राजस्थान

Pratapgarh: जल संरक्षण हम सब की साझा जिम्मेदारी: जिला कलेक्टर डॉ. राजोरिया

Tara Tandi
13 Jun 2025 6:01 PM IST
Pratapgarh: जल संरक्षण हम सब की साझा जिम्मेदारी: जिला कलेक्टर  डॉ. राजोरिया
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Pratapgarh प्रतापगढ़ । जिला कलक्टर डॉ. अंजली राजोरिया की अध्यक्षता में शुक्रवार को जिले की पंचायत समिति सुहागपुरा की ग्राम पंचायत कचोटिया के भंवर सेमला स्थित भारत निर्माण राजीव गांधी सेवा केंद्र में वंदे गंगा जल संरक्षण जन अभियान के अंतर्गत जागरूकता कार्यक्रम का आयोजन किया गया।
जिला कलक्टर ने ग्रामजनों को संबोधित करते हुए कहा कि राज्य सरकार का उद्देश्य जल संरक्षण अभियान को केवल सरकारी कार्यक्रम न बनाकर एक जन अभियान का स्वरूप देना है। जल संरक्षण केवल एक व्यक्ति, विभाग या संस्था की जिम्मेदारी नहीं, यह हम सभी की साझा जिम्मेदारी और कर्तव्य है।
उन्होंने कहा कि "आज की एक-एक बूंद बचाना, कल की पीढ़ियों को सुरक्षित भविष्य देना है।" ग्रामीण क्षेत्रों में वर्षा जल को संरक्षित करने की अपार संभावनाएं हैं, जिनका अधिकतम उपयोग करना होगा। उन्होंने ग्रामजन को छत पर रेन वाटर हार्वेस्टिंग सिस्टम, परंपरागत जल स्रोतों की मरम्मत और तालाबों की सफाई जैसे उपाय अपनाने के लिए प्रेरित किया।
जिला कलक्टर डॉ. राजोरिया ने कहा कि जल स्रोतों की स्वच्छता बनाए रखना न केवल स्वास्थ्य की दृष्टि से आवश्यक है, बल्कि यह जल गुणवत्ता को भी सुनिश्चित करता है। उन्होंने सभी से अपील की कि वे जल संरक्षण को अपनी दिनचर्या का हिस्सा बनाएं और दूसरों को भी इसके लिए प्रेरित करें। कार्यक्रम अधिकारी एवं कर्मचारी एवं ग्रामजन उपस्थित रहे।
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प्रतापगढ़ के एमजी रोड के पास व आरएसईबी के पास स्थित व्यावसायिक भूखंडों में से चार व्यावसायिक भूखंड को किया कुर्क
प्रतापगढ़,13 जून। न्यायालय कलक्टर मुद्रांक पंजीयन एवं मुद्रांक विभाग बांसवाड़ा के निर्णय की पालना में उप पंजीयक प्रतापगढ़ मय टीम द्वारा शहर प्रतापगढ़ के एमजी रोड के पास व आरएसईबी के पास स्थित व्यावसायिक भूखंडों में से चार व्यावसायिक भूखंड जो सचिन तड़वेचा पिता शांतिलाल तड़वेचा निवासी प्रतापगढ़ व मोहम्मद सलीम पिता नूर मोहम्मद निवासी गोरबेड़ी जिला मंदसौर और सैयद मजहर अली अजहर अली पिता मुक्तियार अली प्रतापगढ़ के द्वारा क्रय किए गए थे, को कुर्क कर उप पंजीयन प्रतापगढ़ के कब्जे में लिया गया है।
इस दौरान उप पंजीयन उज्जवल जैन ने बताया कि उक्त संपत्ति भविष्य में नहीं हस्तांतरित की जा सकती है और न ही बेचान।
मौके पर उप पंजीयन उज्जवल जैन गिरदावर वीरेंद्र कुमार, सूचना सहायक अमृत खराड़ी, देवेंद्र सिंह कुमावत तथा वाहन चालक रोशन मौजूद रहे।
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जिला स्तरीय सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता की विभिन्न योजनाओं की बैठक का आयोजन
प्रतापगढ़,13 जून। जिला कलक्टर डॉ. अंजलि राजोरिया की अध्यक्षता में शुक्रवार को सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता विभाग की त्रैमासिक बैठक का आयोजन किया गया जिसमें विभाग से जुड़ी हुई योजनाओं की समीक्षा की गई।
