तमिलनाडु में अल नीनो प्रभाव का आकलन करेगी विशेषज्ञ समिति, एहतियाती उपायों पर सुझाव

Chennai : तमिलनाडु सरकार ने मुख्यमंत्री सी. जोसेफ विजय के निर्देश पर एक एक्सपर्ट कमेटी बनाई है। यह कमेटी संभावित तेज़ 'अल नीनो' (El Nino) घटना के असर पर नज़र रखेगी और सरकार को सलाह देगी। साथ ही, यह उन इलाकों की पहचान करेगी जो इससे प्रभावित हो सकते हैं और इसके संभावित असर से निपटने के लिए एहतियाती उपाय सुझाएगी।
राजस्व और आपदा प्रबंधन विभाग द्वारा 28 जुलाई को जारी सरकारी आदेश के अनुसार, यह कमेटी तमिलनाडु आपदा जोखिम न्यूनीकरण एजेंसी (TNDRRA) के तहत बनाई गई है।
यह कमेटी अल नीनो के संभावित प्रभावों की निगरानी और आकलन करेगी और सूखे, बाढ़ और अत्यधिक बारिश से होने वाले जोखिमों को कम करने के उपायों पर सरकार को सलाह देगी।
सरकारी आदेश में कहा गया है कि दक्षिण-पश्चिम मानसून के दौरान सामान्य से कम बारिश कावेरी नदी में पानी के बहाव को प्रभावित कर सकती है, जबकि उत्तर-पूर्व मानसून के दौरान भारी बारिश और बाढ़ आ सकती है।
कमेटी वैज्ञानिक आकलन के आधार पर जलवायु परिवर्तन, तटीय संसाधन प्रबंधन और शहरी बुनियादी ढांचे के बारे में भी सरकार को सलाह देगी।
कमेटी की अध्यक्षता अतिरिक्त मुख्य सचिव/राजस्व प्रशासन आयुक्त और राज्य राहत आयुक्त करेंगे।
इस पैनल में अन्ना यूनिवर्सिटी, IIT मद्रास, WRI इंडिया, तमिलनाडु ग्रीन क्लाइमेट कंपनी, राज्य पर्यावरण मूल्यांकन समिति, सुगंथी देवदासन मरीन रिसर्च इंस्टीट्यूट और तमिलनाडु अर्बन इंफ्रास्ट्रक्चर फाइनेंशियल सर्विसेज लिमिटेड के एक्सपर्ट शामिल हैं।
कमेटी बारिश और सूखे की स्थिति की निगरानी करेगी, संवेदनशील इलाकों की पहचान करेगी और शुरुआती चेतावनी प्रणालियों के बारे में TNDRRA को सलाह देगी।
यह सूखे और बाढ़ से निपटने के उपायों का भी सुझाव देगी और सरकार को पहले से तैयारी करने में मदद करेगी।
यह कमेटी 2026-27 और 2027-28 के दौरान काम करेगी।





