उत्तर प्रदेश

रेलवे को मिली नई रफ्तार, थर्ड लाइन का ट्रायल सफल

Saba Naaz
10 July 2026 8:05 PM IST
रेलवे को मिली नई रफ्तार, थर्ड लाइन का ट्रायल सफल
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गोरखपुर। पूर्वोत्तर रेलवे ने गोंडा जंक्शन और गोंडा कचहरी के बीच बिछाई गई नई थर्ड लाइन का सफल स्पीड ट्रायल पूरा कर लिया है। शुक्रवार को रेल संरक्षा आयुक्त (सीआरएस) पूर्वोत्तर रेलवे परिमंडल प्रणजीव सक्सेना की स्पेशल ट्रेन इस नई लाइन पर 71 किलोमीटर प्रति घंटे की गति से दौड़ी। सीआरएस ने इस रेलखंड पर ट्रेनों के संचालन के लिए अधिकतम 71 किमी प्रति घंटे की गति निर्धारित की है। अब इस नई लाइन पर ट्रेनें इसी निर्धारित रफ्तार से संचालित की जा सकेंगी।

गोंडा जंक्शन-गोंडा कचहरी के बीच करीब 4.89 किलोमीटर लंबी थर्ड लाइन का निर्माण रेल संचालन को बेहतर बनाने और ट्रेनों की बढ़ती संख्या को देखते हुए किया गया है। इस लाइन के शुरू होने से मुख्य रेल मार्ग पर ट्रेनों के आवागमन में सुविधा मिलेगी और परिचालन व्यवस्था को और अधिक सुचारू बनाया जा सकेगा।

स्पीड ट्रायल से पहले रेल संरक्षा आयुक्त प्रणजीव सक्सेना ने पूरे रेलखंड का बारीकी से निरीक्षण किया। उन्होंने अधिकारियों के साथ मोटर ट्रॉली से नई लाइन का जायजा लिया और ट्रैक, सिग्नल व्यवस्था, पुल-पुलिया समेत अन्य तकनीकी पहलुओं की जांच की। निरीक्षण के दौरान सभी व्यवस्थाओं से संतुष्ट होने के बाद सीआरएस ने स्पेशल ट्रेन चलाकर गति परीक्षण कराया।

स्पीड ट्रायल के दौरान रेलवे अधिकारियों की टीम भी मौजूद रही। अधिकारियों ने बताया कि नई थर्ड लाइन के तैयार होने से गोंडा क्षेत्र में रेल यातायात को गति मिलेगी और यात्रियों को बेहतर सुविधा मिल सकेगी। इसके अलावा ट्रेनों के समय पालन में भी सुधार आने की उम्मीद है।

सीआरएस के निरीक्षण और स्पीड ट्रायल के चलते रेल संचालन कुछ समय के लिए प्रभावित रहा। गोरखपुर-लखनऊ इंटरसिटी एक्सप्रेस को आठ और नौ जुलाई को निरस्त किया गया था, जबकि दस जुलाई को यह ट्रेन करीब दो घंटे की देरी से चली। इसके अलावा दिल्ली, पंजाब और मुंबई रूट की कई ट्रेनें भी प्रभावित हुईं और कुछ ट्रेनों को विलंब से संचालित किया गया।

रेलवे अधिकारियों के अनुसार, निरीक्षण और परीक्षण की प्रक्रिया पूरी होने के बाद प्रभावित ट्रेन सेवाएं अब सामान्य होने लगी हैं। कुछ ट्रेनों का संचालन पहले ही बहाल कर दिया गया है, जबकि शेष सेवाएं भी निर्धारित समय के अनुसार संचालित की जा रही हैं।

थर्ड लाइन के निर्माण से गोंडा जंक्शन क्षेत्र में रेल नेटवर्क की क्षमता बढ़ेगी। इससे ट्रेनों के क्रॉसिंग और रुकने की समस्या में कमी आएगी। साथ ही यात्री और मालगाड़ियों के संचालन में अधिक सहूलियत मिलेगी।

पूर्वोत्तर रेलवे लगातार अपने आधारभूत ढांचे को मजबूत करने की दिशा में काम कर रहा है। नई रेल लाइनों, दोहरीकरण और थर्ड लाइन जैसी परियोजनाओं के माध्यम से रेलवे का उद्देश्य यात्रियों को सुरक्षित, तेज और बेहतर रेल सुविधा उपलब्ध कराना है। गोंडा जंक्शन-गोंडा कचहरी थर्ड लाइन का सफल स्पीड ट्रायल इसी दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है।

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