उत्तर प्रदेश

जल निगम के सहायक अभियंता भ्रष्टाचार में बर्खास्त, 33.45 लाख रुपये वसूली के निर्देश

SHIDDHANT
26 Aug 2025 12:20 AM IST
जल निगम के सहायक अभियंता भ्रष्टाचार में बर्खास्त, 33.45 लाख रुपये वसूली के निर्देश
x

UP उत्तर प्रदेश : बलिया में भ्रष्टाचार के खिलाफ एक कड़ा कदम उठाया गया है। नगर निगम (जल निगम) में प्रभारी अधिशाषी अभियंता के कार्य देख रहे सहायक अभियंता अंकुर श्रीवास्तव को भ्रष्टाचार के आरोप में बर्खास्त कर दिया गया है। अभियंता के खिलाफ यह कार्रवाई चहेती फर्मों को बिना शासनादेश के 50 लाख रुपये की निर्माण सामग्री उपलब्ध कराने पर की गई। अधिकारियों ने बताया कि अभियंता को 21 अगस्त को ही निलंबित किया गया था। अब सेवा बर्खास्तगी का आदेश जारी किया गया है। बर्खास्तगी के साथ ही अंकुर श्रीवास्तव से 33.45 लाख रुपये वसूलने के भी निर्देश दिए गए हैं।

आदेश में कहा गया है कि प्रभारी अधिशाषी अभियंता के पद पर तैनाती के दौरान अंकुर श्रीवास्तव के खिलाफ गंभीर वित्तीय अनियमितताओं की शिकायत मिली थी। शिकायत में आरोप था कि अभियंता ने बिना किसी शासनादेश के सात फर्मों को 50 लाख रुपये के उपकरण उपलब्ध कराए। यह मामला विभाग में गंभीर भ्रष्टाचार और वित्तीय अनियमितता का उदाहरण माना जा रहा है। अधिकारियों ने बताया कि मामले की जांच में यह पाया गया कि अभियंता ने चहेती फर्मों को लाभ पहुंचाने के लिए नियमों और आदेशों की अवहेलना की। इस कार्रवाई से विभाग में अनुशासन और पारदर्शिता बनाए रखने का संदेश गया है।

बलिया के अधिकारियों ने बताया कि इस कार्रवाई से यह स्पष्ट संदेश गया है कि वित्तीय अनियमितताओं और भ्रष्टाचार के मामलों में कोई भी अधिकारी सुरक्षित नहीं रहेगा। बर्खास्तगी के साथ ही राशि वसूली के आदेश से विभागीय अधिकारियों में जिम्मेदारी और जवाबदेही बढ़ाने की कोशिश की जा रही है। यह कार्रवाई जल निगम के भ्रष्टाचार विरोधी अभियान के तहत की गई है। अधिकारियों का कहना है कि भविष्य में ऐसे मामलों की रोकथाम के लिए निगरानी और जांच प्रक्रियाओं को और सख्त किया जाएगा। विभाग ने स्पष्ट किया है कि नियमों और आदेशों का उल्लंघन करने वालों के खिलाफ कानूनी कार्रवाई की जाएगी। इस कदम से विभाग में पारदर्शिता और अनुशासन बनाए रखने का प्रयास सफल होने की उम्मीद है। वहीं, जनता में भी यह संदेश गया है कि सरकारी अधिकारियों द्वारा किसी प्रकार की अनियमितता या भ्रष्टाचार बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।

Next Story