पश्चिम बंगाल

अभिषेक बनर्जी का बैंक खाता और कार्ड फिर सक्रिय, हाई कोर्ट में याचिका निपटी

Kavita2
24 Aug 2026 3:49 PM IST
अभिषेक बनर्जी का बैंक खाता और कार्ड फिर सक्रिय, हाई कोर्ट में याचिका निपटी
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कोलकाता। तृणमूल कांग्रेस (TMC) सांसद अभिषेक बनर्जी के बैंक खाते और डेबिट-क्रेडिट कार्ड फ्रीज किए जाने के मामले में कलकत्ता हाई कोर्ट ने सोमवार को उनकी याचिका का निपटारा कर दिया। अदालत के समक्ष बताया गया कि संबंधित निजी बैंक में आवश्यक KYC दस्तावेज जमा किए जाने के बाद बैंक खाता और दोनों कार्ड फिर से सक्रिय कर दिए गए हैं।

मामला उस समय सामने आया था, जब डायमंड हार्बर से सांसद अभिषेक बनर्जी का बैंक खाता कथित तौर पर फ्रीज कर दिया गया था और उनके डेबिट तथा क्रेडिट कार्ड भी ब्लॉक कर दिए गए थे। उनके वकील ने अदालत को बताया कि यह कार्रवाई 10 अगस्त को हुई थी। उसी अवधि में सुप्रीम कोर्ट ने अभिषेक बनर्जी को चिकित्सकीय कारणों से विदेश जाने की अनुमति दी थी।

KYC दस्तावेज जमा होने के बाद राहत

कलकत्ता हाई कोर्ट में मामले की सुनवाई के दौरान अभिषेक बनर्जी की ओर से बताया गया कि बैंक की ओर से आवश्यक KYC दस्तावेज मांगे गए थे। दस्तावेज जमा किए जाने के बाद बैंक खाते के साथ-साथ डेबिट और क्रेडिट कार्ड भी दोबारा सक्रिय कर दिए गए।

इस जानकारी के सामने आने के बाद अदालत ने अभिषेक बनर्जी की याचिका का निपटारा कर दिया। यानी जिस बैंक खाते और कार्ड को लेकर याचिका दाखिल की गई थी, उसे लेकर तत्काल राहत की स्थिति बन गई है।

10 अगस्त को फ्रीज हुआ था खाता

अभिषेक बनर्जी के वकील अयन भट्टाचार्य ने अदालत को बताया कि 10 अगस्त को उनका बैंक खाता फ्रीज किया गया था। इसके साथ ही उनके डेबिट और क्रेडिट कार्ड भी ब्लॉक कर दिए गए थे।

वकील के मुताबिक, यह घटनाक्रम ऐसे समय हुआ जब सुप्रीम कोर्ट ने अभिषेक बनर्जी को चिकित्सकीय कारणों से विदेश जाने की अनुमति दी थी। ऐसे में बैंकिंग सुविधाओं के बाधित होने से उनके विदेश यात्रा से जुड़े खर्चों और वित्तीय लेन-देन को लेकर व्यावहारिक परेशानी पैदा हो सकती थी।

हालांकि, अब बैंक द्वारा KYC प्रक्रिया पूरी किए जाने के बाद खाते और कार्ड को सक्रिय कर दिया गया है।

अभिषेक इस सप्ताह विदेश जा सकते हैं

सुनवाई के दौरान अभिषेक बनर्जी के वकील ने अदालत को यह भी बताया कि डायमंड हार्बर सांसद इसी सप्ताह विदेश जाने की योजना बना रहे हैं। विदेश यात्रा चिकित्सकीय कारणों से प्रस्तावित है।

इससे पहले सुप्रीम कोर्ट ने उन्हें मेडिकल कारणों के आधार पर विदेश जाने की अनुमति दी थी। बैंक खाते और कार्ड के दोबारा सक्रिय होने से अब उनके लिए सामान्य बैंकिंग लेन-देन करना संभव होगा।

