छापेमारी करने पहुंची पुलिस टीम ने की मारपीट, पिस्टल तानने का भी आरोप

यूपी। आगरा में फतेहाबाद की जमुना गली में गुरुवार देर रात इटावा पुलिस ने नगर पंचायत सदस्य विनोद गुप्ता के घर दबिश दी। दरवाजा नहीं खुलने पर पड़ोसियों के घर घुस गई। दरवाजे तोड़ दिए। जो मिला उसे पीटा। पिस्टल तानी। पुलिस 25 हजार के इनामी पूर्व नगर पालिका अध्यक्ष इटावा सिंटू उर्फ कुलदीप गुप्ता व अभिषेक तिवारी की तलाश में आई थी। दोनों नहीं मिले। पुलिस जाने से पहले सीसीटीवी कैमरों के डीवीआर निकाल ले गई। पुलिस की गुंडई के विरोध में शुक्रवार को व्यापारियों ने बाजार बंद कर दिया। सड़क पर उतर आए। अधिकारियों ने जैसे-तैसे समझाया।
घटना रात करीब डेढ़ बजे की है। इटावा पुलिस दो गाड़ियों से आई। पुलिस कर्मी सादा कपड़ों में थे। आते ही विनोद कुमार गुप्ता का दरवाजा पीटना शुरू कर दिया। परिजन दहशत में आ गए। दरवाजा नहीं खोला। पुलिस ने पड़ोसी अजय पंसारी का दरवाजा सरिया से तोड़ दिया। ऊपर जाने लगे। ऊपर सीढ़ियों का दरवाजा बंद था। उसे भी तोड़ दिया। अजय पंसारी के बेटे रितिक ने परिजनों को एक कमरे में बंद कर दिया। खुद बाहर आया। हाथ जोड़कर पुलिस कर्मियों से पूछा कि क्या हो गया। पुलिस कर्मियों ने उसे बुरी तरह पीटा। पुलिस छत कूदकर विनोद गुप्ता के घर में घुस गई। दरवाजा तोड़ने लगी। तभी विनोद का बेटा अंशुल बाहर आया। पुलिस कर्मियों ने उसे दबोच लिया। उस पर हथियार तान दिए। दरवाजा नहीं खुलवाने पर गोली मारने की धमकी दी।
वह भयभीत हो गया। दरवाजा खुलवाया। पुलिस कर्मियों ने पूरे घर की तलाशी ली। कोई नहीं मिला तो आग बबूला हो गए। शोर शराबा सुनकर पड़ोसी जमा हो गए। पुलिस ने भीड़ देखकर सभी को धमकाया। कहा कि किसी ने वीडियो बनाया तो खैर नहीं है। सभी को घरों के अंदर जाने की हिदायत दी। दो पुलिस कर्मी वर्दी में थे। उन्होंने पड़ोसी अमित कसरे का दरवाजा खुलवाया। उसके घर लगे सीसीटीवी कैमरे का डीवीआर कब्जे में लिया। उसके बाद अजय और विनोद के घर से भी डीवीआर को निकाल ले गए। रात में ही घटना की सूचना 112 नंबर पर दी गई। आरोप है कि आगरा पुलिस ने भी उस समय एक न सुनी। घटना से आक्रोशित व्यापारी सुबह एकजुट हो गए। बाजार बंद कर दिया। जमुना गली में एक भी दुकान नहीं खुली।





