- Home
- /
- अन्य खबरें
- /
- धर्म-अध्यात्म
- /
- Shani Dev Ki Puja...
धर्म-अध्यात्म
Shani Dev Ki Puja Vidhi: शनिदेव की कृपा पाने के लिए करें ये 5 काम, जीवन में आएगी सुख-समृद्धि
Sarita
3 May 2025 6:25 AM IST

x
Shani Dev Ki Puja Vidhi: सप्ताह के सातों दिन सनातन धर्म में किसी न किसी देवी-देवता को समर्पित किए गए हैं, और उनमें से एक महत्वपूर्ण दिन शनिवार है, जो कर्म और न्याय के देवता शनिदेव को समर्पित किया गया है। शनिदेव को न्याय, कर्म और दंड का स्वामी माना जाता है, और उनका प्रभाव व्यक्ति के कर्मों के अनुसार होता है। शास्त्रों में यह कहा गया है कि जो व्यक्ति शनिदेव की पूजा सच्चे मन से करता है, उसे उसके अच्छे और बुरे कर्मों का फल निश्चित रूप से मिलता है, लेकिन शनिदेव की कृपा से जीवन में हर बुरा प्रभाव दूर हो सकता है।
धार्मिक ग्रंथों में शनिदेव की महिमा का विस्तार से वर्णन किया गया है। शनिदेव का आशीर्वाद पाने से व्यक्ति को जीवन में न्याय, सत्य और परिश्रम का मार्ग मिलता है। शनिदेव अपने भक्तों को उनके कर्मों का सही फल देते हैं, जो जीवन को संतुलित और निष्कलंक बनाता है। कहते हैं, शनिदेव की पूजा करने से व्यक्ति के जीवन की कठिनाइयां, मानसिक तनाव और कष्ट दूर होते हैं, और वह सच्चे मार्ग पर अग्रसर होता है। आइए अब जानते हैं, शनिदेव की पूजा करने के लिए कौन-कौन से नियमों का पालन करना चाहिए, ताकि हम उनके आशीर्वाद से जीवन में सुख, समृद्धि और न्याय का अनुभव कर सकें।
यदि आप शनिवार का व्रत करना चाहते हैं या फिर पहले से कर रहे हैं, तो इसका पालन बेहद श्रद्धा और नियमों के साथ करना चाहिए। सबसे पहले, शनिवार के व्रत से एक दिन पहले आपको मांस, मदिरा और तामसिक भोजन का सेवन छोड़ देना चाहिए, ताकि आप मानसिक और शारीरिक रूप से शुद्ध हो सकें।
शनिवार के दिन, प्रातः जल्दी उठकर स्नान करके स्वच्छ वस्त्र पहनें और शनिदेव के समक्ष पूजा का संकल्प लें। इसके बाद, पीपल के पेड़ के पास जाएं और वहां जल अर्पित करें। इस दौरान मन ही मन शनिदेव का ध्यान करते हुए सात परिक्रमा करें। यह परंपरा पीपल के पेड़ को सम्मान देने और शनिदेव की कृपा प्राप्त करने के लिए महत्वपूर्ण मानी जाती है। पीपल के पेड़ में कच्चा सूत लपेटने से भी पुण्य की प्राप्ति होती है।
व्रत रखने वाले व्यक्ति को मन, वचन और कर्म से शुद्ध होना चाहिए। इस दिन शनिदेव की कथा सुनना बहुत लाभकारी माना जाता है। और शाम के समय शनि देव की आरती करना जरूरी है, क्योंकि यह उनकी कृपा प्राप्त करने का एक प्रभावी तरीका है।
शनिवार के दिन लोहे की शनिदेव की मूर्ति की पूजा करने से विशेष फल मिलता है। इसके साथ ही काले तिल, सरसों का तेल, और काले वस्त्र को शनिदेव को अर्पित करें, क्योंकि ये सभी वस्तुएं शनिदेव को अत्यंत प्रिय मानी जाती हैं। शनिवार को कंबल का दान भी बहुत लाभकारी होता है, जो आपके पुण्य में वृद्धि करेगा।
इसके अलावा, जो व्यक्ति शनिदेव के मंत्रों और स्तोत्रों का जाप करता है, उसे शनि की पीड़ा से मुक्ति मिलती है। धार्मिक मान्यता के अनुसार, शनिवार के दिन स्नान के पानी में एक चुटकी लाल चंदन डालकर स्नान करना भी बेहद लाभकारी होता है। शनिवार के व्रत में आप फलाहार कर सकते हैं, लेकिन ध्यान रखें कि व्रत समाप्ति के बाद शनिदेव की पूजा करने के बाद ही व्रत का पारण करें, क्योंकि बिना पारण के शनिवार का व्रत अधूरा माना जाता है।
TagsShani DevPuja Vidhiशनिदेवकृपाकामसुख-समृद्धिShani Devblessingsworkhappiness and prosperityजनता से रिश्ता न्यूज़जनता से रिश्ताआज की ताजा न्यूज़हिंन्दी न्यूज़भारत न्यूज़खबरों का सिलसिलाआज की ब्रेंकिग न्यूज़आज की बड़ी खबरमिड डे अख़बारJanta Se Rishta NewsJanta Se RishtaToday's Latest NewsHindi NewsIndia NewsKhabron Ka SilsilaToday's Breaking NewsToday's Big NewsMid Day Newspaperजनताjantasamachar newssamacharहिंन्दी समाचार
Next Story





