उत्तर प्रदेश

NCR में तय समय के बाद भी चल रहे ईंट भट्ठों पर सख्ती

Kavita2
3 July 2026 4:52 PM IST
NCR में तय समय के बाद भी चल रहे ईंट भट्ठों पर सख्ती
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Uttar Pradesh उत्तर प्रदेश: राष्ट्रीय राजधानी क्षेत्र (National Capital Region) में निर्धारित अवधि समाप्त होने के बाद भी ईंट भट्ठों के संचालन की शिकायतें सामने आने पर प्रदूषण नियंत्रण विभाग ने सख्त रुख अपनाया है। विभाग ने गुरुवार को सभी भट्ठा संचालकों को अंतिम चेतावनी जारी करते हुए स्पष्ट कर दिया है कि नियमों का उल्लंघन किसी भी स्थिति में बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।

विभाग के अनुसार एनसीआर में ईंट भट्ठों के संचालन की निर्धारित अवधि हर साल 1 मार्च से 30 जून तक तय की जाती है। इस अवधि के बाद किसी भी ईंट भट्ठे को संचालन की अनुमति नहीं होती, ताकि वायु प्रदूषण को नियंत्रित किया जा सके और पर्यावरणीय मानकों का पालन सुनिश्चित हो सके।

इसके बावजूद विभिन्न इलाकों से शिकायतें मिल रही थीं कि कुछ ईंट भट्ठे तय समय सीमा समाप्त होने के बाद भी लगातार संचालित किए जा रहे हैं। इन शिकायतों के बाद विभाग ने जांच शुरू की और नियम उल्लंघन की आशंका पर नोटिस जारी किया।

प्रदूषण नियंत्रण विभाग ने अपने निर्देश में कहा है कि यदि अब किसी भी क्षेत्र में ईंट भट्ठा संचालित पाया जाता है, तो संबंधित संचालकों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी। इसमें जुर्माना, संचालन बंद कराने और अन्य कानूनी कदम शामिल हो सकते हैं।

अधिकारियों ने बताया कि गर्मी के मौसम के बाद भी भट्ठों का संचालन वायु गुणवत्ता पर गंभीर असर डालता है। इसी वजह से संचालन अवधि को सीमित रखा गया है ताकि पर्यावरणीय संतुलन बनाए रखा जा सके।

विभाग ने सभी भट्ठा संचालकों को नियमों का पालन करने की सख्त हिदायत दी है और कहा है कि यह अंतिम चेतावनी है। इसके बाद किसी भी तरह की ढील नहीं दी जाएगी।

स्थानीय प्रशासन को भी निर्देश दिए गए हैं कि वे अपने-अपने क्षेत्रों में नियमित निगरानी रखें और अवैध रूप से चल रहे भट्ठों की तुरंत रिपोर्ट करें। साथ ही, उल्लंघन पाए जाने पर मौके पर ही कार्रवाई सुनिश्चित की जाए।

पर्यावरण विशेषज्ञों का मानना है कि ईंट भट्ठों का अनियंत्रित संचालन वायु प्रदूषण का एक बड़ा कारण बनता है, खासकर एनसीआर जैसे संवेदनशील क्षेत्र में, जहां पहले से ही प्रदूषण का स्तर अधिक रहता है।

फिलहाल विभाग की इस चेतावनी के बाद भट्ठा संचालकों में हलचल देखी जा रही है और कई जगहों पर संचालन बंद करने की प्रक्रिया शुरू होने की जानकारी भी सामने आई है।

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