बैंक को KYC नियमों का पालन करना होता है

मामले की सुनवाई के दौरान KYC प्रक्रिया और बैंक की कार्रवाई को लेकर भी अदालत की टिप्पणी सामने आई। अदालत ने मौखिक रूप से कहा कि किसी ग्राहक के मामले में यदि KYC अपडेट करने की आवश्यकता है तो बैंक को पहले ग्राहक से आवश्यक जानकारी और दस्तावेज उपलब्ध कराने के लिए कहना चाहिए।

अदालत के अनुसार, KYC से जुड़ी औपचारिकताओं के लिए ग्राहक को उचित प्रक्रिया के तहत सूचित किया जाना चाहिए। शुरुआत में ही ग्राहक के डेबिट और क्रेडिट कार्ड ब्लॉक कर देना उचित प्रक्रिया नहीं मानी जानी चाहिए।

यह टिप्पणी इसलिए महत्वपूर्ण है क्योंकि बैंकिंग सेवाओं के संचालन में KYC प्रक्रिया अनिवार्य है, लेकिन ग्राहकों को अपनी जानकारी अपडेट करने का अवसर दिया जाना भी आवश्यक है।

हाई कोर्ट में उठाया गया था मामला

खाता और कार्ड फ्रीज किए जाने के बाद अभिषेक बनर्जी की ओर से कलकत्ता हाई कोर्ट का रुख किया गया था। याचिका में बैंकिंग सुविधाओं को बाधित किए जाने का मुद्दा उठाया गया था।

सुनवाई के दौरान अदालत के सामने बैंक खाते की वर्तमान स्थिति स्पष्ट की गई। बताया गया कि जरूरी KYC दस्तावेज बैंक में जमा किए जा चुके हैं और इसके बाद खाते तथा दोनों कार्ड को सक्रिय कर दिया गया है।

इस स्थिति को देखते हुए अदालत ने याचिका का निपटारा कर दिया।

राजनीतिक महत्व भी रहा मामला

अभिषेक बनर्जी तृणमूल कांग्रेस के प्रमुख नेताओं में शामिल हैं और पार्टी में उनकी महत्वपूर्ण भूमिका है। ऐसे में उनके बैंक खाते और कार्ड फ्रीज होने का मामला राजनीतिक रूप से भी चर्चा में रहा।

हालांकि अदालत में सामने आए तथ्यों के अनुसार, बैंक की ओर से KYC से संबंधित दस्तावेजों की आवश्यकता बताई गई थी और आवश्यक दस्तावेज जमा किए जाने के बाद सेवाएं बहाल कर दी गईं।

इसलिए फिलहाल बैंक खाता और दोनों कार्ड सक्रिय हैं और मामले में अदालत की कार्यवाही भी याचिका के निपटारे के साथ समाप्त हो गई है।

अब विदेश यात्रा पर नजर

अभिषेक बनर्जी के वकील द्वारा अदालत में दी गई जानकारी के अनुसार, सांसद इसी सप्ताह चिकित्सकीय कारणों से विदेश जा सकते हैं। ऐसे में बैंक खाता और कार्ड सक्रिय होने की जानकारी उनके लिए महत्वपूर्ण है।

सुप्रीम कोर्ट से विदेश जाने की अनुमति मिलने के बाद अब उनकी यात्रा से जुड़ी आगे की प्रक्रिया पर नजर रहेगी। दूसरी ओर, कलकत्ता हाई कोर्ट के समक्ष बैंक खाते से जुड़ी याचिका का निपटारा हो चुका है।

कुल मिलाकर, अभिषेक बनर्जी के बैंक खाते और डेबिट-क्रेडिट कार्ड फ्रीज किए जाने से शुरू हुआ मामला फिलहाल समाप्त हो गया है। आवश्यक KYC दस्तावेज जमा होने के बाद बैंकिंग सेवाएं बहाल कर दी गईं और कलकत्ता हाई कोर्ट ने सोमवार को याचिका का निपटारा कर दिया। अदालत की KYC प्रक्रिया को लेकर मौखिक टिप्पणी ने भी बैंक और ग्राहकों के बीच ऐसी परिस्थितियों में अपनाई जाने वाली प्रक्रिया को लेकर महत्वपूर्ण पहलू सामने रखा है।

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