- Home
- /
- राज्य
- /
- पश्चिम बंगाल
- /
- ईडी ने मनी लॉन्ड्रिंग...
पश्चिम बंगाल
ईडी ने मनी लॉन्ड्रिंग मामले में जय एस. कामदार को किया गिरफ्तार
SHIDDHANT
20 April 2026 8:42 PM IST

x
Kolkata कोलकाता। प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) के कोलकाता जोनल कार्यालय ने मनी लॉन्ड्रिंग रोकथाम अधिनियम (पीएमएलए), 2002 की धारा 19(1) के तहत जय एस. कामदार को गिरफ्तार किया है। यह कार्रवाई बिस्वजीत पोद्दार उर्फ सोना पप्पू और अन्य लोगों से जुड़े कथित मनी लॉन्ड्रिंग मामले की जांच के सिलसिले में की गई है। गिरफ्तारी के बाद आरोपी को 20 अप्रैल 2026 को कोलकाता स्थित बिचार भवन में विशेष अदालत के समक्ष पेश किया गया। अदालत ने मामले की गंभीरता को देखते हुए ईडी को आगे की जांच के लिए नौ दिनों की हिरासत प्रदान की है। इससे पहले 19 अप्रैल को ईडी ने कोलकाता और बैरकपुर में छह अलग-अलग स्थानों पर तलाशी अभियान भी चलाया था। इस दौरान पुलिस उपायुक्त शांतनु सिन्हा बिस्वास और जय एस. कामदार के आवासों की भी जांच की गई और कई महत्वपूर्ण दस्तावेज और डिजिटल साक्ष्य जब्त किए गए।
जांच एजेंसी के अनुसार, प्रारंभिक जांच में यह सामने आया है कि जय एस. कामदार का सोना पप्पू, उर्फ बिस्वजीत पोद्दार, के साथ घनिष्ठ संबंध था, और दोनों के बीच बड़े पैमाने पर वित्तीय लेन-देन होते थे। यह भी आरोप है कि कामदार ने बिस्वजीत पोद्दार की पत्नी, सोमा सोनार पोद्दार, को हथियार भी उपलब्ध कराए थे, हालांकि उन्होंने इस संबंध में किसी भी जानकारी से इनकार किया है। ईडी की जांच में यह भी पता चला है कि जय एस. कामदार कई फर्जी कंपनियों यानी शेल कंपनियों के माध्यम से अवैध घरेलू और अंतरराष्ट्रीय हवाला लेन-देन में शामिल था। इन कंपनियों की विस्तृत जांच अभी जारी है। एजेंसी का कहना है कि इन लेन-देन के जरिए बड़ी मात्रा में अवैध धन को इधर-उधर किया गया।
इसके अलावा जांच में यह भी सामने आया है कि जय एस. कामदार का कुछ पुलिस अधिकारियों के साथ भी करीबी संपर्क था। आरोप है कि वह इन अधिकारियों और उनके परिवारों को महंगे उपहार और अन्य लाभ देता था, ताकि अपने अवैध कामों में उसे सहयोग मिल सके। जांच में यह भी संकेत मिले हैं कि उसने अपने प्रभाव का इस्तेमाल कर कुछ मामलों में निर्दोष लोगों के खिलाफ शिकायतें दर्ज करवाईं और संपत्तियों पर कब्जा करने की कोशिश की। ईडी ने इससे पहले 1 अप्रैल 2026 को भी इसी मामले में छापेमारी की थी, जिसमें लगभग 1.47 करोड़ रुपए नकद, सोने-चांदी के आभूषण जिनकी कीमत करीब 67.64 लाख रुपए थी, एक फॉर्च्यूनर वाहन, एक बिना लाइसेंस की रिवॉल्वर, कई दस्तावेज और डिजिटल उपकरण जब्त किए गए थे। जांच में कई अचल संपत्तियों की भी पहचान हुई है, जो कथित तौर पर अवैध गतिविधियों से अर्जित की गई हैं।
एजेंसी के अनुसार, अपराध से अर्जित धन का उपयोग जबरन वसूली, रियल एस्टेट संपत्तियों पर कब्जा करने और बिना अनुमति निर्माण गतिविधियों में किया गया है। इस पूरे मामले की जांच अभी जारी है और आगे और खुलासे होने की संभावना जताई जा रही है।
Tagsईडी कार्रवाईमनी लॉन्ड्रिंगजय एस कामदारकोलकातासोना पप्पूबिस्वजीत पोद्दारछापेमारीहवालाशेल कंपनियांगिरफ्तारीPMLAजनता से रिश्ता न्यूज़जनता से रिश्ताआज की ताजा न्यूज़हिंन्दी न्यूज़भारत न्यूज़खबरों का सिलसिलाआज की ब्रेंकिग न्यूज़आज की बड़ी खबरमिड डे अख़बारहिंन्दी समाचारजनताJanta Se Rishta NewsJanta Se RishtaToday's Latest NewsHindi NewsIndia NewsKhabron Ka SilsilaToday's Breaking NewsToday's Big NewsMid Day Newspaperjantasamachar newssamacharHindi newsED actionmoney launderingJay S KamdarKolkataSona PappuBiswajit Poddarraidshawalashell companiesarrest
Next Story





