उत्तराखंड

पर्वतारोहियों के कौशल की CM धामी ने की तारीफ

Ratna Netam
27 Sept 2026 5:27 PM IST
पर्वतारोहियों के कौशल की CM धामी ने की तारीफ
x
देहरादून। उत्तराखंड के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने गुरुवार को देहरादून स्थित अपने कैंप कार्यालय से उत्तरकाशी के नेहरू पर्वतारोहण संस्थान (NIM) द्वारा आयोजित चार सफल पर्वतारोहण अभियानों को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया। इस अवसर पर मुख्यमंत्री ने अभियानों में शामिल पर्वतारोहियों को सफलतापूर्वक अभियान पूरा करने पर बधाई दी और कठिन परिस्थितियों में दिखाए गए उनके साहस, अनुशासन, तकनीकी कौशल और टीम भावना की सराहना की।इन पर्वतारोहण अभियानों में माउंट एकांकागुआ का संयुक्त अभियान भी शामिल रहा। इसे नेहरू पर्वतारोहण संस्थान, उत्तरकाशी ने पहलगाम स्थित जवाहर इंस्टीट्यूट ऑफ माउंटेनियरिंग एंड विंटर स्पोर्ट्स (JIM&WS) के सहयोग से पूरा किया। दोनों संस्थानों के संयुक्त प्रयास से आयोजित इस अभियान में पर्वतारोहियों ने ऊंचाई वाले चुनौतीपूर्ण क्षेत्रों में अपनी क्षमता और प्रशिक्षण का प्रदर्शन किया।
मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने चारों अभियानों के सफल समापन को पर्वतारोहियों की मेहनत और समर्पण का परिणाम बताया। उन्होंने कहा कि पर्वतारोहण केवल शारीरिक क्षमता की परीक्षा नहीं है, बल्कि इसमें मानसिक मजबूती, अनुशासन, तकनीकी जानकारी और टीम के साथ बेहतर तालमेल की भी महत्वपूर्ण भूमिका होती है।ऊंचाई वाले क्षेत्रों में पर्वतारोहियों को कई तरह की चुनौतियों का सामना करना पड़ता है। कठिन रास्ते, बदलता मौसम और ऊंचाई से जुड़ी परिस्थितियां किसी भी अभियान को चुनौतीपूर्ण बना सकती हैं। मुख्यमंत्री ने इन परिस्थितियों के बीच पर्वतारोहियों द्वारा दिखाए गए साहस की विशेष रूप से प्रशंसा की।
उन्होंने अभियान में शामिल सदस्यों की टीम भावना को भी सराहा। पर्वतारोहण के दौरान टीम के प्रत्येक सदस्य की भूमिका महत्वपूर्ण होती है। चुनौतीपूर्ण परिस्थितियों में आपसी सहयोग और बेहतर तालमेल अभियान को सफल बनाने में अहम भूमिका निभाता है। चारों सफल अभियानों के दौरान पर्वतारोहियों ने इसी टीम भावना का परिचय दिया।मुख्यमंत्री ने पर्वतारोहियों के तकनीकी कौशल का उल्लेख करते हुए कहा कि ऊंचाई वाले कठिन क्षेत्रों में आगे बढ़ने के लिए बेहतर प्रशिक्षण और तकनीकी दक्षता जरूरी होती है। पर्वतारोहियों ने अपने प्रशिक्षण और अनुभव का उपयोग करते हुए अभियानों को सफलतापूर्वक पूरा किया।
नेहरू पर्वतारोहण संस्थान उत्तरकाशी की ओर से आयोजित इन अभियानों के माध्यम से पर्वतारोहियों को चुनौतीपूर्ण परिस्थितियों में अपनी क्षमता दिखाने का अवसर मिला। पर्वतारोहण जैसे साहसिक क्षेत्र में प्रशिक्षण के साथ अनुशासन और धैर्य का विशेष महत्व होता है।माउंट एकांकागुआ अभियान में NIM और पहलगाम स्थित JIM&WS की संयुक्त भागीदारी भी महत्वपूर्ण रही। दोनों संस्थानों के सहयोग से आयोजित इस अभियान ने पर्वतारोहण प्रशिक्षण से जुड़े संस्थानों के बीच आपसी समन्वय और सहयोग को सामने रखा।
