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चुनाव से पहले कांग्रेस को बड़ा झटका, नसीमुद्दीन सिद्दीकी ने दिया इस्तीफा
Shantanu Roy
24 Jan 2026 4:44 PM IST

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Uttar Pradesh. उत्तर प्रदेश। आगामी विधानसभा चुनाव से पहले कांग्रेस को उत्तर प्रदेश में बड़ा झटका लगा है। वेस्ट यूपी के पूर्व प्रांतीय अध्यक्ष और वरिष्ठ नेता नसीमुद्दीन सिद्दीकी ने शनिवार को कांग्रेस पार्टी की प्राथमिक सदस्यता से इस्तीफा दे दिया। उन्होंने यह इस्तीफा पार्टी अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड्गे, सोनिया गांधी, राहुल गांधी, प्रियंका गांधी, यूपी प्रभारी अविनाश पांडेय और प्रदेश अध्यक्ष अजय राय को भेजा।
सूत्रों के अनुसार, सिद्दीकी के इस्तीफे के बाद प्रदेश अध्यक्ष अजय राय उन्हें मनाने के लिए उनके घर जा सकते हैं। फिलहाल यह कांग्रेस के लिए यूपी में बड़ा झटका माना जा रहा है, क्योंकि विधानसभा चुनाव से पहले पार्टी को सियासी जमीन मजबूत करने की चुनौती है। शनिवार दोपहर सिद्दीकी ने अपना इस्तीफा पार्टी नेतृत्व को भेजा। इसमें राष्ट्रीय अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड्गे समेत सभी सीनियर नेता शामिल हैं। हालांकि, उन्होंने अचानक इस्तीफा क्यों दिया, इसकी स्पष्ट जानकारी अभी तक सामने नहीं आई है। शुरुआती जानकारी के अनुसार, प्रदेश के वरिष्ठ नेताओं को उनसे बात करने के लिए भेजा गया है।
उत्तर प्रदेश में विधानसभा चुनाव की तैयारियों के बीच यह कदम कांग्रेस के लिए चिंताजनक है। सिद्दीकी की पार्टी से दूरी और उनके इस्तीफे से पार्टी की संगठनात्मक स्थिति पर असर पड़ सकता है। पूर्व प्रांतीय अध्यक्ष के रूप में उनका अनुभव और राजनीतिक पकड़ पार्टी के लिए महत्वपूर्ण मानी जाती थी। राजनीतिक विशेषज्ञों का मानना है कि यूपी जैसे महत्वपूर्ण राज्य में विधानसभा चुनाव से पहले यह इस्तीफा कांग्रेस के लिए सियासी चुनौती बढ़ा सकता है। पार्टी नेतृत्व फिलहाल स्थिति को संभालने और सिद्दीकी को मनाने के प्रयास कर रहा है।
सिद्दीकी ने इस्तीफा भेजते समय किसी कारण का स्पष्ट उल्लेख नहीं किया। लेकिन राजनीतिक गलियारों में चर्चा है कि आगामी चुनाव और संगठनात्मक मामलों को लेकर मतभेद इस कदम के पीछे हो सकते हैं। यूपी कांग्रेस के लिए यह समय बेहद संवेदनशील माना जा रहा है, क्योंकि राज्य की सियासी परिस्थिति चुनाव से पहले लगातार बदल रही है। कांग्रेस अब इस मामले को संभालने और संगठन को मजबूत करने के लिए वरिष्ठ नेताओं की मदद ले रही है। इस दौरान पार्टी के अन्य नेताओं और कार्यकर्ताओं के बीच स्थिति को नियंत्रण में रखने की कोशिश की जा रही है।
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