उत्तराखंड

मसूरी में आपदा के बाद राहत और पुनर्निर्माण कार्य जोरों पर, युद्धस्तर पर जुटा प्रशासन

SHIDDHANT
20 Sept 2025 10:28 PM IST
मसूरी में आपदा के बाद राहत और पुनर्निर्माण कार्य जोरों पर, युद्धस्तर पर जुटा प्रशासन
x
uttrakhand उत्तराखंड। पहाड़ी क्षेत्रों में हाल ही में आई आपदा के बाद मसूरी में राहत और पुनर्निर्माण कार्य तेजी से चल रहे हैं। एसडीएम मसूरी राहुल आनंद ने प्रशासनिक टीम के साथ मकरेती गांव, खाड़ीपानी क्षेत्र और मसूरी-देहरादून रोड का दौरा कर स्थिति का जायजा लिया। आपदा के कारण हुए नुकसान को देखते हुए प्रशासन ने त्वरित कार्रवाई शुरू कर दी है, ताकि प्रभावित क्षेत्रों में सामान्य स्थिति बहाल की जा सके। एसडीएम राहुल आनंद ने बताया कि मकरेती गांव में आपदा के कारण 400 मीटर पेयजल पाइपलाइन क्षतिग्रस्त हो गई थी, जिससे लगभग 50 हजार लोग जल संकट का सामना कर रहे हैं। गढ़वाल जल संस्थान ने आश्वासन दिया है कि 24 घंटे के भीतर पेयजल आपूर्ति बहाल कर दी जाएगी।
देहरादून गढ़वाल जल संस्थान के अधीक्षण अभियंता राजीव सैनी ने कहा कि विभाग के कर्मचारी दिन-रात कार्य कर रहे हैं ताकि प्रभावित क्षेत्रों में जल्द से जल्द जलापूर्ति शुरू हो सके। आपदा ने कई परिवारों को गहरा आघात पहुंचाया है। एसडीएम ने मकरेती गांव में अजय कुमार से मुलाकात की, जिन्होंने हाल ही में दिल्ली पुलिस की भर्ती परीक्षा पास की है, लेकिन आपदा में अपने माता-पिता को खो दिया। प्रशासन ने अजय को हरसंभव सहायता का भरोसा दिलाया है। इसके अलावा, राजपुर ट्रैक के पास दरकती जमीन के कारण 8 परिवारों को खतरा बना हुआ है। प्रशासन ने इन परिवारों को सुरक्षित स्थानों पर स्थानांतरित करने के निर्देश दिए हैं और भूवैज्ञानिक (जियोलॉजिकल) टीम को क्षेत्र का निरीक्षण करने के लिए बुलाया गया है।
मसूरी-देहरादून मार्ग पर मलबा हटाने का कार्य भी तेजी से चल रहा है, ताकि त्योहारी और पर्यटन सीजन के दौरान आवागमन सुचारु रहे। भविष्य में नुकसान से बचने के लिए प्रशासन ने कई स्थानों पर आरसीसी वॉल और नदी चैनलाइजेशन कार्य शुरू करने का फैसला किया है। एसडीएम राहुल आनंद ने स्पष्ट किया कि नदी तलहटी में किसी भी निर्माण को अनुमति नहीं दी जाएगी। आपदा से प्रभावित रिहायशी संपत्तियों के लिए मुआवजा वितरित किया जा चुका है, जबकि व्यावसायिक संपत्तियों के नुकसान का आकलन जारी है। शासन स्तर पर मुआवजे के लिए कार्यवाही की जा रही है। नगर प्रशासन ने दुकानों और घरों के पुनर्निर्माण की योजना भी बनाई है।
एसडीएम राहुल आनंद ने बताया कि मकरेती गांव को पर्यटन हब के रूप में विकसित करने की योजना है, जिसके लिए विकास कार्य युद्धस्तर पर किए जाएंगे। प्रशासन की त्वरित कार्रवाई और स्थानीय लोगों के सहयोग से मसूरी धीरे-धीरे सामान्य स्थिति की ओर बढ़ रहा है। प्रभावित परिवारों को राहत और पुनर्वास के लिए प्रशासन पूरी तरह प्रतिबद्ध है।
Next Story