मध्य प्रदेश

Old application फॉर्म के जरिए साइबर ठगी, महिलाओं से सावधान रहने की अपील

Ratna Netam
14 July 2026 5:56 PM IST
Old application  फॉर्म के जरिए साइबर ठगी, महिलाओं से सावधान रहने की अपील
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Bhopal भोपाल : मध्य प्रदेश की चर्चित लाड़ली बहना योजना के नाम पर महिलाओं को ठगने का नया मामला सामने आया है। साइबर ठग सोशल मीडिया और व्हाट्सएप के जरिए महिलाओं को निशाना बना रहे हैं। ठग पुराने आवेदन फॉर्म भेजकर योजना में दोबारा पंजीयन कराने और बढ़ी हुई किस्त दिलाने का लालच दे रहे हैं। इसके बाद क्यूआर कोड भेजकर पैसे जमा करने की मांग की जा रही है। प्रशासन ने महिलाओं को ऐसे फर्जी संदेशों से सावधान रहने और किसी भी तरह का भुगतान नहीं करने की अपील की है।

ठगों ने इस बार लाड़ली बहना योजना से जुड़ी महिलाओं को अपना निशाना बनाया है। जानकारी के अनुसार, जिन महिलाओं ने पहले योजना के लिए आवेदन किया था, उनके पुराने आवेदन फॉर्म का इस्तेमाल कर ठगी का जाल बिछाया जा रहा है। इन फॉर्म में महिलाओं का नाम, मोबाइल नंबर और फोटो जैसी निजी जानकारी होती है, जिसका सहारा लेकर ठग खुद को सरकारी कर्मचारी या योजना से जुड़े अधिकारी बताने की कोशिश कर रहे हैं।

ठगों की ओर से भेजे जा रहे संदेशों में दावा किया जा रहा है कि लाड़ली बहना योजना के तीसरे चरण में नए पंजीयन शुरू हो गए हैं। साथ ही महिलाओं को यह लालच दिया जा रहा है कि अब उन्हें हर महीने 3000 रुपये तक की बढ़ी हुई किस्त मिल सकती है। इसी बहाने पंजीयन प्रक्रिया पूरी करने के नाम पर महिलाओं से 1350 रुपये जमा करने को कहा जा रहा है।

पैसे लेने के लिए ठग व्हाट्सएप पर क्यूआर कोड भेज रहे हैं और महिलाओं से उसे स्कैन कर भुगतान करने के लिए कह रहे हैं। कई मामलों में ठगों ने फर्जी पहचान बनाने के लिए ऐसे मोबाइल नंबरों का इस्तेमाल किया है, जिनकी प्रोफाइल फोटो में पुलिस की वर्दी पहने व्यक्ति की तस्वीर लगी हुई है। इससे कुछ महिलाएं उन्हें सरकारी अधिकारी समझकर उनके झांसे में आ जाती हैं।

हालांकि, कई जागरूक महिलाओं ने समय रहते अपने परिवार के सदस्यों से जानकारी लेकर भुगतान करने से इनकार कर दिया। वहीं, ग्वालियर क्षेत्र में कुछ महिलाओं द्वारा क्यूआर कोड स्कैन कर पैसे भेजने की जानकारी भी सामने आई है। अधिकारियों का कहना है कि शिकायतों की संख्या कम होने के कारण ऐसे ठगों तक पहुंचना चुनौती बन रहा है।

प्रशासन को आशंका है कि यह फर्जीवाड़ा केवल एक क्षेत्र तक सीमित नहीं है, बल्कि अन्य जिलों में भी फैल सकता है। इसलिए सभी जिलों में महिलाओं को जागरूक करने और साइबर ठगी से बचने के लिए सतर्क रहने की सलाह दी जा रही है।

अधिकारियों ने स्पष्ट किया है कि लाड़ली बहना योजना में किसी भी प्रकार के पंजीयन, किस्त बढ़ाने या सरकारी प्रक्रिया पूरी करने के लिए व्हाट्सएप के माध्यम से पैसे जमा करने का कोई प्रावधान नहीं है। सरकार या विभाग की ओर से किसी लाभार्थी से क्यूआर कोड के जरिए भुगतान नहीं मांगा जाता।

प्रशासन ने महिलाओं से अपील की है कि यदि उन्हें इस तरह का कोई संदेश, कॉल या क्यूआर कोड प्राप्त होता है तो वे तुरंत भुगतान करने से बचें। किसी भी जानकारी की पुष्टि संबंधित विभाग, आधिकारिक वेबसाइट या साइबर पुलिस से जरूर करें। अधिकारियों ने कहा कि साइबर ठगी से बचने के लिए जागरूकता और सावधानी ही सबसे बड़ा उपाय है।

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