरुआती परिस्थितियों का स्टार्क ने भरपूर फायदा उठाया। उनकी तेज गति, स्विंग और सटीक लाइन-लेंथ ने बांग्लादेश के बल्लेबाजों को लगातार परेशान किया।
स्टार्क का रिकॉर्ड लगातार मजबूत
मिचेल स्टार्क लंबे समय से टेस्ट क्रिकेट के सबसे सफल तेज गेंदबाजों में शामिल हैं। 2025 में भी उन्होंने कई महत्वपूर्ण उपलब्धियां हासिल की थीं। वेस्टइंडीज के खिलाफ उन्होंने टेस्ट क्रिकेट में 400 विकेट पूरे किए थे और वह टेस्ट क्रिकेट में इस आंकड़े तक पहुंचने वाले सबसे तेज गेंदबाजों में शामिल रहे। उसी साल उन्होंने पाकिस्तान के महान तेज गेंदबाज वसीम अकरम को पीछे छोड़कर टेस्ट क्रिकेट में सबसे ज्यादा विकेट लेने वाले बाएं हाथ के तेज गेंदबाज का रिकॉर्ड भी अपने नाम किया था।
नई गेंद से लगातार विकेट लेने की उनकी क्षमता उन्हें बाकी तेज गेंदबाजों से अलग बनाती है। क्रिकेट ऑस्ट्रेलिया के आंकड़ों के मुताबिक, स्टार्क ने 2014-15 में भारत के खिलाफ मुरली विजय को आउट करने के साथ पहली बार टेस्ट की शुरुआती ओवर में विकेट लेने का सिलसिला शुरू किया था। इसके बाद उन्होंने दुनिया के कई प्रमुख बल्लेबाजों को शुरुआती ओवर में अपना शिकार बनाया।
रिकॉर्ड के साथ टीम को भी फायदा
स्टार्क का नया रिकॉर्ड केवल व्यक्तिगत उपलब्धि नहीं है, बल्कि ऑस्ट्रेलिया के लिए भी बेहद महत्वपूर्ण है। टेस्ट क्रिकेट में नई गेंद से शुरुआती विकेट मैच का रुख बदल सकते हैं। बांग्लादेश के खिलाफ दूसरे टेस्ट में स्टार्क ने पहले ही ओवर से ऐसा दबाव बनाया, जिसका असर पूरी पारी में दिखाई दिया।
बांग्लादेश की पूरी टीम 64 रन पर सिमट गई और स्टार्क ने छह विकेट लेकर ऑस्ट्रेलिया को शानदार शुरुआत दिलाई। इस प्रदर्शन ने यह भी साबित किया कि उम्र और लंबे करियर के बावजूद स्टार्क की तेज गेंदबाजी की धार अभी कम नहीं हुई है।
कुल मिलाकर, मिचेल स्टार्क ने बांग्लादेश के खिलाफ दूसरे टेस्ट में पहली ही गेंद पर विकेट लेकर इतिहास रचा और टेस्ट क्रिकेट की शुरुआती ओवरों में अपनी बादशाहत और मजबूत कर दी। जेम्स एंडरसन का रिकॉर्ड तोड़ना, पहली गेंद पर लगातार विकेट लेने की क्षमता और मैच में छह विकेट का प्रदर्शन स्टार्क के शानदार टेस्ट करियर में एक और यादगार अध्याय जोड़ता है।





