भारत

कांगड़ा के इंदौरा में बीडीसी काउंटिंग के परिणामों में भारी अंतर

Shantanu Roy
2 Jun 2026 3:50 PM IST
कांगड़ा के इंदौरा में बीडीसी काउंटिंग के परिणामों में भारी अंतर
x
Indora. इंदौरा। जिला कांगड़ा के इंदौरा में बीडीसी की मतगणना के दौरान एक हैरान करने वाला वाकया सामने आया। यहां एक प्रत्याशी को विजेता घोषित कर सर्टिफिकेट भी जारी कर दिया गया, लेकिन दोबारा हुई मतगणना में किसी और को विजेता बताया गया। इस घटना ने चुनावी प्रक्रिया की विश्वसनीयता पर बड़ा सवाल खड़ा कर दिया है। दरअसल ब्लॉक समिति निर्वाचन क्षेत्र वार्ड-22 सुरड़वां की मतगणना में पहले जारी किए गए परिणाम और बाद में हुई पुनर्गणना के परिणामों में भारी अंतर सामने आने से पूरे क्षेत्र में चर्चा का माहौल बना हुआ है। बताया जा रहा है कि प्रारंभिक मतगणना के बाद प्रशासन द्वारा जारी परिणाम में दर्शना देवी को 853 मत, बबली रानी को 468 तथा मंजीत कौर को 928 मत प्राप्त हुए। इन आंकड़ों के आधार पर मंजीत कौर को विजेता घोषित करते हुए उन्हें जीत का प्रमाण पत्र भी जारी कर दिया गया। प्रमाण पत्र प्राप्त करने के बाद मंजीत कौर अपने समर्थकों के साथ घर लौट गईं और क्षेत्र में जीत की खुशियां
मनाई जाने लगीं।


हालांकि कुछ समय बाद प्रत्याशी बबली रानी ने मतगणना प्रक्रिया पर आपत्ति दर्ज करवाई। शिकायत मिलने के बाद प्रशासन ने मामले को गंभीरता से लेते हुए मतों की दोबारा गिनती करवाने का निर्णय लिया। पुनर्गणना के बाद जो परिणाम सामने आए, उन्होंने सभी को हैरान कर दिया। दूसरी बार हुई मतगणना में आंकड़े पूरी तरह बदल गए। पुनर्गणना के अनुसार दर्शना देवी को 854 मत, मंजीत कौर को 469 मत प्राप्त हुए, जबकि पहले पराजित घोषित की गई बबली रानी को विजेता घोषित कर दिया गया। परिणामों में आए इस बड़े बदलाव ने चुनावी प्रक्रिया की विश्वसनीयता पर प्रश्नचिह्न लगा दिया है। लोगों का कहना है कि उपमंडल अधिकारी की निगरानी में चल रही मतगणना में इतनी बड़ी त्रुटि कैसे हो सकती है। लोगों के अनुसार पहले जारी परिणाम में 928 मत प्राप्त करने वाले प्रत्याशी को विजयी घोषित कर प्रमाण पत्र तक जारी कर दिया गया, जबकि बाद में पुनर्गणना में वही प्रत्याशी 469 मतों पर पहुंच गया। इसी प्रकार पहले 468 मत प्राप्त करने वाली प्रत्याशी बाद में विजेता घोषित कर दी गई। मतों के आंकड़ों में आए इस बड़े अंतर ने प्रशासन की कार्यप्रणाली को कटघरे में खड़ा कर दिया है। लोगों का मानना है कि इस पूरे मामले की निष्पक्ष जांच होनी चाहिए।
Next Story