- Home
- /
- अन्य खबरें
- /
- धर्म-अध्यात्म
- /
- Navratri 2025: व्रत...
धर्म-अध्यात्म
Navratri 2025: व्रत और योग के ये फायदे जान लेंगे तो व्रत रखना हो जाएगा आसान
Sarita
21 Sept 2025 7:21 AM IST

x
Navratri 2025: दरअसल, नवरात्रि जैसे आध्यात्म से भरे समय में योग करना न केवल सुरक्षित है, बल्कि ये शरीर, मन और आत्मा तीनों के संतुलन के लिए बेहद लाभकारी होता है। व्रत के दौरान योग करने से आपके शरीर से कई दिक्कतें काफी हद तक दूर रहती है। खासतौर पर ऐसा तब होता है, जब आप सही तरीके से और हल्के योगासन चुनते हैं, तो ये आपके उपवास को और भी अधिक प्रभावशाली बना सकता है।
पाचन शक्ति मजबूत होती है:
अगर आप नवरात्रि के व्रत के दौरान पवनमुक्तासन, वज्रासन और त्रिकोणासन जैसे योग करते हैं तो इससे आपकी पाचन शक्ति मजबूत होती है। व्रत के दौरान पाचन शक्ति को मजबूत करना जरूरी होता है, क्योंकि व्रत के दौरान हल्का भोजन लेने से पाचन तंत्र थोड़ा धीमा हो जाता है। इसलिए पवनमुक्तासन, वज्रासन और त्रिकोणासन जैसे आसनों का अभ्यास करें।
चिड़चिड़ापन कम होता है:
यदि आप नौ दिन के व्रत में चिड़चिड़े होने लगते हैं तो प्राणायाम, अनुलोम-विलोम और ध्यान को अपने नियमित रूटीन में शामिल करें। हम ऐसा इसलिए कह रहे हैं क्योंकि व्रत के दौरान कुछ लोग जल्दी थक जाते हैं, जिससे उन्हें चिड़चिड़ेपन का एहसास होता है। ऐसे समय में प्राणायाम, अनुलोम-विलोम और ध्यान आपकी मदद करेगा।
शरीर में ऊर्जा बनी रहती है:
यदि आप उन लोगों में से हैं जो जल्दी थक जाते हैं तो सूर्य नमस्कार, ताड़ासन जैसे योगासनों को व्रत के दौरान अपने रूटीन में शामिल करें। ये योगासन शरीर में रक्त संचार बढ़ाते हैं, जिससे दिनभर थकान नहीं लगती और शरीर में ऊर्जा बनी रहती है।
नींद की गुणवत्ता सुधरती है:
ज्यादातर लोगों की नींद कम खाने की वजह से खराब हो जाती है। ऐसे में अगर आप कुछ आसान योगासनों को अपने जीवन का हिस्सा बना लेंगे तो इससे नींद बेहतर होती है और थकान दूर रहती है। ये तब भी आपकी मदद करता है, जब नींद की गुणवत्ता खराब होने लगती है।
आत्मिक जुड़ाव और ध्यान में वृद्धि :
नवरात्रि आध्यात्मिकता समय होता है। ऐसे में अगर आपका मन ही स्थिर नहीं रहेगा, तो पूजा-पाठ का कोई फायदा नहीं। इसी के चलते नवरात्रि के नौ दिन के व्रत में योग और ध्यान अवश्य करें। इससे मन की स्थिरता बढ़ती है।
Next Story





