
x
Punjab.पंजाब: मोहाली की एक आवासीय सोसायटी हाल ही में घर खरीदारों के लिए बुरे सपने में बदल गई है। कई खरीदारों ने शिकायत की है कि सोसायटी में उनकी उम्मीदों के विपरीत बुनियादी सुविधाओं की कमी और निर्माण की धीमी गति ने उन्हें मानसिक और आर्थिक परेशानियों में डाल दिया है।
खरीदारों का कहना है कि सोसायटी का निर्माण निर्धारित समय पर नहीं हुआ और जो फ्लैट उन्हें सौंपे गए, उनमें कई तकनीकी और संरचनात्मक समस्याएँ हैं। पानी, बिजली और सुरक्षा जैसी बुनियादी सुविधाओं का अभाव लोगों के लिए चिंता का विषय बन गया है। कुछ फ्लैट ऐसे भी हैं जहां छत से पानी रिसाव की शिकायतें मिल रही हैं, वहीं लिफ्ट और पार्किंग जैसी सुविधाएं भी पूरी तरह काम नहीं कर रही हैं।
मोहाली निवासी और फ्लैट खरीदार संदीप शर्मा ने कहा, “हमने सालों की बचत से यह फ्लैट खरीदा था। पर न तो वादा की गई सुविधाएं मिलीं और न ही समय पर कब्जा। अब हमें अतिरिक्त खर्च और परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।”
स्थानीय रियल एस्टेट विशेषज्ञों का मानना है कि यह समस्या पंजाब में तेजी से बढ़ते रियल एस्टेट सेक्टर की नियामक कमजोरी को दर्शाती है। कई बार डेवलपर्स केवल परियोजना की बिक्री पर ध्यान देते हैं, जबकि निर्माण और बाद की सेवाओं को गंभीरता से नहीं लेते।
सोसायटी के प्रबंधन ने बयान जारी कर कहा कि निर्माण में देरी तकनीकी और प्रशासनिक कारणों से हुई है। उन्होंने आश्वासन दिया कि बुनियादी सुविधाओं को जल्द से जल्द पूरी तरह चालू किया जाएगा। हालांकि, घर खरीदारों का कहना है कि पिछले कई महीनों से उन्हें कोई ठोस जवाब नहीं मिला है।
मोहाली पुलिस और स्थानीय प्रशासन ने मामले पर ध्यान दिया है और खरीदारों को शिकायत दर्ज कराने की सलाह दी है। कुछ खरीदारों ने संयुक्त रूप से कोर्ट का सहारा लेने की भी योजना बनाई है। कानूनी विशेषज्ञों का मानना है कि यदि सोसायटी प्रबंधन समय पर कार्रवाई नहीं करता, तो यह मामले में और अधिक जटिलता पैदा कर सकता है।
इस समस्या ने मोहाली में रियल एस्टेट निवेशकों के लिए चेतावनी का काम किया है। कई लोगों का कहना है कि निवेश से पहले डेवलपर्स की विश्वसनीयता और परियोजना की प्रगति की पूरी जानकारी लेना अत्यंत आवश्यक है।
खरीदारों की मांग है कि सोसायटी में वादा की गई सभी सुविधाओं को तत्काल चालू किया जाए और निर्माण की गुणवत्ता को सुधारने के लिए त्वरित कदम उठाए जाएँ। इसके साथ ही, उन्हें परियोजना में हुए देरी के लिए मुआवजा देने की भी मांग उठ रही है।
TagsMohali सोसायटी विवादनिवेशकोंउम्मीदें टूटींMohali society disputeinvestors' hopes dashedजनता से रिश्ता न्यूज़जनता से रिश्ताजनता से रिश्ता.कॉमआज की ताजा न्यूज़हिंन्दी न्यूज़भारत न्यूज़खबरों का सिलसिलाआज की ब्रेंकिग न्यूज़आज की बड़ी खबरमिड डे अख़बारJanta Se Rishta NewsJanta Se RishtaToday's Latest NewsHindi NewsIndia NewsKhabron Ka SilsilaToday's Breaking NewsToday's Big NewsMid Day Newspaperjantasamachar newssamacharहिंन्दी समाचार
Next Story





