जेल से छूटते ही शख्स ने की पत्नी की हत्या, फिर खुद किया सुसाइड

यूपी। उन्नाव में ई-रिक्शा चोरी के मामले में जेल से बाहर आए युवक ने गला घोंटकर पत्नी की हत्या कर दी। इसके बाद अपने गले में रस्सी का फंदा डालकर छत से कूद गया। फंदा लगने से उसकी भी मौत हो गई। सूचना पर पहुंची पुलिस ने जांच के बाद दोनों शवों को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। लोगों ने बताया कि मंगलवार पूरी रात दोनों लड़ते-झगड़ते रहे।
नौनिहालगंज मोहल्ला निवासी 42 वर्षीय संजय छह महीने पहले ई-रिक्शा चोरी के मामले में कानपुर से जेल गया था। तीन महीने वह जेल में रहा। कुछ ही दिन पहले वह छूटा था। आसपास के लोगों ने बताया कि घर आने के बाद पत्नी वंदना के साथ उसका बर्ताव ठीक नहीं था। वह उसके चरित्र पर शक करता था। शराब के नशे में आएदिन दोनों में विवाद होता था। मंगलवार पूरी रात दोनों लड़ते-झगड़ते रहे। बुधवार सुबह संजय ने गला घोंटकर वंदना को मौत के घाट उतार दिया। वारदात को अंजाम देने के बाद उसने शोर मचाया और छत पर चढ़ गया। मोहल्ले के लोगों को आता देख उसने रस्सी दो मंजिला छत पर बांधी और अपने गले में फंदा डालकर नीचे कूद गया। गले में फंदा कसने से चीखें निकल गईं और कुछ देर तड़पने के बाद मौत हो गई। अंदर से बंद दरवाजा खोला गया तो वंदना का शव जमीन पर पड़ा था। इंस्पेक्टर ने बताया कि पोस्टमार्टम रिपोर्ट और जांच के आधार पर आगे की कार्रवाई तय होगी।
अपराध, अविश्वास और शराब की लत ने एक परिवार को पूरी तरह तबाह कर दिया। जिस घर में कभी पति-पत्नी के बीच साथ निभाने के वादे किए गए थे, वहीं एक रात रिश्तों का गला घोंट दिया गया। जेल से बाहर आए संजय की शंकालु सोच और हिंसक प्रवृत्ति ने पहले पत्नी की जान ली, फिर खुद उसे भी मौत के फंदे तक पहुंचा दिया। ई-रिक्शा चलाकर दिनभर की कमाई शाम होते-होते शराब में उड़ा देता था। घर में खाने को अनाज नहीं, ओढ़ने-बिछाने को बिस्तर नहीं और रिश्तों में सुकून नहीं बचा था। इसी बदहाली और कलह के बीच मंगलवार रात शुरू हुआ पति-पत्नी का विवाद बुधवार सुबह दो लाशों में तब्दील हो गया।





