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Moradabad पुलिस की बड़ी कार्रवाई, नौकरी ठग गिरोह का खुलासा

Moradabad मुरादाबाद : सिविल लाइंस थाना पुलिस ने नौकरी दिलाने के नाम पर लोगों से ठगी करने और रुपये वापस मांगने पर मारपीट व जानलेवा हमला करने वाले गिरोह का पर्दाफाश किया है। पुलिस ने कार्रवाई करते हुए गिरोह के पांच सदस्यों को गिरफ्तार किया है। आरोपियों के कब्जे से अवैध हथियार, कारतूस, नकदी, मोबाइल फोन और एक बलेनो कार बरामद की गई है। पुलिस की इस कार्रवाई से ठगी और आपराधिक गतिविधियों में शामिल लोगों में हड़कंप मच गया है।
पुलिस के अनुसार, फतेहपुर निवासी महेंद्र कुमार ने थाना सिविल लाइंस में तहरीर देकर शिकायत दर्ज कराई थी। शिकायत में उन्होंने आरोप लगाया था कि कुछ लोगों ने उन्हें नौकरी दिलाने का झांसा देकर रुपये लिए थे। जब उन्होंने नौकरी नहीं मिलने पर अपने पैसे वापस मांगे तो आरोपियों ने उनके साथ मारपीट की और जान से मारने की नीयत से फायरिंग कर दी।
पीड़ित की शिकायत के आधार पर थाना सिविल लाइंस में 9 जुलाई 2026 को मुकदमा अपराध संख्या 0454/2026 दर्ज किया गया। मामले की गंभीरता को देखते हुए वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक मुरादाबाद ने तत्काल कार्रवाई के निर्देश दिए। इसके बाद एसपी सिटी कुमार रणविजय सिंह के नेतृत्व में पुलिस टीम गठित कर आरोपियों की तलाश शुरू की गई।
पुलिस टीम ने जांच और मुखबिर तंत्र की मदद से कार्रवाई करते हुए 10 जुलाई 2026 को गिरोह के पांच सदस्यों को गिरफ्तार कर लिया। गिरफ्तार आरोपियों की पहचान काव्यांश शर्मा, अभय, दीपक, गुलरेज उर्फ इरशाद अली और सूरज बोहरा के रूप में हुई है। सभी आरोपी जनपद ऊधमसिंह नगर (उत्तराखंड) के रहने वाले बताए गए हैं।
पुलिस ने बताया कि गिरफ्तार आरोपियों की तलाशी लेने पर उनके पास से चार मोबाइल फोन, 12 बोर का एक अवैध तमंचा, .315 बोर के दो अवैध तमंचे, कारतूस, एक चाकू, एक लाख आठ हजार रुपये नकद और एक बलेनो कार बरामद की गई है। बरामद कार का नंबर UK18FQ9427 बताया गया है।
पुलिस के मुताबिक, आरोपियों के पास से मिले अवैध हथियारों के आधार पर दर्ज मुकदमे में आर्म्स एक्ट की धाराएं भी बढ़ा दी गई हैं। अब मामले में धारा 4/25 और 3/25/27 आर्म्स एक्ट के तहत भी कार्रवाई की जा रही है।
पुलिस अधिकारियों ने बताया कि गिरफ्तार आरोपियों से पूछताछ की जा रही है, जिससे गिरोह से जुड़े अन्य लोगों और उनकी आपराधिक गतिविधियों के बारे में जानकारी जुटाई जा सके। पुलिस यह भी पता लगाने का प्रयास कर रही है कि गिरोह ने अब तक कितने लोगों को नौकरी दिलाने के नाम पर अपना शिकार बनाया है।
पुलिस का कहना है कि जिले में ठगी, अवैध हथियारों और आपराधिक गतिविधियों में शामिल लोगों के खिलाफ अभियान लगातार जारी रहेगा। आम लोगों से भी अपील की गई है कि नौकरी या अन्य किसी भी प्रकार के लालच में आकर बिना जांच-पड़ताल के किसी व्यक्ति को पैसे न दें और संदिग्ध गतिविधियों की सूचना तत्काल पुलिस को दें।





