उत्तर प्रदेश

आजमगढ़ में भीषण सड़क हादसा, 2 युवकों की मौत, 3 गंभीर

Rajeshwari Nishad
28 Oct 2026 8:22 PM IST
आजमगढ़ में भीषण सड़क हादसा, 2 युवकों की मौत, 3 गंभीर
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आजमगढ़। उत्तर प्रदेश के आजमगढ़ जिले में बुधवार, 28 अक्टूबर 2026 की शाम दर्दनाक सड़क हादसा हो गया। आजमगढ़-वाराणसी राष्ट्रीय राजमार्ग पर देवगांव कोतवाली क्षेत्र के मोलनापुर गांव के समीप एक कार अचानक अनियंत्रित होकर डिवाइडर से टकरा गई। हादसा शाम करीब छह बजे हुआ। कार में सवार पांच युवकों में से दो की मौके पर ही मौत हो गई, जबकि तीन अन्य गंभीर रूप से घायल हो गए। दुर्घटना की सूचना मिलने पर पुलिस मौके पर पहुंची और घायलों को तत्काल अस्पताल भिजवाया। चिकित्सकों ने प्राथमिक उपचार के बाद तीनों की हालत गंभीर देखते हुए उन्हें बेहतर इलाज के लिए हायर सेंटर रेफर कर दिया। इस हादसे ने एक बार फिर राष्ट्रीय राजमार्गों पर वाहन चलाते समय सावधानी बरतने की आवश्यकता को सामने ला दिया है।
मोलनापुर गांव के पास हुआ दर्दनाक हादसा
जानकारी के अनुसार, बुधवार शाम करीब छह बजे आजमगढ़-वाराणसी मार्ग पर एक कार देवगांव कोतवाली क्षेत्र के मोलनापुर गांव के समीप पहुंची थी। इसी दौरान अचानक चालक का कार से नियंत्रण हट गया और वाहन डिवाइडर से जा टकराया।
टक्कर इतनी गंभीर थी कि कार में सवार पांचों युवक हादसे का शिकार हो गए। इनमें से दो युवकों की घटनास्थल पर ही मौत हो गई, जबकि तीन अन्य गंभीर रूप से घायल हो गए।प्रारंभिक जानकारी में कार के अनियंत्रित होने की बात सामने आई है। हालांकि, वाहन से नियंत्रण हटने का वास्तविक कारण अभी स्पष्ट नहीं हो सका है।दुर्घटना के पीछे तेज रफ्तार, अचानक सामने आई बाधा या किसी तकनीकी समस्या की भूमिका थी या नहीं, यह जांच के बाद ही स्पष्ट हो सकेगा।
हादसे में दो युवकों की मौके पर मौत
इस सड़क दुर्घटना में दो युवकों की जान चली गई। कार के डिवाइडर से टकराने के बाद दोनों को गंभीर चोटें आईं और उनकी घटनास्थल पर ही मौत हो गई।हादसे में जान गंवाने वाले युवकों की पहचान और उनके निवास स्थान के संबंध में अभी पुष्ट विवरण उपलब्ध नहीं है।बताया गया है कि दुर्घटना के समय कार में कुल पांच युवक सवार थे। इनमें से तीन गंभीर रूप से घायल हुए हैं।घटना की सूचना मिलने के बाद पुलिस ने मृतकों की पहचान और हादसे की परिस्थितियों से संबंधित जानकारी जुटाने की कार्रवाई शुरू की।दो युवकों की अचानक मौत से उनके परिचितों और परिजनों के लिए यह बेहद दुखद घटना बन गई है।
तीन घायलों को हायर सेंटर किया गया रेफर
हादसे में घायल तीनों युवकों को पुलिस ने तत्काल उपचार के लिए अस्पताल पहुंचाया।अस्पताल में डॉक्टरों ने उनका प्राथमिक उपचार किया। हालांकि, चोटों की गंभीरता को देखते हुए चिकित्सकों ने तीनों को बेहतर इलाज के लिए उच्च चिकित्सा केंद्र भेजने की सलाह दी।इसके बाद घायलों को हायर सेंटर रेफर कर दिया गया।तीनों घायलों की मौजूदा स्वास्थ्य स्थिति और उन्हें किस अस्पताल में भर्ती कराया गया है, इसकी विस्तृत जानकारी अभी उपलब्ध नहीं है।चिकित्सकीय दृष्टि से गंभीर सड़क दुर्घटनाओं में घायल व्यक्तियों को समय पर उचित उपचार उपलब्ध कराना अत्यंत आवश्यक होता है। सिर, छाती और शरीर के अन्य महत्वपूर्ण हिस्सों में लगी चोटें जानलेवा साबित हो सकती हैं।
सूचना मिलते ही मौके पर पहुंची पुलिस
दुर्घटना की जानकारी मिलने पर देवगांव कोतवाली पुलिस घटनास्थल पर पहुंची।पुलिस ने सबसे पहले घायलों को उपचार के लिए अस्पताल भिजवाने की व्यवस्था की। इसके बाद हादसे से संबंधित परिस्थितियों की जानकारी जुटाने की प्रक्रिया शुरू हुई।सड़क दुर्घटनाओं में पुलिस की जांच के दौरान घटनास्थल की स्थिति, वाहन की तकनीकी दशा और प्रत्यक्षदर्शियों के बयान महत्वपूर्ण हो सकते हैं।इस मामले में भी कार किस दिशा में जा रही थी और किन परिस्थितियों में डिवाइडर से टकराई, यह स्पष्ट होना बाकी है।मृतकों के शवों के पोस्टमार्टम और आगे की कानूनी कार्रवाई के संबंध में भी आधिकारिक विवरण की प्रतीक्षा है।
