उत्तर प्रदेश

Meerut में स्वास्थ्य विभाग की पहल, टीबी जांच और जागरूकता के लिए लगाया गया शिविर

Ratna Netam
14 July 2026 6:20 PM IST
Meerut  में स्वास्थ्य विभाग की पहल, टीबी जांच और जागरूकता के लिए लगाया गया शिविर
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Meerut मेरठ : एलएलआरएम टीबी यूनिट, मेरठ के अंतर्गत नर्सिंग इंस्टीट्यूट में निःशुल्क टीबी स्वास्थ्य एवं जागरूकता शिविर का आयोजन किया गया। शिविर का उद्देश्य लोगों को टीबी रोग के प्रति जागरूक करना, संभावित मरीजों की समय पर पहचान करना और राष्ट्रीय टीबी उन्मूलन कार्यक्रम (NTEP) को मजबूत बनाना रहा।

कार्यक्रम का शुभारंभ प्रोफेसर डॉ. हेमलता और प्राचार्य डॉ. बालमणि बोस ने फीता काटकर किया। इस अवसर पर स्वास्थ्य कर्मियों और नर्सिंग स्टूडेंट्स ने बढ़-चढ़कर भाग लिया। शिविर में लोगों को टीबी बीमारी के लक्षण, बचाव के उपाय और उपचार से जुड़ी महत्वपूर्ण जानकारियां दी गईं।

मेडिकल ऑफिसर डॉ. विजय प्रताप ने उपस्थित लोगों को संबोधित करते हुए कहा कि टीबी एक गंभीर बीमारी जरूर है, लेकिन समय पर पहचान और पूरा इलाज कराने से इसे पूरी तरह खत्म किया जा सकता है। उन्होंने कहा कि लोगों को टीबी के लक्षणों को नजरअंदाज नहीं करना चाहिए और किसी भी तरह की परेशानी होने पर तुरंत जांच करानी चाहिए।

उन्होंने बताया कि यदि किसी व्यक्ति को लगातार दो सप्ताह या उससे अधिक समय तक खांसी रहती है, बुखार बना रहता है, वजन तेजी से कम हो रहा है या रात में अधिक पसीना आता है तो यह टीबी के संभावित लक्षण हो सकते हैं। ऐसे लक्षण दिखाई देने पर तुरंत स्वास्थ्य केंद्र पहुंचकर जांच कराना जरूरी है।

डॉ. विजय प्रताप ने लोगों से अधिक से अधिक संख्या में निःशुल्क डिजिटल छाती का एक्स-रे और टीबी जांच कराने की अपील की। उन्होंने कहा कि बीमारी की जल्दी पहचान होने से मरीज को समय पर उपचार मिल जाता है और संक्रमण को फैलने से भी रोका जा सकता है।

शिविर में एचएलएफपीपीटी के डिस्ट्रिक्ट कोऑर्डिनेटर अजीत सिंह, एलएलआरएम टीबी यूनिट की एसटीएस श्रीमती अमितुर रहीम, एक्स-रे तकनीशियन कपिल और आकाश सहित अन्य स्वास्थ्य कर्मियों ने सक्रिय भूमिका निभाई। स्वास्थ्य कर्मियों ने लोगों को टीबी से बचाव, स्वच्छता और नियमित दवा लेने के महत्व के बारे में जानकारी दी।

कार्यक्रम के दौरान बड़ी संख्या में नर्सिंग स्टूडेंट्स और अन्य लोगों ने स्वास्थ्य सेवाओं का लाभ उठाया। शिविर में डिजिटल एक्स-रे और टीबी जांच की सुविधा उपलब्ध कराई गई, जिससे संभावित मरीजों की पहचान की जा सके।

स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों ने बताया कि ऐसे जागरूकता शिविरों का आयोजन समुदाय तक स्वास्थ्य सेवाओं की पहुंच बढ़ाने के लिए किया जा रहा है। इसका उद्देश्य लोगों में टीबी को लेकर फैली भ्रांतियों को दूर करना और बीमारी के प्रति जागरूकता बढ़ाना है।

कार्यक्रम के समापन अवसर पर स्वास्थ्य विभाग की ओर से लोगों से अपील की गई कि वे टीबी के लक्षणों को छिपाएं नहीं और समय पर जांच कराकर उपचार शुरू करें। अधिकारियों ने कहा कि सरकार की ओर से टीबी मरीजों के लिए कई सुविधाएं उपलब्ध कराई जा रही हैं, जिनका लाभ उठाना चाहिए।

"टीबी हारेगा, देश जीतेगा" के संदेश के साथ शिविर का समापन किया गया। स्वास्थ्य कर्मियों ने संकल्प लिया कि टीबी उन्मूलन अभियान को सफल बनाने के लिए लगातार जनजागरूकता कार्यक्रम चलाए जाएंगे।

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