Uttarakhand में ‘खेत बचाओ अभियान’ का शुभारंभ, रुद्रपुर में 369 करोड़ की परियोजनाओं का उद्घाटन

Udham Singh Nagar : रुद्रपुर के गांधी मैदान में कृषि विभाग द्वारा आयोजित 'खेत बचाओ अभियान' का उद्घाटन शुक्रवार को किया गया। इस अभियान का उद्घाटन केंद्रीय कृषि एवं किसान कल्याण और ग्रामीण विकास मंत्री शिवराज सिंह चौहान, उत्तराखंड के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी, कृषि एवं कैबिनेट मंत्री गणेश जोशी और ज़िला प्रभारी मंत्री तथा परिवहन एवं सूचना प्रौद्योगिकी मंत्री प्रदीप बत्रा ने पारंपरिक दीप जलाकर किया।
इस मौके पर 46.32 करोड़ रुपये की लागत वाली नौ विकास परियोजनाओं का उद्घाटन किया गया, जबकि 323.34 करोड़ रुपये की लागत वाली 32 विकास परियोजनाओं की आधारशिला रखी गई। इस तरह उद्घाटन और नई शुरू की गई परियोजनाओं का कुल मूल्य 369.66 करोड़ रुपये हो गया। ANI से बात करते हुए चौहान ने कहा कि मुख्यमंत्री धामी के नेतृत्व और प्रधानमंत्री के मार्गदर्शन में उत्तराखंड तेज़ी से विकास कर रहा है। उन्होंने कहा कि पारंपरिक खेती के साथ-साथ विविधीकरण (डायवर्सिफिकेशन) पर ध्यान देते हुए कृषि क्षेत्र में उल्लेखनीय प्रगति हुई है।
उन्होंने आगे कहा कि राज्य को बागवानी का केंद्र (हॉर्टिकल्चर हब) बनाने की कोशिशें चल रही हैं और न्यूज़ीलैंड तथा नीदरलैंड के सहयोग से उत्तराखंड में 'सेंटर ऑफ़ एक्सीलेंस' स्थापित किए जाएंगे। चौहान ने कहा, "...पुष्कर धामी के नेतृत्व और प्रधानमंत्री के आशीर्वाद व मार्गदर्शन में चल रहे विकास कार्यों से उत्तराखंड तेज़ी से प्रगति के पथ पर आगे बढ़ रहा है। हाल ही में कृषि क्षेत्र में भी उल्लेखनीय काम हुआ है, खासकर पारंपरिक तरीकों के साथ-साथ खेती में विविधीकरण के माध्यम से। राज्य को बागवानी का केंद्र बनाने के प्रयास जारी हैं... न्यूज़ीलैंड और नीदरलैंड के सहयोग से यहां 'सेंटर ऑफ़ एक्सीलेंस' स्थापित किए जाएंगे।" इसके अलावा, पंतनगर स्थित गोविंद बल्लभ पंत कृषि एवं प्रौद्योगिकी विश्वविद्यालय (GBPUAT) में दो दिवसीय 'एलुमनाई मीट' (पूर्व छात्र सम्मेलन) का उद्घाटन भी चौहान, उत्तराखंड के मुख्यमंत्री धामी और कैबिनेट मंत्री गणेश जोशी ने दीप जलाकर किया।
सभा को संबोधित करते हुए चौहान ने GBPUAT को एक प्रतिष्ठित संस्थान बताया। उन्होंने कहा कि इस संस्थान ने जाने-माने वैज्ञानिकों, नीति-निर्माताओं, कृषि उद्यमियों और कुशल पेशेवरों को तैयार करके भारतीय कृषि को आकार देने में ऐतिहासिक भूमिका निभाई है, जिन्होंने देश की कृषि और ग्रामीण अर्थव्यवस्था में महत्वपूर्ण योगदान दिया है। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री के मार्गदर्शन और मुख्यमंत्री धामी के नेतृत्व में, उत्तराखंड न केवल भारत, बल्कि दुनिया की आध्यात्मिक राजधानी के रूप में भी तेज़ी से उभर रहा है।