कार अनियंत्रित होने की वजह की जांच जरूरी
आजमगढ़-वाराणसी राजमार्ग पर हुए इस हादसे की सबसे महत्वपूर्ण बात यह है कि कार अचानक अनियंत्रित हो गई।सड़क सुरक्षा विशेषज्ञों के अनुसार, वाहनों के अनियंत्रित होने के पीछे कई कारण हो सकते हैं। इनमें अधिक गति, चालक की थकान, अचानक ब्रेक लगाना, सड़क की स्थिति और वाहन की तकनीकी खराबी शामिल हैं।हालांकि, मोलनापुर के इस हादसे में इनमें से किसी कारण की पुष्टि नहीं हुई है।दुर्घटना की वास्तविक वजह जानने के लिए वाहन की स्थिति और घटनास्थल से मिले तथ्यों की जांच महत्वपूर्ण होगी।
पहले भी आजमगढ़ में सामने आए हैं बड़े सड़क हादसे
आजमगढ़ जिले में इससे पहले भी गंभीर सड़क दुर्घटनाएं सामने आ चुकी हैं।17 अक्टूबर 2026 को जिले के तहबरपुर थाना क्षेत्र में पूर्वांचल एक्सप्रेसवे पर एक कार डिवाइडर से टकराकर पलट गई थी। उस हादसे में पिता-पुत्र की मौत हो गई थी, जबकि परिवार के तीन अन्य सदस्य घायल हुए थे।उस घटना में पुलिस ने प्रारंभिक तौर पर चालक को नींद की झपकी आने की बात कही थी।इसके अलावा जून 2026 में आजमगढ़-वाराणसी राष्ट्रीय राजमार्ग पर देवगांव क्षेत्र के बरडीहा मोड़ के समीप कार और ट्रेलर की टक्कर में चार लोगों की मौत हो गई थी, जबकि एक व्यक्ति गंभीर रूप से घायल हुआ था।इन घटनाओं से राजमार्गों पर सुरक्षित ड्राइविंग और यातायात नियमों के पालन की अहमियत सामने आती है।
हाईवे पर वाहन चलाते समय बरतें सावधानी
सड़क सुरक्षा विशेषज्ञों का कहना है कि राष्ट्रीय राजमार्गों पर वाहन चलाते समय निर्धारित गति सीमा का पालन करना जरूरी है।विशेष रूप से शाम और रात के समय चालक को अधिक सतर्क रहने की आवश्यकता होती है। कम रोशनी, सामने से आने वाले वाहनों की हेडलाइट और सड़क पर अचानक आने वाली बाधाएं दुर्घटना का कारण बन सकती हैं।वाहन चलाते समय मोबाइल फोन का इस्तेमाल नहीं करना चाहिए। साथ ही वाहन के टायर, ब्रेक और अन्य आवश्यक हिस्सों की नियमित जांच कराना भी जरूरी है।कार में बैठे सभी यात्रियों को सीट बेल्ट लगानी चाहिए। सीट बेल्ट दुर्घटना की स्थिति में गंभीर चोट और मृत्यु के जोखिम को कम करने में मदद कर सकती है।लंबी दूरी की यात्रा के दौरान थकान महसूस होने पर वाहन रोककर आराम करना भी महत्वपूर्ण है।
सड़क हादसे में घायलों की मदद करना जरूरी
किसी भी सड़क दुर्घटना के बाद शुरुआती समय घायलों की जान बचाने के लिए महत्वपूर्ण हो सकता है।दुर्घटना देखने वाले लोगों को तुरंत पुलिस और एंबुलेंस सेवा को सूचना देनी चाहिए।उत्तर प्रदेश में आपातकालीन सहायता के लिए 112 नंबर पर संपर्क किया जा सकता है।गंभीर रूप से घायल व्यक्ति को अनावश्यक रूप से हिलाने-डुलाने से बचना चाहिए, विशेषकर जब रीढ़ या गर्दन में चोट लगने की आशंका हो। हालांकि, घटनास्थल पर तत्काल खतरा हो तो प्रशिक्षित बचावकर्मियों की सलाह के अनुसार सुरक्षित स्थान पर पहुंचाना जरूरी हो सकता है।
दो युवकों की मौत से हादसे ने छोड़े कई सवाल
देवगांव कोतवाली क्षेत्र के मोलनापुर गांव के समीप हुए इस सड़क हादसे में दो युवकों की मौत और तीन के गंभीर रूप से घायल होने की घटना बेहद दुखद है।दुर्घटना कैसे हुई, कार किस कारण अनियंत्रित हुई और उसमें सवार युवक कहां जा रहे थे, इन सवालों के जवाब सामने आना बाकी हैं।वहीं, तीनों घायलों के स्वास्थ्य की स्थिति भी चिंता का विषय बनी हुई है।
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