उत्तराखंड

कैंची के पास 150 मीटर नीचे शिप्रा नदी क्षेत्र में गिरा पिकअप, तीन गंभीर घायल

Kavita2
6 Oct 2026 1:32 PM IST
कैंची के पास 150 मीटर नीचे शिप्रा नदी क्षेत्र में गिरा पिकअप, तीन गंभीर घायल
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नैनीताल। हल्द्वानी से दूध लेकर अल्मोड़ा की ओर जा रहा एक पिकअप वाहन कैंची के समीप अनियंत्रित होकर करीब 150 मीटर नीचे शिप्रा नदी क्षेत्र में जा गिरा। हादसे में वाहन में सवार तीन लोग गंभीर रूप से घायल हो गए। दुर्घटना की सूचना मिलते ही कैंची पुलिस की टीम मौके पर पहुंची और कठिन परिस्थितियों के बीच रेस्क्यू अभियान चलाकर तीनों घायलों को खाई से बाहर निकाला।

जानकारी के अनुसार, पिकअप वाहन हल्द्वानी से दूध लेकर अल्मोड़ा की तरफ जा रहा था। कैंची के पास पहुंचते ही अचानक चालक वाहन पर नियंत्रण खो बैठा। वाहन सड़क से नीचे उतरते हुए करीब डेढ़ सौ मीटर नीचे शिप्रा नदी क्षेत्र में जा गिरा। हादसा इतना गंभीर था कि वाहन बुरी तरह क्षतिग्रस्त हो गया और उसमें सवार तीनों लोग घायल हो गए।

घटना के बाद आसपास मौजूद लोगों ने पुलिस को सूचना दी। सूचना मिलते ही कैंची पुलिस की टीम तत्काल मौके पर पहुंची। घटनास्थल बेहद दुर्गम होने और वाहन के काफी नीचे गिरने के कारण राहत एवं बचाव कार्य आसान नहीं था। पुलिसकर्मियों को नीचे उतरकर घायलों तक पहुंचना पड़ा।

रेस्क्यू टीम ने सावधानी के साथ तीनों घायलों को वाहन से बाहर निकाला। इसके बाद रस्सियों और अन्य साधनों की मदद से उन्हें ऊपर हाईवे तक पहुंचाया गया। पूरा रेस्क्यू अभियान काफी चुनौतीपूर्ण रहा, क्योंकि घटनास्थल खड़ी ढलान और नदी क्षेत्र में था।

हाईवे तक पहुंचाने के बाद तीनों घायलों को आपातकालीन 108 एंबुलेंस सेवा की मदद से सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र भवाली भेजा गया। यहां चिकित्सकों ने उनका प्राथमिक उपचार किया। घायलों की हालत गंभीर होने के कारण डॉक्टरों ने तीनों को बेहतर इलाज के लिए हायर सेंटर हल्द्वानी रेफर कर दिया।

बताया जा रहा है कि तीनों घायलों को शरीर के अलग-अलग हिस्सों में गंभीर चोटें आई हैं। हादसे की गंभीरता को देखते हुए डॉक्टरों ने उन्हें विशेष चिकित्सा निगरानी की जरूरत बताई। फिलहाल तीनों का उपचार हायर सेंटर में किया जा रहा है।

पुलिस हादसे के कारणों की जांच कर रही है। प्रारंभिक स्तर पर वाहन के असंतुलित होने की बात सामने आई है। हालांकि यह स्पष्ट नहीं है कि दुर्घटना तेज रफ्तार, सड़क की स्थिति, तकनीकी खराबी या किसी अन्य कारण से हुई। पुलिस जांच के बाद ही वास्तविक कारण सामने आ सकेगा।

कैंची क्षेत्र पहाड़ी सड़क होने के कारण वाहन चालकों के लिए संवेदनशील माना जाता है। इस मार्ग पर कई जगह तीखे मोड़ और ढलान हैं। ऐसे में थोड़ी सी लापरवाही भी गंभीर हादसे का कारण बन सकती है। दूध और अन्य सामान लेकर रोजाना बड़ी संख्या में छोटे मालवाहक वाहन इस मार्ग से गुजरते हैं।

हादसे के बाद स्थानीय लोगों ने भी राहत कार्य में पुलिस की मदद की। दुर्घटनास्थल नीचे होने के कारण घायल लोगों तक पहुंचना मुश्किल था। ऐसे में पुलिस और स्थानीय लोगों के संयुक्त प्रयास से घायलों को जल्द बाहर निकालना संभव हो सका।

दुर्घटना के बाद कुछ समय के लिए क्षेत्र में अफरा-तफरी की स्थिति बनी रही। सड़क पर भी लोगों की भीड़ जमा हो गई। राहत कार्य के दौरान यातायात व्यवस्था को भी संभालना पड़ा।

पुलिस ने घटनास्थल का निरीक्षण किया और वाहन की स्थिति की जानकारी जुटाई। अब यह पता लगाने की कोशिश की जा रही है कि दुर्घटना के समय वाहन की गति कितनी थी और क्या चालक को किसी तरह की तकनीकी समस्या का सामना करना पड़ा था।

पहाड़ी क्षेत्रों में सड़क हादसों का जोखिम हमेशा अधिक रहता है। खासकर जब वाहन सामान से लदे हों और उन्हें लंबे, घुमावदार रास्तों से गुजरना पड़े। ऐसे में वाहन की गति नियंत्रित रखना और ब्रेक तथा अन्य तकनीकी उपकरणों की नियमित जांच बेहद जरूरी मानी जाती है।

कैंची के पास हुआ यह हादसा एक बार फिर पहाड़ी मार्गों पर सावधानी की आवश्यकता को सामने लाता है। वाहन चालकों को ऐसे रास्तों पर मौसम, सड़क की स्थिति और मोड़ों को देखते हुए नियंत्रित गति से चलना चाहिए।

इस हादसे में गनीमत रही कि वाहन नदी क्षेत्र में गिरने के बावजूद तीनों लोगों को समय रहते बचा लिया गया। यदि पुलिस और स्थानीय लोगों की मदद में देरी होती, तो स्थिति और गंभीर हो सकती थी।

कैंची पुलिस की टीम ने रेस्क्यू अभियान के दौरान काफी मशक्कत की। करीब 150 मीटर नीचे उतरकर घायलों को वापस हाईवे तक लाना आसान नहीं था। टीम ने सभी को सुरक्षित ऊपर लाकर एंबुलेंस के माध्यम से अस्पताल पहुंचाया।

फिलहाल तीनों घायलों की हालत नाजुक बताई जा रही है और उनका उपचार हल्द्वानी के हायर सेंटर में जारी है। पुलिस वाहन के मालिक, चालक और अन्य संबंधित लोगों से भी जानकारी जुटा सकती है।

घटना के बाद यह भी देखा जाएगा कि वाहन में दूध का कितना सामान लदा था और कहीं ओवरलोडिंग तो हादसे का कारण नहीं बनी। हालांकि इस बारे में अभी कोई आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है।

पुलिस ने लोगों से पहाड़ी मार्गों पर वाहन चलाते समय अतिरिक्त सावधानी बरतने की अपील की है। विशेषकर रात, बारिश या फिसलन की स्थिति में गति नियंत्रित रखने और वाहन की तकनीकी स्थिति पहले से जांचने की सलाह दी जाती है।

फिलहाल हादसे की जांच जारी है और तीनों घायलों के स्वस्थ होने की कामना की जा रही है।

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