प्रिंसिपल ने लंबे बाल रखने पर छात्र को स्कूल से निकाला, विवाद शुरू

यूपी। कानपुर से एक हैरान कर देने वाला मामला सामने आया है। जहां बाल न कटवाने पर एक छात्र का नाम स्कूल से ही काट दिया गया। जब परिजन की शिकायत लेकर स्कूल पहुंचे तो प्रिंसिपल ने टीसी काटकर थमा दिया। जिसके बाद परिजन बच्चे को लेकर डीएम ऑफिस पहुंचे और जिलाधिकारी से इस बात की शिकायत की। वहीं, ये मामला क्षेत्र में चर्चा का विषय बना हुआ है। पहले पढ़ाई के दौरान लंबे बालों को लेकर स्कूल की टीचर और प्रबंधन काफी नाराज हुआ करते थे। बदलते दौर में ऐसी शिकायतें होना बंद हो गई लेकिन फिर भी कुछ स्कूल ऐसे हैं जो आज भी बच्चों को अनुशासन में रखना पसंद करते हैं। ऐसे ही एक मामले में स्कूल ने छात्र को लंबे बाल काटने को कहा। छात्र ने चेतावनी के बाद भी ऐसा नहीं किया तो स्कूल ने छात्र का नाम ही काट दिया। अब छात्र के परिजन कानपुर प्रशासन के चक्कर काट रहे हैं। शुक्रवार को डीएम जितेंद्र प्रताप सिंह का जनता दर्शन चल रहा था। उसी दौरान मीरपुर कैंट की रहने वाली एक महिला अपने बेटे के साथ पहुंची।
महिला ने बताया कि उसका बेटा केंद्रीय विद्यालय में कक्षा 8 का छात्र है। महिला के अनुसार वह अपने बेटे के साथ अपनी मां के देहांत पर बीस दिन के लिए गई थी। वापस आने पर उनका बेटा जब एप्लीकेशन लेकर स्कूल गया तो बेटे को क्लास में नहीं बैठने दिया गया और टीसी पकड़ा दी गई। महिला चाहती थी कि उसके बेटे का फिर से स्कूल में दाखिला करवाया जाए। काफी मिन्नतों के बाद भी स्कूल प्रशासन नहीं माना।
स्कूल से नाम काटने का यह कारण डीएम जितेंद्र प्रताप सिंह के गले नहीं उतरा तो उन्होंने छात्र से सच्चाई पूछी। पूछने पर पता चला कि छात्र को लंबे बाल रखने का शौक है और इसके लिए उसको कई बार टोका भी जा चुका है। इसके बावजूद छात्र ने अपने बाल छोटे नहीं करवाए। कई बार अनुशासनहीनता की वजह से स्कूल ने छात्र का नाम काट दिया। वजह सामने आने के बाद जनता दर्शन में मौजूद अन्य लोग भी चौंक गए। परिजनों ने भी डीएम को भरोसा दिलाया कि अब आगे से ऐसा नहीं होगा और वे खुद अपने बेटे के बाल कटवा देंगे। वहीं, डीएम ने स्कूल प्रबंधन से बात करने की बात कही है।





