बहन की हरकतों से खफा हुआ भाई, मां के साथ मिलकर उतारा मौत के घाट

यूपी। गोंडा में बीते दिनों मिली अज्ञात युवती की लाश के मामले में पुलिस ने बड़ा खुलासा किया है.पुलिस ने बस्ती की मृतका के मां व भाई को गिरफ्तार किया है. साथ ही हत्या में उपयोग की गई गाड़ी को भी बरामद किया है. पुलिस अधीक्षक विनीत जायसवाल ने बताया कि घर वालों के मना करने के बावजूद 20 साल की युवती किसी से फोन पर बात किया करती थी जिससे गुस्साए भाई ने पहले तो बहन को काफी मारा पीटा, फिर अपनी मां के साथ मिलकर उसके हाथ पैर बांध दिए और बलेनो गाड़ी के डिक्की में डाल दिया. इसके बाद अपने मामा के लड़के के संग सुनसान स्थान पर ले गया और रस्सी से गला कसकर उसकी जान ले ली.
बाद में उसकी लाश को गोंडा के तरबगंज थाना क्षेत्र के सन्नाटे वाली जगह पर फेंक दिया. इतने के बाद भी वह कहीं किसी तरह जिंदा न बच जाए ये सुनिश्चित करने के लिए उसने शव पर गाड़ी चढ़ाई और फरार हो गया. एसपी ने इस ब्लाइंड मर्डर केस का खुलासा करने वाली टीम को 25 हजार रुपए के इनाम दिया है.
बता दें कि गोंडा के तरबगंज थाना क्षेत्र के बंधे वाली सड़क पर बीते 17 नवंबर की सुबह एक अज्ञात युवती का शव पड़ा होने की सूचना मिलने से सनसनी फैल गई थी. शव का हाथ रस्सी से बंधा था. पुलिस ने शिनाख्त के काफी प्रयास किए लेकिन असफलता ही हाथ लगी थी. इस बीच शव के पोस्टमॉर्टम में गला कस कर हत्या और एंटी मार्टम इंजरी की रिपोर्ट आई. ऐसे पर घटना की गंभीरता को देखते हुए एसपी ने सर्विलांस व एसओजी समेत 5 टीमों का गठन किया. टीम सीसीटीवी सर्विलांस के मदद से बस्ती जनपद के थाना वर्ल्टरगंज के परसा जागीर गणेशपुर पहुंच गई. यहां उन्होंने मनीष और उनकी मां निर्मला देवी को हिरासत में लिया. पूछताछ की तब दोनों ने घटना के बारे में बताया. आज पुलिस अधीक्षक विनीत जायसवाल ने घटना का खुलासा किया.
पुलिस अधीक्षक विनीत जायसवाल ने बताया कि दिनांक 17 नवंबर की भोर में थाना तरबगंज पुलिस को सूचना प्राप्त हुई थी कि थाना क्षेत्र अंतर्गत एक बंधे वाली सुनसान सड़क है जिस पर एक अज्ञात युवती का शव पड़ा हुआ है सूचना पर तत्काल पुलिस उच्चाधिकारियों समेत फॉरेंसिक टीम द्वारा घटना का निरीक्षण किया गया. युवती की उम्र करीब 20-22 साल प्रतीत हो रही थी. उसके शव को पोस्टमार्टम हेतु भेजा गया शव के शिनाख्त के प्रयास भी कराए गए. लड़की की पहचान अनुराधा के रूप में हुई जिसे उसके ही भाई मनीष और मां निर्मला देवी ने बड़ी बेरहमी से मौत के घाट उतार दिया था.