बैठक में अनुसूचित जाति और अनुसूचित जन जाति (अत्याचार निवारण) योजना नियम 1995 के नियम 11 एवं 12 (4) अन्तर्गत वित्तीय वर्ष 2024 25 का संकलित व्यय एवं लाभान्वितों के बारे में समीक्षा की गई। अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक बलवीर सिंह एवं सहायक निदेशक सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता विभाग टी आर आमेटा से इस योजना के बारे में गहन चर्चा कर जल्द से जल्द थाने में पेडिग आवेदनों का निस्तारण कर विभाग को अग्रेषित करने हेतु निर्देशित किया गया ताकि प्रार्थीगण शीघ्र लाभान्वित हो सकें।
बैठक में माता-पिता भरण पोषण अधिनियम पर कई संस्थाओं से आये प्रतिनिधि एवं अधिकारी से इस योजना के बारे में वार्ता की गई एवं निर्देशित किया गया कि वृद्ध जन माता-पिता से संपर्क कर भरण पोषण का लाभ दिलावकर पुनर्वासित किया जावे तथा अन्य योजनाओं का पात्रतानुसार लाभ दिलाया जाए दूसरे जिलों के वृद्धजन जो प्रतापगढ़ में पाये गये है उनके सबंधी से संपर्क कर स्वयं के जिले में पुनर्वासित किया जाये। किसी वृद्धजन को उसके बच्चों द्वारा उपेक्षित छोड़ दिया जाता है तो नियमानुसार कार्यवाही की जाये। नवजीवन योजनान्तर्गत जिला कलक्टर ने निर्देश दिये कि नशामुक्ति के अपराध में लिप्त पाये जाने पर नियमानुसार कार्यवाही के लिये विद्यालयों एवं ग्राम पंचायतों में नशामुक्ति जागरूकता के लिये अभियान चलाए जाए।
सामजिक सुरक्षा पेंशन योजना तथा पालनहार योजना में सत्यापन से वंचित लाभर्थियों को जल्द से जल्द से वार्षिक सत्यापन करनवानें हेतु सभी संस्थाओं से आये प्रतिनिधि एवं अधिकारी को जिला कलक्टर द्वारा निर्देशित किया गया कि कोई अपने आस-पास पड़ोस में सत्यापन से वंचित न रहे। साथ ही बाल श्रम मुक्ति अभियान में नियमानुसार कार्यवाही सुनिश्चित कि जावे व पोक्सो प्रकरणों को गंभीरता ये लेकर समुचित धाराओं में प्रकरण दर्ज कर प्रभावी कार्यवाही की जाये। अनुजा निगम से संबधित विभिन्न योजनओं में ऋण के लिये अधिक से अधिक से प्रचार किया जावें। जिससे पात्रता अनुसार व्यक्तियों को लाभ मिल सके। बाल अधिकारिता विभाग से संबंधित आये सहायक निदेशक, केयर टेकर एवं बाल कल्याण समित के सदस्यों, किशोर न्याय बोर्ड के सदस्यों को निर्देशित किया गया कि विधि से संघर्षरत एवं उपेक्षित बच्चों का नियमित निरक्षण कर उनका प्रगति रिपोर्ट तैयार किया जावे। साथ हि बाल संरक्षण इकाई से जुड़ी चाईल्ड लाइन से आये हुए स्टाफ को निर्देशित कर बाल विवाह से आये हुए प्रकरण, बाल श्रम, बाल उत्पीड़न आदि सेवाओं के लिये निरन्तर उपलब्ध रहने को कहा गया। साथ ही इस बैठक में मुख्य कार्यकारी अधिकारी पर्वत सिंह चुण्डावत सहित अन्य अधिकारी एवं सस्थागण मौजूद रहे। इस अवसर पर सहायक निदेशक महोदय डॉ टी आर आमेटा सामाजिक न्याय एवं अधिकारीता विभाग ने सभी का आभार व्यक्त किया गया।
स्वच्छ जलाशय की मछलियों का विक्रय या वस्तु विनिमय के लिये प्रस्थापना करना
या उसे अभिदर्शित करना तुरन्त प्रभाव से प्रतिबंधित
प्रतापगढ़, 13 जून। राजस्थान मत्स्य क्षेत्र अधिनियम 1953 (1953 का राजस्थान अधिनियम 16) की धारा 7 एवं राजस्थान मत्स्य क्षेत्र नियम, 1958 के नियम-11 द्वारा प्रदत शक्तियों का प्रयोग करते हुए राजस्थान सरकार सम्पूर्ण राज्य में 16 जून से 31 अगस्त 2025 तक स्वच्छ जलाशय की मछलियों का विक्रय या वस्तु विनिमय के लिये प्रस्थापना करना या उसे अभिदर्शित करना तुरन्त प्रभाव से प्रतिबंधित किया है। यह जानकारी मत्स्य विकास अधिकारी प्रतापगढ़ ने दी।
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