मध्य प्रदेश

अधूरे दस्तावेज से SIR की गति थमी, एप में फीडिंग मुश्किल, कार्य पूर्ण करने शासन ने बढ़ाई 4 दिसंबर की तारीख

Gulabi Jagat
28 Nov 2025 10:41 PM IST
अधूरे दस्तावेज से SIR की गति थमी, एप में फीडिंग मुश्किल, कार्य पूर्ण करने शासन ने बढ़ाई 4 दिसंबर की तारीख
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Raisen, रायसेन। जिलेभर में भारत निर्वाचन आयोग के निर्देश पर जिला प्रशासन द्वारा जिलेभर में एसआईआर कार्य जोरशोर से चल रहा है।
बीएलओ घर घर दे रहे दस्तक....
जिले में युद्धस्तर पर चल रहे एसआइआर के कार्य में बीएलओ और मैदानी अमला मतदाताओं के घर-घर दस्तक तो दे रहा है। लेकिन कहीं दस्तावेजों की पूर्ति नहीं मिल रही है तो कहीं मतदाताओं के स्तर से जानकारी देने में देरी हो रही है। जिससे एसआईआर के कार्य की गति में इजाफा नहीं हो पा रहा है। एसडीएम रायसेन मनीष शर्मा ने बताया कि कार्य पिछड़ने की एक बड़ी वजह ऐप का सही तरीके से कार्य नहीं करना भी है। जिले की चार विधानसभाओं सांची भोजपुर सिलवानी और बरेली में एसआइआर कार्य शुक्रवार शाम तक 88 प्रतिशत कार्य निपट चुका है। एडीएम एवं उप निर्वाचन अधिकारी मनोज उपाध्याय ने बताया कि कुछ बीएलओ द्वारा एसआइआर कार्य 90 फीसदी कार्य पूर्ण कर लिया है। रायसेन तहसील व सांची विधानसभा क्षेत्र में यह काम 87 फीसदी पूरा हो चुका है। शासन ने एसआइआर कार्य की तारीख बढ़ाकर 4 दिसंबर कर दी है।
जिले में जैसे-जैसे एसआइआर का कार्य पूरा करने के लिए निर्धारित तिथि करीब आ रही है अमले के साथ ही आला अधिकारियों की चिंताएं भी बढ़ रही है। हालांकि आला अधिकारी मैदानी अमले का उत्साह बढ़ाने पूरा जोर लगा रहे हैं, कार्य में आ रहीं तकनीकी समस्याएं और मतदाताओं से दस्तावेजों के समय पर न मिलने की चिंता अमले के चेहरे पर साफ दिख रही है।
गले की फांस बना एसआइआर सर्वे....
गले की फांस बन एसआइआर सर्वे। इसमें बीएलओ को जानकारी जुटाना में पसीना छूट रहा है। अप में जानकारी भरने में बीएलओ को बड़ा मुश्किलों का सामना करना पड़ रहा है।
बहू के मायके लगा रहे फोन, मांग रहे जानकारी....
सर्वे के फार्म भरने लोग अपने घर की बहुओं के मायके में मोबाइल फोन लगा कर जानकारी जुटा रहे हैं। वहीं घर के लोग विधानसभा, गांव आदि के नाम से स्वयं भी ऑनलाइन सर्च कर रहे हैं। इन कवायदों में अधिकतर लोग सफल भी हो रहे हैं। वहीं फार्म मिलने के कई दिन बाद भी कुछ लोग उदासीन बने हैं और फार्म जमा करने में आजकल कर रहे हैं। ऐसे अधूरी जानकारी वाले लोग बीएलओ की सबसे बड़ी टेंशन बने हैं। वहीं कुछ लोग बार-बार जानकारी के लिए आग्रह करने पर बीएलओ पर भड़क भी रहे हैं।
अधिकारी कर रहे मॉनिटरिंग....
जिला प्रशासन के अधिकारी अभियान की मॉनिटरिंग कर जगह-जगह निरीक्षण कर रहे हैं। वह भी दल सदस्यों की हर संभव सहायता करते हुए, कार्य शीघ्र पूरा करने पर जोर दे रहे हैं। गत दिवस तक क्षेत्र में लगभग ६5 प्रतिशत काम पूरा हो चुका था।
कोई बहू के मायके लगा रहा फोन तो कही खंगाल रहे ऑनलाइन सूची.....
वर्तमान में एसआईआर सर्वे का काम अंतिम दिनों में जोरों से चल रहा है। इसके चलते बीएलओ और सहायक दिन-रात एक करके लक्ष्य प्राप्ति के लिए जुटे हैं। सबसे ज्यादा परेशानी ऐसे मतदाताओं के साथ आ रही है, जो 2003 का रिकार्ड नहीं बता पा रहे हैं। ऐसे ही विवाह होकर्र आई महिलाओं जिनके नाम 2003 की सूची में मायके में जुड़े हैं, उनके साथ समस्या आ रही है। इसके अलावा कुछ लोग ऐसे भी मिल रहे है जो बाहर नौकरी करते थे और रिटायरमेन्ट के बाद यहां निवास कर रहे है। अब वह 2003 की लिस्ट में नाम को लेकर परेशान हैं। सबसे अधिक परेशानी इस बात से है कि जिनके फार्म फीड नहीं हो पाए तो उनके साथ आगे क्या होगा।
अनेक विभागों के काम ठप्प....
शासन-प्रशासन द्वारा एसआईआर सर्वे कार्य को सर्वोच्च प्राथमिकता देने से विभागों के खुद अधिकारी कर्मचारी पूरे तन्मयता से जुटे हुए हैं। कलेक्ट्रेट कार्यालय,जिला पंचायत, तहसील कार्यालय नगर पालिका परिषद, स्कूलो शिक्षा विभाग जल संसाधन विभाग,सहित कई विभागों के कामकाज ठप्प पड़े हुए हैं ।क्योंकि एसआइआर कार्य में कई बाबू, अधिकारियों कर्मचारियों को बीएलओ बनाकर इस काम की जिम्मेदारी दी गई है। ताकि यह कार्य जल्द से जल्द निपटा सके।
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