मुख्यमंत्री धामी ने अभियान में शामिल सभी पर्वतारोहियों को उनकी उपलब्धि के लिए शुभकामनाएं दीं। उन्होंने कहा कि ऐसे अभियान साहसिक गतिविधियों से जुड़े लोगों को प्रेरणा देते हैं। पर्वतारोहियों द्वारा कठिन परिस्थितियों में हासिल की गई सफलता दृढ़ इच्छाशक्ति और बेहतर प्रशिक्षण के महत्व को भी दर्शाती है।चारों पर्वतारोहण अभियानों के सफल समापन के बाद देहरादून में आयोजित कार्यक्रम में अभियान दलों की उपलब्धियों को सम्मान दिया गया। मुख्यमंत्री ने पर्वतारोहियों से मुलाकात कर उनके अनुभव और सफलता की सराहना की।
पर्वतारोहण अभियान के दौरान किसी भी टीम के लिए अनुशासन बेहद जरूरी होता है। ऊंचाई पर छोटी सी लापरवाही भी मुश्किल पैदा कर सकती है। इसी कारण पर्वतारोहियों को प्रशिक्षण के दौरान तकनीकी कौशल के साथ सुरक्षा, टीमवर्क और अनुशासन पर विशेष ध्यान दिया जाता है।मुख्यमंत्री ने पर्वतारोहियों के इसी अनुशासन की प्रशंसा करते हुए कहा कि उन्होंने चुनौतीपूर्ण परिस्थितियों में बेहतर तालमेल और साहस दिखाया। उन्होंने अभियान दलों के सदस्यों को भविष्य के लिए भी शुभकामनाएं दीं।
उत्तरकाशी स्थित नेहरू पर्वतारोहण संस्थान पर्वतारोहण और साहसिक गतिविधियों से जुड़े प्रशिक्षण के लिए जाना जाता है। संस्थान के माध्यम से पर्वतारोहियों को अलग-अलग परिस्थितियों में प्रशिक्षण और अभियान का अनुभव प्राप्त होता है। चार सफल पर्वतारोहण अभियानों का आयोजन भी इसी क्रम में किया गया।पर्वतारोहण केवल किसी ऊंची चोटी तक पहुंचने का प्रयास नहीं होता, बल्कि इसके लिए लंबे समय तक तैयारी करनी पड़ती है। शारीरिक फिटनेस के साथ मानसिक तैयारी और तकनीकी जानकारी अभियान की सफलता में महत्वपूर्ण होती है। कठिन परिस्थितियों में टीम के साथ मिलकर आगे बढ़ना भी पर्वतारोहण का अहम हिस्सा है।
चारों अभियानों के सफल समापन ने अभियान दलों की तैयारियों और कौशल को सामने रखा। मुख्यमंत्री धामी ने इसी उपलब्धि की सराहना करते हुए पर्वतारोहियों के साहस को प्रेरणादायक बताया।माउंट एकांकागुआ के संयुक्त अभियान में दो पर्वतारोहण संस्थानों का सहयोग रहा। उत्तरकाशी स्थित NIM और पहलगाम स्थित JIM&WS ने मिलकर अभियान को आगे बढ़ाया। संयुक्त अभियान के दौरान पर्वतारोहियों ने प्रशिक्षण, तकनीकी क्षमता और टीमवर्क का प्रदर्शन किया।
मुख्यमंत्री ने कहा कि ऊंचाई वाले कठिन क्षेत्रों में पर्वतारोहण करना चुनौतीपूर्ण कार्य है। ऐसी परिस्थितियों में साहस के साथ संयम बनाए रखना और तकनीकी कौशल का सही इस्तेमाल करना आवश्यक होता है। अभियान में शामिल पर्वतारोहियों ने इन सभी पहलुओं में अपनी क्षमता दिखाई।देहरादून स्थित मुख्यमंत्री कैंप कार्यालय में आयोजित कार्यक्रम के दौरान चारों सफल पर्वतारोहण अभियानों को हरी झंडी दिखाई गई। इस अवसर पर अभियान दलों की सफलता और उनके प्रयासों को प्रमुखता से सराहा गया।
मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने सभी पर्वतारोहियों को बधाई देते हुए उनके उज्ज्वल भविष्य की कामना की। उन्होंने विशेष रूप से साहस, अनुशासन, तकनीकी कौशल और टीम भावना को पर्वतारोहण अभियान की सफलता के महत्वपूर्ण आधार के रूप में रेखांकित किया।कुल मिलाकर नेहरू पर्वतारोहण संस्थान, उत्तरकाशी द्वारा आयोजित चार पर्वतारोहण अभियानों के सफल समापन पर मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने पर्वतारोहियों का उत्साह बढ़ाया। माउंट एकांकागुआ के संयुक्त अभियान सहित सभी अभियानों में शामिल पर्वतारोहियों की उपलब्धियों की सराहना करते हुए उन्होंने कठिन और ऊंचाई वाले क्षेत्रों में दिखाए गए साहस, अनुशासन, तकनीकी दक्षता और टीम भावना को विशेष रूप से सराहा।
Next Story