
यूपी। कफ सिरप तस्करी का मामला छाया हुआ है। आरोपियों पर शिकंजा कसा जा रहा है। इस बीच हमीरपुर के मौदहा तहसील के सिचौलीपुरवा मोहल्ले में कफ सिरप ने एक घर में कोहराम मचा दिया। दो साल के मासूम की कफ सिरप पीने के बाद हालत बिगड़ी और कुछ देर बाद ही उसकी मौत हो गई। परिजनों का आरोप है कि एक निजी क्लीनिक में दी गई कफ सिरप के कारण ही उनके लाडले की जान गई है। इस घटना ने पूरे क्षेत्र में दहशत और आक्रोश का माहौल पैदा कर दिया है।
जानकारी के अनुसार, सिचौलीपुरवा निवासी ब्रजेश का दो वर्षीय बेटा कार्तिक पिछले कुछ दिनों से सामान्य सर्दी और जुकाम से पीड़ित था। मंगलवार की दोपहर कार्तिक की मां रोशनी उसे लेकर मोहल्ले में ही संचालित एक प्राइवेट क्लीनिक पहुंची। क्लीनिक चलाने वाली कथित महिला डॉक्टर ने बच्चे को देखा और अपने पास से ही एक कफ सिरप की बोतल थमा दी। डॉक्टर ने निर्देश दिया कि घर जाकर बच्चे को दवा की खुराक दे दी जाए।
मासूम को लेकर रोशनी घर लौटी और उसने डॉक्टर के बताए अनुसार कार्तिक को एक ढक्कन कफ सिरप पिलाया। परिजनों का दावा है कि दवा गले से नीचे उतरते ही बच्चे की स्थिति असामान्य होने लगी। कुछ ही पलों में मासूम बेहोश हो गया और उसके शरीर में कोई हलचल नहीं रही। घबराए हुए परिजन उसे आनन-फानन में लेकर सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र (CHC) भागे, लेकिन तब तक बहुत देर हो चुकी थी। सीएचसी के डॉक्टरों ने प्राथमिक जांच के बाद कार्तिक को मृत घोषित कर दिया।





