शिक्षा मंत्री के बंगले के बाहर भारी हंगामा, टीचर भर्ती मामले में सुनवाई टलने पर भड़के अभ्यर्थी

यूपी। लखनऊ में 69000 शिक्षक भर्ती मामले को लेकर अभ्यर्थियों ने बेसिक शिक्षा मंत्री संदीप सिंह के आवास पर अचानक पहुंचकर प्रदर्शन किया. अभ्यर्थियों का कहना है कि इस मामले की सुनवाई पिछले एक साल से सुप्रीम कोर्ट में अटकी हुई है, क्योंकि सरकार की ओर से कोई वकील कोर्ट में पेश ही नहीं हो रहा.
उनकी शिकायत है कि सरकार सुनवाई टाल रही है और उनकी परेशानी की तरफ कोई ध्यान नहीं दे रही. 1 साल से सुप्रीम कोर्ट में सरकार की तरफ से सुनवाई पर वकील खड़ा नहीं होने के चलते नहीं हो पा रही सुनवाई. प्रदर्शन कर रहे उम्मीदवारों ने बताया कि वे एक साल से कोर्ट के दरवाजे खटखटा रहे हैं, लेकिन जब सरकार की तरफ से कोई वकील ही नहीं खड़ा होता, तो सुनवाई आगे कैसे बढ़े? नाराज अभ्यर्थियों ने चेतावनी दी है कि अगर सरकार जल्द कदम नहीं उठाती, तो वे बिहार के गांव-गांव जाकर लोगों को बताएंगे कि उत्तर प्रदेश की सरकार दलित विरोधी है. उन्होंने कहा कि सरकार दलितों से वोट तो लेती है, लेकिन उनके हक के लिए अदालत में खड़ा होने तक की जहमत नहीं उठाती. प्रदर्शन के दौरान उम्मीदवारों ने मांग की कि सरकार तुरंत सुप्रीम कोर्ट में वकील नियुक्त करे और सुनवाई शुरू करवाए, ताकि सालों से अटके इस मामले में न्याय मिल सके.
नाराज़ उम्मीदवारों ने चेतावनी दी है कि अगर सरकार ने जल्द कदम नहीं उठाया, तो वे बिहार के गांव-गांव जाकर लोगों को बताएंगे कि यूपी सरकार दलित विरोधी है — जो वोट तो लेती है, लेकिन न्याय नहीं देती. 1 साल से 69000 शिक्षक भर्ती मामले में सरकारी वकील खड़ा नहीं होने पाने के चलते नहीं हो पा रही सुनवाई.





